--Advertisement--

इस रविवार श्रीगणेश को लगाएं गुड़-चने का भोग, दूर हो सकती हैं परेशानियां

भगवान श्रीगणेश को प्रसन्न करने के लिए प्रत्येक मास की शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि को व्रत किया जाता है, इसे विनायकी चतुर्

Danik Bhaskar | Jun 15, 2018, 05:00 PM IST

रिलिजन डेस्क। भगवान श्रीगणेश को प्रसन्न करने के लिए प्रत्येक मास की शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि को व्रत किया जाता है, इसे विनायकी चतुर्थी व्रत कहते हैं। इस बार यह व्रत 17 जून, रविवार को है। यह व्रत इस प्रकार करें-


पूजन विधि
- रविवार की सुबह स्नान आदि करने के बाद सोने, चांदी, तांबे, पीतल या मिट्टी से बनी भगवान श्रीगणेश की प्रतिमा लाल रंग के कपड़े पर स्थापित करें।
- श्रीगणेश की मूर्ति पर सिंदूर, अबीर, गुलाल, चावल, कुंकुम आदि चीजें चढ़ाएं। गणेश मंत्र (ऊं गं गणपतयै नम:) बोलते हुए दूर्वा अर्पित करें और शुद्ध घी का दीपक भी लगाएं।
- गुड़ या बूंदी के 21 लड्डुओं का भोग लगाएं। इनमें से 5 लड्डू मूर्ति के पास रख दें तथा 5 ब्राह्मण को दान कर दें। शेष लड्डू प्रसाद के रूप में बांट दें।
- पूजा में श्रीगणेश स्त्रोत, अथर्वशीर्ष, संकटनाशक स्त्रोत आदि का पाठ करें। ब्राह्मणों को भोजन कराएं और उन्हें दक्षिणा देने करने के बाद शाम को स्वयं भोजन करें।
- इस व्रत का आस्था और श्रद्धा से पालन करने पर भगवान श्रीगणेश की कृपा से हर इच्छा पूरी हो सकती है और जीवन में निरंतर सफलता प्राप्त होती है।


उपाय
अगर कोई व्यक्ति इस तरह विधि-विधान से श्रीगणेश की पूजा न कर पाए तो गणेश मंदिर जाकर गुड़-चने का भोग लगाने से भी उसकी हर मनोकामना पूरी हो सकती है और परेशानियां भी दूर हो सकती हैं।