- Hindi News
- National
- Indore News Mp News Age 17 Is Born Cerebral Palsy More Than 60 Paintings Made With Fingers If I Could Not Hold The Brush
उम्र 17, जन्म से है सेरिब्रल पाल्सी; ब्रश नहीं पकड़ सका तो अंगुलियों से बना दी 60 से ज्यादा पेंटिंग्स
ये हैं 17 साल के तेजस ढाका। जन्म से सेरिब्रल पाल्सी से पीड़ित। जन्म के बाद 21 दिन कोमा में रहे। मस्तिष्क 7 वर्षीय बच्चे की तरह। इतनी कम उम्र में कई सर्जरी हो गई। ठीक से चल नहीं पाते। आम इंसान की तरह बोल नहीं पाते। कोई सामान ठीक से उठा नहीं पाते। फिर भी पेंटिंग बनाने का जुनून ऐसा कि 60 से ज्यादा पेंटिंग बना दी। ब्रश नहीं पकड़ पाते, इसलिए अंगुलियों की मदद से पेंटिंग बनाते हैं। इनकी बनाई 30 से ज्यादा पेंटिंग अब तक बिक चुकी हैं। लोग ऑर्डर देकर पेंटिंग बनवा रहे हैं। जगजीत सिंह व गुलाम अली की गजलें गाने का भी इन्हें शौक है। खजराना चौराहा निवासी बैंक ऑफ इंडिया के मुख्य प्रबंधक सुनील ढाका बताते हैं बेटा सर्जरी से हुआ। गर्भ नाल बच्चे के गले में लिपटा था। ऑक्सीजन की कमी से बेटा सेरिब्रल पाल्सी बीमारी से पीड़ित हो गया। डॉक्टर बोले बेटा बच भी गया तो जीवनभर बिस्तर पर ही रहेगा। ठीक से चल नहीं पाएगा और ठीक से बोल भी नहीं पाएगा। बेटे के जन्म के समय प|ी योगेश्वरी पीएचडी कर रही थी। पीएचडी छोड़ वह 24 घंटे बेटे की सेवा में लग गई। फीजियोथैरेपी, ऑक्यूपेशनल थैरेपी, स्पीच थैरेपी सहित जो भी इलाज संभव था, वह कराया। साढ़े चार साल की उम्र में बेटा धीरे-धीरे चलने लगा और कुछ-कुछ बोलने लगा। 7 साल की उम्र में मिर्गी के दौरे आने लगे।
तेजस को बचपन से रंगों की पहचान
तेजस को बचपन से ही जगजीत सिंह व गुलाम अली की गजलें गाने का भी शौक
मां योगेश्वरी कहती हैं बेटा बचपन से ही रंगों को अच्छी तरह पहचानता था। धीरे-धीरे उसका रुझान पेंटिंग की ओर बढ़ने लगा। हाथों में कड़कपन के कारण ब्रश पकड़ नहीं पाता है, इसलिए अंगुलियों, गत्ते के टुकड़े, कपड़े से पेंटिंग बनाता है। 2019 में दीपावली पर एक प्रदर्शनी में हिस्सा लिया तो 30 से ज्यादा पेंटिंग बिक गईं। अब लोग घर आकर ऑर्डर देकर बेटे से पेंटिंग बनवा रहे हैं।