फैक्ट चेक / एनआरसी के नाम पर फैलाया जा रहा झूठ, वैध नागरिकों को देश में कहीं भी बसने का अधिकार



No Fake News About National Register of Citizens, AAP Members Spread Rumors About NRC
X
No Fake News About National Register of Citizens, AAP Members Spread Rumors About NRC

  • क्या वायरल : दिल्ली में एनआरसी लागू हुआ तो यूपी, बिहार के नागरिकों को राजधानी छोड़नी होगी
  • क्या सच : एनआरसी के तहत सिर्फ अवैध विदेशी नागरिकों को किया जा रहा है देश से बाहर, वैध नागरिकों को देश में कहीं भी बसने की स्वतंत्रता

Dainik Bhaskar

Sep 29, 2019, 11:36 AM IST

फैक्ट चेक डेस्क. असम में राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (एनआरसी) का दूसरा और अंतिम ड्राफ्ट प्रकाशित होने के बाद से ही यह चर्चा में बना हुआ है। इसके तहत राज्य में अवैध रूप से रह रहे 40 लाख लोगों को नागरिकता सूची से बाहर कर दिया गया है। इस सूची के आने के बाद से ही तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं आ रही हैं। हाल ही में दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि, यदि दिल्ली में एनआरसी लागू होता है तो बिहार में जन्मे बीजेपी सांसद मनोज तिवारी ऐसे पहले शख्स होंगे, जिन्हें दिल्ली छोड़नी होगी। 

 

  • आप के सांसद संजय सिंह ने भी कहा कि, बीजेपी एनआरसी के नाम पर अराजकता फैला रही है। इसमें कई विसंगतियां हैं। राज्य इसके साथ आगे नहीं जा सकता। यदि यह उप्र में लागू होता तो मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को उत्तराखंड जाना पड़ता।
  • इसी तरह आप के विधायक सौरभ भारद्वाज ने कहा कि, उत्तरप्रदेश, राजस्थान, ओडिशा और बिहार से लोग दिल्ली रोजगार के लिए आते हैं। दिल्ली के विकास में बराबर के भागीदार हैं। वो चोर नहीं हैं। अगर दिल्ली में एनआरसी लागू होगा तो इन सबको दिल्ली छोड़कर जाना होगा। आप इनके खिलाफ क्यों हैं।

 

  • एक पाठक ने हमें एनआरसी की सच्चाई बताने की अपील की। पड़ताल में पता चला कि एनआरसी सिर्फ देश में अवैध रूप से बसे लोगों को बाहर करता है। देश के वैध नागरिकों को पूरे देश में कहीं भी रहने की स्वतंत्रता है।

 

क्या है एनआरसी?

  • राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (एनआरसी) एक ऐसा रजिस्टर है, जो भारत में रहने वाले सभी वैध नागरिकों की पहचान करता है। अभी इसे सिर्फ असम में लागू किया गया है। इसे लागू करने का मकसद देश में अवैध रूप से बसने वाले लोगों को बाहर करना है। असम में बड़ी संख्या में बांग्लादेशियों के बसने की बात सामने आई है।
  • आप पार्टी एनआरसी को लेकर अफवाह उड़ा रही है। इसमें दावा किया जा रहा है कि दिल्ली में एनआरसी लागू होता है तो यहां रहने वाले दूसरे राज्यों के लोगों को राजधानी छोड़कर जाना होगा। जबकि एनआरसी यदि पूरे देश में भी लागू होता है तो सिर्फ अवैध अप्रवासियों को ही बाहर जाना होगा। भारत का कोई भी नागरिक किसी भी राज्य में रह सकता है। 

क्या कहता है संविधान

  • आर्टिकल 19(1)(ए) के अनुसार, एक भारतीय नागरिक को संविधान देश के किसी भी राज्य में रहने की स्वतंत्रता देता है। हालांकि भारत के किसी भी हिस्से में निवास करने और बसने की स्वतंत्रता पर कुछ उचित प्रतिबंध हैं। इस तरह का समझौता आम जनता के हितों और किसी अनुसूचित जनजाति के हितों के संरक्षण में होना चाहिए।
  • पूरी पड़ताल से यह स्पष्ट होता है कि यदि दिल्ली में एनआरसी लागू भी होता है तो देश के वैध नागरिकों को राज्य छोड़कर नहीं जाना होगा, भले ही वो किसी दूसरे राज्य के हों। एनआरसी में सिर्फ अवैध अप्रवासियों को देश से बाहर निकालने का प्रावधान है। देश के वैध नागरिकों को देश में कहीं भी बसने की आजादी है।
COMMENT

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना