पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

छठी की छात्रा ने पुलिस से लगाई गुहार, मुझे मेरे पिता से बचाइए, वे मुझे मार डालेंगे

3 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक

भागलपुर (बिहार). बेटी के जन्म पर 12 साल पहले सिर पीटने वाला पिता पर ऐसी हैवानियत सवार हुई कि उसने बेटी की हत्या की तैयारी कर ली। गुरुवार शाम वो उसके नाना के घर पहुंचकर हमला करने आ गया। छठीं कक्षा में पढ़ने वाली विद्या रानी ने हिम्मत दिखाई और डटकर मुकाबला किया। उसने नाना और पड़ोसियों के साथ मिलकर पिता को खदेड़ा और थाने में केस दर्ज करवाया। विद्या ने पुलिस से गुहार लगाई कि सर..मुझे मेरे पिता से बचाएं।  बेटी को जन्म पर पटका था, अब 12 साल बाद उसकी जान का बना दुश्मन...

 

 

- माउंट कार्मेल स्कूल में छठीं की छात्रा विद्या ने बताया, अरवल निवासी उसके पिता पवन कुमार 15 दिन से उसका अपहरण करने के लिए सुबह-शाम स्कूल के बाहर चक्कर काट रहा था।

- गुरुवार शाम उसके घर तक पहुंचा और हमला कर दिया। विद्या ने शोर मचाया और उसके नाना सामने आ गए।

- फिर दोनों की आवाज सुनकर पार्षद हंसल सिंह और पड़ोसियों ने पवन को खदेड़कर पकड़ने की कोशिश की। लेकिन वह भाग खड़ा हुआ।

- उसने पवन के खिलाफ हत्या की नीयत से हमला करवाने और किडनैप करने की कोशिश की शुक्रवार को शिकायत दर्ज करवाई है।

- विद्या ने तिलकामांझी थाने में आवेदन देकर सुरक्षा की गुहार लगाई। उसने लिखा है कि मेरे पिता हमेशा स्कूल और घर के बाहर कुछ लोगों के साथ खड़े रहते हैं।

- मुझे उन लोगों से काफी डर लगता है, वे मुझे कभी भी किडनैप कर लेंगे। मैं भयमुक्त वातावरण में पढ़ना चाहती हूं। मेरी मदद करें। 

 

बेटी ने जीते हैं कई अवाॅर्ड 
विद्या को बिहार दिवस, एग्रीकल्चर विश्वविद्यालय, ओलंपियाड समेत कई प्रतियोगिताओं में बिहार स्तर पर अवॉर्ड मिल चुका है। वह साल भी पैसे जमा करके अपने जन्म दिन पर हर वर्ष बरारी पुल घाट पर गरीबों को कपड़ा बांटती है। 

 

मुझे पटककर मारने की कोशिश की, मां को भी छोड़ा 
- विद्या को जन्म के साथ ही उसके पिता ने उसे पटककर मारने की कोशिश की थी। विद्या की गले के नीचे की हड्डी उस चोट की वजह से हमेशा के लिए खराब हो गई।

- उसने अपनी पत्नी को बेटी को जन्म देने देने पर छोड़ दिया। विद्या ने बताया, तब से वह भागलपुर में ही अपने नाना के साथ रहने लगी।

- पिता को केवल फोटो में ही देखा था। विद्या ने बताया कि चार साल पहले उसके पिता उसे छीनने आए थे, तब पुलिस की डांट फटकार के बाद वे भाग गए।

- तब उसने पहली बार पिता को सामने देखा था। अब चार साल बाद दोबारा उसके पिता पवन कुमार उससे मिलने स्कूल पहुंचा। उसे वहां देखकर वह रोने लगी।

- पिता ने कुछ लोगों के साथ उसका पीछा भी किया। कई बार स्कूल में भी घुसने की कोशिश की तो प्राचार्य ने उसे डांट फटकार कर भगाया।

- दो दिन पहले पवन विद्या के घर पहुंचा और उसके नाना से उसकी एक फोटो मांगी। उसने कहा कि फोटो लेकर वह शहर से चला जाएगा।

- मगर इसके बाद वह कुछ लोगों को लेकर विद्या के घर के बाहर खड़ा रहने लगा। उसने विद्या पर दो बार हमला भी किया।