खन्ना पेपर मिल के संस्थापक बृज मोहन ने 57 हजार करोड़ की फर्म बनाई, अब अपनी ही प्रॉपर्टी में घुसने की अनुमति नहीं
अमृतसर में पत्नी रेनू और वकील के साथ मीडिया से बात करते खन्ना पेपर मिल के संस्थापक बृज मोहन खन्ना।
- देश की जानी-मानी खन्ना पेपर मिल के मालिक ने 2013 में दो बेटों को दे दिए थे 68 प्रतिशत शेयर
- आरोप-लालच के कारण मिल में नहीं घुसने देते बेटे, हाईकोर्ट में चल रहे केस की सुनवाई 20 अप्रैल को
अमृतसर. ''लोग अपनी औलादों को इतनी ताकत न दें, कि वो खून के आंसू रुलाने लग जाए'', यह बात देश की जानी- मानी खन्ना पेपर मिल के संस्थापक बृजमोहन खन्ना ने कही है। वे अपने बेटों से कंपनी के अधिकारों की लड़ाई लड़ रहे हैं। शेयरों की वजह से मिल के संस्थापक ने अपने बेटों की एंट्री बैन कर दी है। उन्होंने कहा कि थाना सदर पुलिस थाने में इससे संबंधित शिकायत दर्ज कराई थी, लेकिन अबतक कोई कार्रवाई नहीं की गई। हालांकि यह मामला हाईकोर्ट में विचाराधीन है। अहम पहलू...
- खन्ना पेपर मिल के संस्थापक बृज मोहन खन्ना ने बताया कि उन्होंने साल 1965 में केवल 10 हजार रुपए से बिजनेस शुरु किया था।
- 50 साल कड़ी मेहनत करके बिजनेस को खड़ा किया। वर्तमान में कंपनी की कीमत 57000 करोड़ रुपए टर्न ओवर पहुंच चुकी है।
- साल 2013 में उन्होंने अपने दोनों बेटों सौरभ खन्ना और राहुल खन्ना को 68 प्रतिशत शेयर दिए थे। हाथ में अधिक पावर आने के बाद लालच बढ़ गया तो दोनों ने अपने माता-पिता (बृज मोहन खन्ना और रेनू ) को परेशान करना शुरू कर दिया।
- निचली अदालत में केस हार जाने के बाद हाईकोर्ट में सीनियर सिटीजन एक्ट के तहत 36 प्रतिशत शेयर वापस दिलाने की मांग रखी है। केस की अगली सुनवाई 20 अप्रैल 2020 को होनी है।
- पिछले शुक्रवार जब बृज मोहन खन्ना मिल में पहुंचे तो मेन गेट पर तैनात कर्मचारी ने रोक दिया। अगले दिन फिर वही घटनाक्रम घटा।
- कर्मचारी ने होली के बाद आने को बोला तो उन्होंने कहा कि वह अभी भी 32 प्रतिशत शेयर के मालिक हैं, उन्हें मिल में जाने से रोका नहीं जा सकता।
- बृज मोहन के मुताबिक उन्होंने इसकी शिकायत थाना सदर में की, लेकिन पुलिस ने अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की है।
- शुक्रवार को पुलिस कमिश्नर डॉ. सुखचैन सिंह गिल से मुलाकात कर न्याय दिलाने की मांग की।
- खन्ना ने बाकी लोगों से अपील की कि जीते-जी अपने बेटों के हाथों में इतनी पावर न दो कि वह आपको खून के आंसू रुलाने लग जाएं।