• Hindi News
  • Local
  • Punjab
  • Bathinda
  • Bathinda News 10 days after getting allotment the grain is still in the warehouse it will not be able to distribute till the end of lockdown

एलोकेशन मिलने के 10 दिन बाद भी गोदाम में पड़ा है अनाज, लॉकडाउन खत्म होने तक भी नहीं बंट पाएगा

Bathinda News - लॉकडाउन से रोजी-रोटी को मोहताज हुए लोगों को अभी भी सरकार की ओर से घोषित राशन व अनाज नहीं मिला। प्रदेश व केंद्र...

Apr 08, 2020, 07:35 AM IST

लॉकडाउन से रोजी-रोटी को मोहताज हुए लोगों को अभी भी सरकार की ओर से घोषित राशन व अनाज नहीं मिला। प्रदेश व केंद्र सरकार की ओर से प्रत्येक जरूरतमंद की सहायता के एलान से लोग उम्मीद लगाए बैठे हैं लेकिन घोषणा के 10 दिन बाद तक भी उनके घर तक राशन पहुंचने के आसार बनते दिखाई नहीं दे रहे। हालांकि सरकार के आॅर्डर के मुताबिक 4 से 5 दिन में लाभपात्रियों तक अनाज पहुंचाने के कड़े निर्देश हैं लेकिन हालात ये हैं कि अभी तक राशन की पैकिंग चल रही है जबकि अतिरिक्त अनाज के लाभपात्रियों की अभी सूची भी फाइनल नहीं हुई है।

जरूरतमंदों की अभी तक नहीं बनी सूची

केंद्र की ओर से सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को 30 मार्च को पत्र जारी करके नेशनल फूड सिक्योरिटी एक्ट के तहत मंथली एलोकेशन के साथ अतिरिक्त आबंटन को भी निर्धारित समय में उठाने की हिदायत दी। हअभी तक तक जिले में इस श्रेणी में आते लोगों की सूचियां ही बन रही हैं और जिसका पूरा होने में एक सप्ताह तक का वक्त लगने का अंदेशा है। अनाज के 15 अप्रैल से वितरण के आसार नहीं हैं। सरकार की ओर से पब्लिक डिस्ट्रीब्यूशन सिस्टम में अंत्योदय अन्न योजना (एएवाई) तथा प्रायोरिटी हाउस होल्ड (पीएचएच) के अधीन आते देश की लगभग दो तिहाई आबादी यानी 80 करोड़ 85 लाख 7900 लोगों को 3 महीने का राशन देने की घोषणा की है।

आटा, दालें व चीनी का जिलास्तर पर प्रबंध

सरकार की ओर से खाद्य आपूर्ति विभाग के तमाम जिला कंट्रोलर को अपने जिले के लाभपात्रियों की संख्या के अनुपात में राशन के पैकेट तैयार करने की हिदायत जारी की गई। अपने जिले के अंतर्गत आटा चक्कियों से अनुबंध करके 240 रुपए प्रति किलो आटा खरीद के निर्देशानुसार रामां व गोनियाना से 10 किलो की आटा पैकिंग करवाई गई जबकि प्रत्येक लाभपात्री के लिए दो किलो चीनी का प्रबंध फाजिल्का शूगर फैक्ट्री से प्रबंध किया जिसकी अदायगी शूगर फेड को मुख्य दफ्तर स्तर से होगी। वहीं दालों का प्रबंधन नैफेड की ओर से करते हुए करियाना व्यापारियों से तालमेल करके 37 रुपए प्रति किलो के हिसाब से चना दाल व 50 रुपए प्रति किलो के हिसाब से काला चना खरीदा।

मैनेज करने में थोड़ा वक्त लगता है


पंजाब में 10 लाख पैकेट बांटे जाएंगे जबकि जिला बठिंडा में 50 हजार मजदूरों को राहत सामग्री मिलेगी। सरकार की ओर से 28 मार्च को पत्र जारी करके खाद्य आपूर्ति विभाग को आगामी 4-5 दिन में लाभपात्रियों तक पहुंचाने की हिदायत दी गई। वास्तविकता यह है कि 10 दिन बाद तक राशन की पैकिंग चल रही है, इसकी वजह है तरनतारन व नालागढ़ से पैकिंग मैटीरियल का देरी से पहुंचना बताया जा रहा है क्योंकि एक साथ दस लाख राशन बैग पर मुख्यमंत्री की फोटो प्रिंट करने में वक्त लग रहा है। जिले के अधीन आते बठिंडा समेत 6 ब्लॉकों में 8500-8500 बैग एसडीएम की देखरेख में वितरित होंगे। फिलहाल रामपुरा, तलवंडी, मौड़ आदि ब्लॉक में आधी-आधी सप्लाई दी गई है जबकि आगामी दो-तीन दिन कोटा पूरा होगा। वहीं बठिंडा शहरी में निगम राशन बांटेगा जोकि अभी तक उठाया नहीं है।


मजदूरों को सूखे राशन के 10 लाख पैकेट बांटे जाएंगे

अव्यवस्था : 4 से 5 दिन में लाभपात्रियों तक अनाज पहुंचाने के निर्देश लेकिन अभी तक पैकिंग ही चल रही

मानसा रोड पर स्थित ग्रोथ सेंटर मंे गोदाम मे रखा राशन।

X

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना