अब तक 170 अवैध पीजी चलाने वालों को दिए जा चुके हैं नोटिस
यूटी चंडीगढ़ में अवैध पीजी के कारोबार को पूरी तरह से कंट्रोल किया जाएगा इसके लिए लगातार अलग-अलग सेक्टरों में चेकिंग की जा रही है जिसमें जिस घर में भी अवैध बिजी चलाए जा रहे हैं उनको मिस यूज के नोटिस दिए जा रहे हैं वहीं दूसरी तरफ कार्रवाई से बचने के लिए लोगों ने जहां अपने घरों में चल रहे पेइंग गेस्ट को खाली करवा दिया है वही कई लोग आप अपने घरों में पीजी चलाने के लिए अप्लाई भी कर रहे हैं अभी तक स्टेट ऑफिस में करीब 60 एप्लीकेशन लोगों की आई है जिन्होंने घरों में पीजी चलाने की परमिशन मांगी है स्टेट ऑफिस की तरफ से अभी तक करीब 30 लोगों को पीजी चलाने की प्रोविजनल मंजूरी दी है दरअसल करीब 2 हफ्ते पहले इसी तरह के एक अवैध पीजी जो सेक्टर 32 के एक मकान में चलाया जा रहा था वहां आग लगने के चलते दर्दनाक हादसे में 3 युवकों की मौत हो गई थी इस घटना के बाद तीन अलग-अलग टीमें सब डिविजनल मजिस्ट्रेट की प्रमुखता में बनाई गई थी क्यों अपने अपने एरिया में चेकिंग कर रही है लकी अफसरों की मानें तो जो भी अवैध पीजी अब मिल भी रहे वहां पर या तो बच्चों को बाहर निकाल दिया गया है या फिर उनको टाइम दिया गया है कि वह उस टाइम तक कमरे खाली कर दे इससे पहले तक चंडीगढ़ में सिर्फ 23 पीजी ही स्टेट ऑफिस से रजिस्टर्ड थे जबकि अब 30 और पीजी को मंजूरी मिली है जबकि बाकियों को प्रोविजनल मंजूरी मिल जाएगी अभी तक करीब ढाई सौ से ज्यादा घरों में चेकिंग हो चुकी है जिसमें से करीब 170 अवैध को लेकर हाउस ओनर्स को नोटिस जा चुके हैं अफसरों के मुताबिक यह चेकिंग कम सर्वे पूरे शहर में पूरा किया जाएगा और जहां भी अवैध तरीके से बिजी चल रहे हैं वहां पर कार्रवाई होगी इसके अलावा बाहर से आने वाले बच्चों के लिए रहने के लिए पर्याप्त जगह हो इसके लिए नए कैटागिरी के हॉस्टल बनाए जाने को लेकर भी प्लानिंग की जा रही है जिसमें लोगो को अपने घर को हॉस्टल के तौर पर रेंट पर देने और गांव में चल रहे होटलों को भी हॉस्टल के तौर पर कन्वर्ट करने को लेकर मंजूरी मिल सकती है