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भागलपुर जेल में बंद रंजीत का शार्प शूटर पवन चौधरी हथियार के साथ गिरफ्तार

3 वर्ष पहले
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पटना/आरा.   हत्या व रंगदारी समेत 20 संगीन मामलों में फरार चल रहे आरा के बेलाउर निवासी पवन चौधरी को पुलिस की टीम ने गिरफ्तार कर लिया। पवन भागलपुर जेल में बंद कुख्यात रंजीत चौधरी का शार्प शूटर है। बिहटा और आसपास के कारोबारियों से वह लगातार रंगदारी मांग रहा था। भोजपुर के एसपी अवकाश कुमार ने पवन को गिरफ्तार करने की पुष्टि करते हुए दावा किया कि उसे उदवंतनगर थाना क्षेत्र के बेलाउर से पकड़ा गया है पर सूत्रों का कहना है कि उसे यूपी के बरेली के पास उत्तराखंड की सीमा से दबोचा गया। वह बच्चे और पत्नी के साथ वहीं छिपकर रह रहा था। पुलिस उसकी पत्नी और बच्चे को भी  साथ ले आई है।

 

भोजपुर एसपी के अनुसार पुलिस ने उसके पास से एक पिस्टल, एक देसी कट्टा और तीन जिंदा कारतूस बरामद किया है। इधर, उसकी गिरफ्तारी  होने पर पटना पुलिस की एक टीम उससे पूछताछ करने आरा गई थी। पटना एसएसपी मनु महाराज ने बताया कि उसे रिमांड पर लेकर पूछताछ की जाएगी।

कई सफेदपोश भी घेरे में

भोजपुर एसपी ने बुधवार को प्रेस कांफ्रेंस कर बताया कि पवन चौधरी की पहले ही गिरफ्तार कर लेते पर कई ऐसे सफेदपोश लोग हैं जो उसे संरक्षण देने के साथ जानकारी दे रहे थे।  जिसकी वजह से सीरियल किलर पवन चौधरी बार-बार ठिकाना बदलता रहा। एसपी ने कहा कि जो लोग संरक्षण देकर अपने अड्डे पर रखते थे, उन्हें बख्शा नहीं जाएगा। कई  ऐसे कम उम्र के स्कूल एवम कॉलेज के छात्र हैं जो पवन चौधरी के बराबर संपर्क  में रहते हैं।

 

संभाली थी गैंग की कमान
करीब 8 महीने पहले औरंगाबाद से रंजीत चौधरी को पटना पुलिस ने गिरफ्तार किया था। उसके गिरफ्तार होने के बाद पवन ने गिरोह की कमान संभाल रखी है। उसने गिरोह के अभिषेक नीरज व मुन्ना चौधरी के साथ मिलकर ताबड़तोड़ आपराधिक घटनाओं को अंजाम देकर पुलिस की नींद हराम कर दी थी। अपने विरोधियों को गोलियों से भूनने व रंगदारी के लिए फायरिंग कर दहशत फैलाने में पवन  माहिर है। भोजपुर के चांदी इलाके में एक रिटायर फौजी पृथ्वीनाथ शर्मा को गोलियों से भून डाला था। 

 

टीम होगी पुरस्कृत:  एसपी 
एसपी आकाश कुमार ने बताया  पवन की गिरफ्तारी के लिए डीआईयू प्रभारी राजीव कुमार, डीआईयू के धनंजय कुमार, सूर्य नगर के थानाध्यक्ष राजीव रंजन, डीआईयू के सिपाही शिवकुमार, पप्पू कुमार, ओमप्रकाश एवं रविंद्र तथा चंद्र मोहन को लगाया गया था। टीम को पुरस्कृत किया जाएगा।

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