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मानसून के मोर्चे पर चिंता नहीं, इस साल होगी अच्छी बारिश

3 वर्ष पहले
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दिल्ली. किसानों के लिए अच्छी खबर है। मौसम विभाग ने लगातार तीसरे साल मानसून सामान्य रहने का अनुमान जताया है। विभाग के मुताबिक, इस साल जून से सितंबर के दौरान 97% बारिश की उम्मीद है। मानसून केरल के तट से कब टकराएगा, इसका अनुमान 15 मई को जारी किया जाएगा। इसके बाद दूसरे चरण के पूर्वानुमान जारी किए जाएंगे, इसमें जुलाई और अगस्त के बीच देश के विभिन्न क्षेत्रों में होने वाली बारिश का अनुमान जारी किया जाएगा। बता देें कि स्काईमेट ने भी इस साल मानसून सामान्य रहने और 100% बारिश की संभावना जाहिर की है। 

 

 

मानसून: पिछले 5 साल में अनुमान क्या था, असल में कितनी बारिश हुई

साल मौसम विभाग का अनुमान स्काईमेट का अनुमान वास्तविक बारिश
2013 98% 103% 106%
2014 96% 94% 88%
2015 93% 102% 86%
2016 106% 105% 97%
2017 98% 95% 95%

* मौसम विभाग के पूर्वानुमान के आंकड़ों में 5% एरर मार्जिन होता है।

5 सालों में 2015 में सबसे कमजोर रहा था मानसून

- पिछले 5 सालों में 2015 में मानसून सबसे कमजोर रहा, जब 14% कम बारिश हुई। 

 

- इससे पहले निजी एजेंसी स्काईमेट भी सामान्य मानसून का पूर्वानुमान जारी कर चुकी है। स्काईमेट के मुताबिक जून से सितंबर के दौरान 100% बारिश होगी। इस दौरान 887 मिमी बारिश का अनुमान जताया गया है। यह अनुमान 5% ऊपर-नीचे रह सकता है। बता दें कि 96% से 104% के बीच बारिश को सामान्य माना जाता है।  

 

2018 के लिए स्काईमेट के आंकड़े

 

 

बारिश  अनुमान 

सामान्य से अधिक (110% से ऊपर)

5%

सामान्य से अधिक (105-110%)

20% 

सामान्य (96-104%)

55%

 

 

इकोनॉमी पर मानसून का असर 

- सामान्य मानसून का सीधा असर ग्रामीण आबादी पर पड़ता है। मानसून सामान्य और अच्छा रहने से ग्रामीण इलाकों में लोगों की आय बढ़ती है, जिससे मांग में भी तेजी आती है। ग्रामीण इलाकों में आय बढ़ने से इंडस्ट्री को भी फायदा मिलता है। 

 

रिकॉर्ड पैदावार की उम्मीद

- सामान्य मानसून की उम्मीद से सरकार भी उत्साहित है। एग्रीकल्चर सेक्रेटरी एस के पटनायक ने कहा है कि, "देश का खाद्यान्न उत्पादन इस साल 277.49 मिलियन टन की रिकॉर्ड ऊंचाई के पार पहुंच सकता है। सामान्य मानसून खेती के साथ ही पूरी इकोनॉमी के लिए अच्छा है।" 

 

शेयर बाजार पर मानसून का असर

- मानसून और खपत आधारित सेक्टर में सीधा संबंध है। मानसून अच्छा रहता है तो कंजप्शन बेस्ड सेक्टर में मांग बढ़ेगी। ग्रामीणों की खरीद की क्षमता बढ़ने से कृषि उपकरण निर्माता, टू-व्हीलर्स और ट्रैक्टर निर्माता कंपनियों के साथ ही केमिकल्स, फर्टिलाइजर्स और एफएमसीजी कंपनियों की आय बढ़ने की उम्मीद है। 

अच्छे मानसून का फायदा फायदा बैंकों और फाइनेंशियल सेक्टर को भी मिलेगा। आय बढ़ने से इन सेक्टर में कारोबार बढ़ेगा जिससे इन सेक्टर्स की कंपनियों के शेयरों में तेजी आएगी जिससे पूरे शेयर बाजार को फायदा होगा।

- निवेशकों को पहले से ही अच्छे मानसून की उम्मीद थी। इसी वजह से सोमवार के कारोबार में इन सेक्टर्स की कई कंपनियों के शेयरों में तेजी रही।   

 

इन कंपनियों के शेयर चढ़े

 

 

कंपनी  शेयर प्राइस  बढ़त (प्रतिशत)
महिन्द्रा एंड महिन्द्रा 804 1.82
हीरो मोटोकॉर्प 3,807 2.18
बजाज ऑटो 2,837 1.82
वोल्टास  645.95 1.23
डाबर इंडिया 344 1.04
मैरिको 319.60 1.12
दीपक फर्टिलाइजर्स एंड पेट्रोकेमिकल्स 387 3.61

* अच्छे मानसून से जिन कंपनियों को फायदे की उम्मीद रहती है उनमें से कई कंपनियों के शेयरों में सोमवार को 1-3% तक तेजी रही जो कि आगे भी जारी रह सकती है। 

 

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