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बेऔलाद होने की जलन में किया जेठ की नाबालिग बेटी की हत्या का प्रयास

क महिला इस कदर निर्दयी व बेदर्द हो गई कि उसने अपने सगे जेठ की इकलौती नौ वर्षीय बेटी की जान लेने की कोशिश कर दी।

Danik Bhaskar | Jan 23, 2018, 08:11 AM IST

कोटकपूरा. ( मोगा) शादी के दो वर्ष बाद तक खुद के औलाद न होने की जलन में एक महिला इस कदर निर्दयी व बेदर्द हो गई कि उसने अपने सगे जेठ की इकलौती नौ वर्षीय बेटी की जान लेने की कोशिश कर दी।पुलिस ने पीड़ित नाबालिग बच्ची के पिता के बयान पर बच्ची की चाची पर इरादा-ए-कत्ल का मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस ने इस मामले में कोई तंत्रमंत्र अथवा बली की संभावना से इंकार किया है। मजदूरी का काम करते कोटकपूरा के जैतो रोड पर बनी बस्ती लालेआणा के रहने वाले मनप्रीत सिंह द्वारा थाना सिटी पुलिस को दी गई।

शिकायत के अनुसार वह अपने भाई अमनप्रीत सिंह के साथ एक ही घर में अलग-अलग कमरों में रहता था। उसके एक बेटी है जबकि उसके भाई की शादी के दो वर्ष बाद तक भी कोई औलाद नहीं हुई। शिकायतकर्ता के अनुसार 17 जनवरी को दोपहर करीब साढ़े दस बजे उसकी पत्नी ने फोन पर बताया कि उसकी चौथी कक्षा में पढ़ती नौ वर्षीय इकलौती बेटी खुशप्रीत कौर घर में घायल अवस्था में बेहोश मिली है व उसके कलाई पर किसी तेजधार हथियार से काटे जाने के निशान हैं।
फोन मिलते ही वह कोटकपूरा के सिविल अस्पताल पहुंचा जहां उसकी बेटी का इलाज चल रहा था। बेटी खुशप्रीत कौर की गंभीर हालत को देख सिविल अस्पताल के डॉक्टर ने मेडिकल कॉलेज भेज दिया।

आरोपी महिला को शादी के 2 साल बाद भी संतान नहीं
शिकायतकर्ता मनप्रीत सिंह के अनुसार खुद के औलाद ना होने के चलते उसकी भाभी हरप्रीत कौर उनसे व उनकी बच्ची से जलती थी। इसी जलन के चलते अक्सर तकरार होने पर वह उनके बच्चे को भी मार देने की धमकियां देती थी। अब उनके घर का चिराग बुझाने को ही उसने उनकी बच्ची को मारने की कोशिश की है।

आरोपी चाची गिरफ्तार
थाना सिटी के एएसआई गुरजंट सिंह ने बताया कि फिलहाल पुलिस ने शिकायतकर्ता मनप्रीत सिंह के बयान पर आरोपी महिला हरप्रीत कौर पर मामला दर्ज कर कार्रवाई करते हुए उसके गिरफ्तार कर लिया गया है। उन्होंने बताया कि घायल बालिका के घबराहट में होने के चलते अभी तक पुलिस की उससे सीधी बात नहीं हुई है लेकिन उन्होंने मामले के पीछे कोई तंत्रमंत्र अथवा बली की नीयत से की गई कार्रवाई की संभावना होने के सवाल पर कहा कि यह एंगल भी पुलिस जांच में है लेकिन प्रथम दृष्टि में ऐसा कोई सबूत नहीं मिला। लेकिन पुलिस अभी मामले की जांच कर रही है।

होश आने पर बताई आपबीती करीब दो दिन के उपचार के बाद होश आने पर घायल खुशप्रीत कौर ने बताया कि घटना के दिन वह घर में अपनी दो सहेलियों जैसमीन और कालो के साथ खेल रही थी। इसी दौरान मौका पाकर उसकी चाची हरप्रीत कौर ने उसकी सहेलियों को मैगी लाने के बहाने घर से बाहर भेज दिया व उसके हाथ-पांच बांध कर उसे अपने कमरे के बैड के बाक्स में बंद कर दिया। करीब दस बीस मिनट तक वही बंद रखने के बाद उसे निकाल कर चाची हरप्रीत कौर उसे घर की रसोई में ले गई व वहां उसकी गर्दन को दबाकर वहां पड़े चाकू से उसकी कलाई की नस काटने को चाकू कलाई पर चलाई।