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रिश्वत लेने का आरोप लगा तहसीलदार के सेवादार को पीटा, तलाशी ली तो सेवादार की जेब से निकले 410 रुपए

तहसील कांप्लेक्स की बिल्डिंग में रजिस्ट्री करवाने आए एक व्यक्ति ने तहसीलदार के सेवादार से मारपीट कर डाली। मारपीट...

Dainik Bhaskar

Aug 03, 2018, 02:11 AM IST
तहसील कांप्लेक्स की बिल्डिंग में रजिस्ट्री करवाने आए एक व्यक्ति ने तहसीलदार के सेवादार से मारपीट कर डाली। मारपीट करने वाले लखविंदर सिंह निवासी नई आबादी गलोवाल ने तहसीलदार के सेवादार पर रिश्वत लेने का अारोप लगाया। उसने बताया कि वह रजिस्ट्री करवाने तहसील गया था। वहां उसने देखा कि तहसीलदार का सेवादार साथ वाले कमरे में रिश्वत ले रहा था। उन्होंने उसकी तलाशी ली तो उसकी जेब से 410 रुपए निकले। जब दोनोें उलझ पड़े तो तहसील कांप्लेक्स में हंगामा होता देख लोग इकट्ठा हो गए और दोनों को अलग-अलग किया। लखविंदर सिंह ने आरोप लगाया कि उक्त सेवादार उन्हें तहसीलदार के कमरे में नहीं जाने दे रहा था। उन्होंने गुस्से में आकर यह कदम उठाया। हंगामे के बाद उनकी रजिस्ट्री भी कर दी गई। वहीं, सिविल अस्पताल में दाखिल सेवादार इकबाल सिंह ने बताया कि उन्होंने कोई रिश्वत नहीं ली। परन्तु पता नहीं उस व्यक्ति ने उनसे मारपीट की और जेब से निजी रुपए निकाल लिए।

सेवादार रिश्वत ले रहा था तो पहले मुझे बताते : तहसीलदार लखविंदर

इस संबंध में तहसीलदार लखविंदर सिंह ने कहा कि अगर कोई भी व्यक्ति तहसील कांप्लेक्स में रिश्वत लेता है तो उसकी जानकारी पहले उन्हें दी जानी चाहिए थी। हाथापाई करना कानूनन गलत है। इसके अतिरिक्त सेवादार की जेब से 410 रुपए निकलना कोई बड़ी बात नहीं। वे उसके निजी भी हो सकते हैं।

भास्कर संवाददाता | दसूहा

तहसील कांप्लेक्स की बिल्डिंग में रजिस्ट्री करवाने आए एक व्यक्ति ने तहसीलदार के सेवादार से मारपीट कर डाली। मारपीट करने वाले लखविंदर सिंह निवासी नई आबादी गलोवाल ने तहसीलदार के सेवादार पर रिश्वत लेने का अारोप लगाया। उसने बताया कि वह रजिस्ट्री करवाने तहसील गया था। वहां उसने देखा कि तहसीलदार का सेवादार साथ वाले कमरे में रिश्वत ले रहा था। उन्होंने उसकी तलाशी ली तो उसकी जेब से 410 रुपए निकले। जब दोनोें उलझ पड़े तो तहसील कांप्लेक्स में हंगामा होता देख लोग इकट्ठा हो गए और दोनों को अलग-अलग किया। लखविंदर सिंह ने आरोप लगाया कि उक्त सेवादार उन्हें तहसीलदार के कमरे में नहीं जाने दे रहा था। उन्होंने गुस्से में आकर यह कदम उठाया। हंगामे के बाद उनकी रजिस्ट्री भी कर दी गई। वहीं, सिविल अस्पताल में दाखिल सेवादार इकबाल सिंह ने बताया कि उन्होंने कोई रिश्वत नहीं ली। परन्तु पता नहीं उस व्यक्ति ने उनसे मारपीट की और जेब से निजी रुपए निकाल लिए।

दोषी पर होगी कार्रवाई : एसडीएम

इस संबंध में एसडीएम दसूहा हरचरण सिंह ने कहा कि वह इसकी जांच करेंगे और दोषी पर कार्रवाई की जाएगी। अगर शिकायतकर्ता के पास कोई इस संबंधी सबूत हैं तो कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

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