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कैबिनेट बैठक में शूटिंग खिलाड़ी को बनाया सब-इंस्पेक्टर, जालंधर के पूर्व एसपी के हैं बेटे

रितेश शूटिंग में 25 मीटर पिस्टल .22 में रैपिड फायर स्टेंडर्ड पिस्टल इवेंट करता है।

Danik Bhaskar | Dec 28, 2017, 06:25 AM IST

जालंधर. पंजाब मंत्रीमंडल की कैबिनेट बैठक में सूबे के नामवर शूटर अरितेश कौशल को सब-इंस्पेक्टर बनाया गया। पंजाब यूनिवर्सिटी चंडीगढ़ से लॉ कर रहे अरितेश भारत की तरफ से कई नेशनल अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट में खेल 100 से ज्यादा गोल्ड, सिल्वर ब्रांज मेडल जीत चुके हैं। अरितेश ने बताया कि उन्होंने शूटिंग की शुरुआत 15 साल की उम्र से जालंधर पीएपी के शूटिंग रेंज से की थी। इसके बाद 2008 हंगरी में पहला इंटरनेशनल मैच खेलते हुए गोल्ड मेडल हासिल किया था। अरितेश शूटिंग में 25 मीटर पिस्टल .22 में रैपिड फायर स्टेंडर्ड पिस्टल इवेंट करता है।

अरितेश ने पोलैंड में 2016 को हुई वर्ल्ड यूनिवर्सिटी चैंपियनशिप में गोल्ड, दोहा में 2012 को हुई जूनियर एशियन चैंपियनशिप में गोल्ड सिल्वर मेडल, 2012-13 में जर्मनी में हुए जूनियर वर्ल्ड कप में दो ब्रांज, 2009 में तीसरी एशियन एयर गन जूनियर चैंपिनयशिप, 2011 2015 में वर्ल्ड यूनिवर्सिटी गेम्स, 2009 को सिंगापुर में हुई पहली एशियन यूथ गेम्स के साथ-साथ वर्ल्ड शूटिंग चैंपियनशिप जर्मनी में पार्टिसिपेट किया था।

“रिनाउंड शूटर” का खिताब
स्पोर्ट्स डिपार्टमेंट की तरफ से अरितेश को ग्रेड सर्टिफिकेट नेशनल राइफल एसोसिएशन ने “रिनाउंड शूटर” का खिताब दिया है। 2015 में अरितेश को पंजाब सरकार की तरफ से 5 लाख 25 हजार का अवाॅर्ड देने के साथ-साथ महाराजा रणजीत सिंह अवाॅर्ड के लिए भी नाम नॉमिनेट किया गया था। अरितेश के पिता पीपीएस राकेश कौशल, कमांडेंट तीसरी बटालियन मोहाली में तैनात है। वह जालंधर में एसपी सिटी, एसपी ट्रैफिक डीएसपी सिटी में करीब 10 साल तक सेवा निभा चुके हैं।

इसके साथ ही उन्होंने एसएसपी पठानकोट रहते हुए दीनानगर पुलिस स्टेशन में हुए आतंकी हमले में अहम भूमिका निभाई थी जिसके बाद उन्हें डीजीपी कंमोडेशन डिस्क देकर सम्मानित किया गया। राकेश कौशल ने जालंधर में रहते हुए पीएपी में शूटिंग रेंज को खड़ा किया था जिसमें कई नेशनल अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी पंजाब देश का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं।