- क्या वायरल : एक वीडियो क्लिप वायरल हो रही है। दावा है कि, बीजेपी के 88 सांसदों ने राजनाथ सिंह से मिलकर एनआरसी-कैब को वापस लेने की अपील की
- क्या सच : वायरल वीडियो अगस्त 2018 का है। तब विधायकों ने एससी-एसटी एक्ट के खिलाफ प्रदर्शन किया था और सिंह से मुलाकात की थी। एनआरसी-कैब वाला दावा झूठा है
Dainik Bhaskar
Jan 09, 2020, 06:51 PM ISTफैक्ट चेक डेस्क. सोशल मीडिया पर दावा किया जा रहा है कि बीजेपी के 88 सांसद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से मिले और एनआरसी-कैब को वापस लेने की अपील की। दैनिक भास्कर मोबाइल ऐप के एक पाठक ने हमें यह वायरल दावा पुष्टि के लिए भेजा। पड़ताल में दावा गलत निकला।
क्या वायरल
- ट्विटर पर बहुत सारे यूजर्स एक वीडियो क्लिप शेयर कर रहे हैं। इसमें राजनाथ सिंह कई लोगों के बीच में खड़े नजर आ रहे हैं। वीडियो में सुनाई दे रहे ऑडियो में एक व्यक्ति उनसे कहता नजर आ रहा है कि, 75 परसेंट जनता नाराज हो रही है...आपको मैं बहुत जानता हूं...आज मैं आपसे भीख मांग रहा हूं।
- इसी बीच कोई कहता है कि यह पीढ़ीयों के साथ गलत हो जाएगा। लोग कोसेंगे हमको।
No media is ready to show this, 88 MP from BJP has met Rajnath Singh and requested to take back NRC and CAB pic.twitter.com/fEUdRHrkS6
— Nehal latifi (@Nehal52523082) January 9, 2020
- इस क्लिप को शेयर करते हुए यूजर्स लिख रहे हैं कि, 88 सांसदों ने राजनाथा सिंह से हाथ जोड़कर एनआरसी-कैब-एनपीआर को लागू न करने की अपील की।
No media is ready to show this, 88 MP from BJP has met Rajnath Singh and requested to take back #NRC and #CAA @Shehla_Rashid @asadowaisi @Badtameez_01 @SaniaAhmad1111 @Ssaniya25 pic.twitter.com/uoAtnkizFb
— Hashmath (@Hashmat79549800) January 8, 2020
क्या है सच्चाई
- रिवर्स इमेज सर्चिंग से पता चला कि वायरल वीडियो यूट्यूब और फेसबुक पर 2018 से ही उपलब्ध है।
- 1 सितंबर 2018 को यूट्यूब पर अपलोड इस वीडियो के मुताबिक, एससी/एसटी एक्ट के खिलाफ बीजेपी विधायक राजनाथ सिंह से मिले थे और इन्हें अपना इस्तीफा सौंपा था।
- फेसबुक पर 11 अगस्त 2018 को यह वीडियो अपलोड किया गया। इसमें भी बताया गया है कि इसमें नजर आ रहे लोग एससी, एसटी एक्ट के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे थे।
निष्कर्ष : पड़ताल से स्पष्ट होता है कि वीडियो 20118 का है और इसका एनआरसी या कैब से कोई संबंध नहीं। बीजेपी सांसदों का राजनाथ सिंह से मिलने का दावा झूठा है।
