--Advertisement--

शुक्र से जुड़ी हर परेशानी को दूर कर सकती है इस पेड़ की जड़

गूलर का पेड़ शुक्र ग्रह से संबंधित होता है। इस पेड़ की जड़ से हम शुक्र के बुरे असर को कंट्रोल कर सकते हैं।

Danik Bhaskar | Jun 21, 2018, 06:22 PM IST

रिलिजन डेस्क। ज्योतिष में शुक्र को विलासिता का ग्रह माना गया है। अगर कुंडली में शुक्र की स्थिति अच्छी हो तो इंसान को हर तरह से सुख मिलता है, उसका धन अक्सर महंगी चीजों पर खर्च होता है। ऐसे लोगों के रिलेशंस भी कई होते हैं। इसके विपरीत अगर कुंडली में शुक्र की स्थिति खराब हो तो उसके जीवन में काफी संघर्ष होता है। पैसों की कमी, संबंधों में कड़वाहट, जीवन में प्रेम का अभाव, गुप्त रोग और शुगर जैसी बीमारियां भी होती हैं। गूलर का पेड़ शुक्र ग्रह से संबंधित होता है। इस पेड़ की जड़ से हम शुक्र के बुरे असर को कंट्रोल कर सकते हैं।

उज्जैन के ज्योतिषाचार्य पं. एस.के. त्रिपाठी के मुताबिक शुक्र को ठीक करने के लिए कई उपाय हैं। ग्रहों की कुंडली में उनकी स्थिति के अनुसार उपाय तो तभी बताए जा सकते हैं जब कुंडली को व्यक्तिगत रुप से देखा जाए, लेकिन कुछ उपाय ऐसे हैं जो बिना कुंडली के भी किए जा सकते हैं। इनका कोई साइड इफेक्ट नहीं होता। अगर ग्रहों से जुड़े पेड़-पौधों के उपाय किए जाएं तो ये काफी कारगर साबित होते हैं, साथ ही इनका कोई बुरा प्रभाव भी नहीं होता। शुक्र ग्रह का कारक पेड़ गूलर होता है। गूलर की लकड़ियां, फूल और जड़ तीनों शुक्र के दोष को कम करने में काम आती हैं।

ऐसे कर सकते हैं शुक्र के बुरे प्रभाव का निदान

1 . गुरुवार शाम को गूलर की जड़ का टुकड़ा लेकर आएं। उसे कच्चे दूध और गंगाजल से धोकर अच्छे से साफ कर लें।

2 . फिर उस जड़ की कुंकुम-चावल आदि से पूजा करके भगवान के मंदिर में रख दें।

3 . शुक्रवार सुबह नहाने के बाद 108 बार ऊँ शं शुक्राय नमः मंत्र का जाप करें।

4 . उस जड़ के टुकड़े को चांदी के लॉकेट में डाल कर चांदी की चेन में पहन लें। इससे शुक्र के कारण जीवन में आ रही परेशानियों से काफी हद तक राहत मिल जाएगी।

5 . अगर लॉकेट ना पहनना चाहें तो किसी शुक्रवार की शाम गूलर की लकड़ियों से ऊँ शं शुक्राय नमः मंत्र के साथ हवन करें।

6 . किसी बगीचे में गूलर का पेड़ लगाएं। उसकी सुरक्षा करें।

Related Stories