अफसर बोले, अब वाहन उठाना कम कर दिया**
डीबी स्टार ने अलग-अलग इलाकों का दौरा किया। इन क्षेत्रों में सैकड़ों पुराने वाहन सड़क किनारे खड़े पाए गए। केसरबाग ओवरब्रिज के पास मोबाइल फूड वैन खड़ी मिली। यह ब्रिज के उद्घाटन के पहले से खड़ी हुई है। दो साल पहले भी अभियान के दौरान इसे नहीं हटाया गया। अन्नपूर्णा रोड से नरेंद्र तिवारी मार्ग पर डेढ़ साल से तीन-चार पुराने वाहन खड़े हैं। वीर सावरकर फ्रूट मार्केट के पीछे वाली सड़क के किनारे दस से ज्यादा पुराने वाहन खड़े हैं। इन वाहनों की वजह से लोगों को आने-जाने में परेशानी हो रही है। इसी तरह हुकुमचंद घंटाघर की दीवार के पास फुटपाथ पर खड़े कबाड़ दोपहिया वाहन शहर की सुंदरता बिगाड़ रहे हैं। कुछ माह पहले ही नगर निगम ने सुंदरता बढ़ाने के लिए दीवारों पर पेटिंग बनवाई थी।
सड़कों के किनारे वर्षों से खड़े ये कबाड़ वाहन शहर की स्वच्छ छवि पर धब्बा तो लगा ही रहे हैं, इनसे लोगों के लिए भी खतरा है। इन वाहनों में जहरीले जीव-जंतुओं ने घर बना लिया है। वीर सावरकर मार्केट के पीछे खड़े वाहनों से आए दिन सांप-बिच्छू निकलते हैं। यहां रहने वाले हीरालाल प्रजापति बताते हैं कि पिछले सप्ताह उन्होंने कबाड़ लोडिंग वाहन से सांप निकलते देखा था। दो दिन बाद सांप पड़ोसी के घर में घुस गया। इसी तरह लोगों ने मोबाइल फूड वैन के आसपास भी सांप-बिच्छू निकलते देखे हैं।
महेंद्रसिंह चौहान
उपायुक्त रिमूवल विभाग
कबाड़ वाहन से... पेज 1 से जारी**
जिन इलाकों से शिकायत मिलती है, वहां कार्रवाई कर देते हैं
सीधी
बात **
{नगर निगम ने शहर की सड़कों से पुराने वाहन उठाना बंद क्यों कर दिया है, इससे शहर की स्वच्छ छवि खराब हो रही है?
-पुराने वाहन उठाना बंद नहीं किया है। पहले से कम कर दिया गया है।
{लेकिन आपकी टीम के लोग ही कह रहे हैं कि वाहन उठाना बंद कर दिया है?
-इस काम के लिए तैनात किए गए लोगों को रिमूवल की नियमित कार्रवाई में लगा दिया है। वाहन तो अब भी उठाते हैं।
{यदि ऐसा है तो शहर की सड़कों पर पुराने वाहन धूल खाते क्यों नजर आते हैं?
-हमेें जिन इलाकों से शिकायत मिलती है, वहां कार्रवाई कर देते हैं।
{कोई शिकायत नहीं करेगा तो क्या पुराने वाहन नहीं उठाए जाएंगे?
-पहले हम यह देखेंगे कि वाहन सड़क पर कितने समय से रखा हुआ है और उसे वहां क्यों रखा गया है।
हुकुमचंद घंटाघर की बाउंड्रीवॉल
केसरबाग ओवरब्रिज के पास