नगर निगम क्षेत्र में नक्शे पास न होने से लोग परेशान
पिंजौर। पिंजौर कस्बे को 1996 में नगरपालिका का दर्जा मिला था। उस समय केवल पुराना पिंजौर ही विकसित था। इन 24 वर्षों में पिंजौर को नगर निगम का भी दर्जा मिल गया। इस दौरान पुराने पिंजौर के अलावा आसपास का क्षेत्र भी विकसित हो गया। सरकार ने पिंजौर व कालका शहरो में नगरपालिकाओं को नगर निगम में शामिल कर दिया इसके लिए पालिकाओं के आसपास का क्षेत्र व दर्जनों गांवों को भी निगम के अंतर्गत ले लिया। जिनमें दर्जनों कालोनियां भी आ गई। इन दर्जनों कालोनियों के साथ पुराने पिंजौर से ज्यादा आसपास का नया पिंजौर विकसित हो गया। जहां पर आम लोगो के बजट के हिसाब से मकान बनाना आसान था। परन्तु नगर निगम द्वारा निगम क्षेत्र में शहर की कई जगहों पर नक्शे पास नही किए जा रहे जिस कारण लोगो बड़ी परेशानी हो रही है।