• Hindi News
  • Local
  • Punjab
  • Jalandhar
  • Jalandhar News pass your civil hospital in the first examination of rejuvenation now we too have the responsibility to maintain cleanliness if you cross the second stage you will win 25 lakh

अपना सिविल अस्पताल कायाकल्प की पहली परीक्षा में पास, अब सफाई रखने की जिम्मेदारी हमारी भी, दूसरा पड़ाव पार किया तो जीतेंगे 25 लाख

Jalandhar News - ‘कायाकल्प’ प्रोग्राम के अधीन अक्टूबर में हुई इंस्पेक्शन में जिले का सिविल अस्पताल क्वालीफाई कर गया है। इसके साथ...

Dec 04, 2019, 08:15 AM IST
‘कायाकल्प’ प्रोग्राम के अधीन अक्टूबर में हुई इंस्पेक्शन में जिले का सिविल अस्पताल क्वालीफाई कर गया है। इसके साथ सिविल अस्पताल कायाकल्प के अगले राउंड के लिए क्वालीफाई कर गया है। सिविल अस्पताल को अपनी पहली इंस्पेक्शन में 75 फीसदी से अधिक अंक प्राप्त हुए हैं। अब 9 जनवरी को सिविल अस्पताल में कायाकल्प के प्रोग्राम की इंस्पेक्शन के लिए केंद्र और स्टेट की टीम आ रही है। टीम मेंबर जिले के कम्युनिटी हेल्थ सेंटरों और सब डिवीजनल अस्पताल की भी इंस्पेक्शन करेंगे। प्रोग्राम की इंस्पेक्शन के लिए सिविल अस्पताल के प्रशासन ने अस्पताल परिसर में साफ-सफाई के इंतजाम शुरू कर दिए हैं। जनवरी में होने वाली इंस्पेक्शन के दौरान अस्पताल का इंफेक्शन कंट्रोल, वेस्ट मैनेजमेंट, हाइजीन प्रमोशन, सपोर्टिव सर्विसेज और अस्पताल के परिसर को साफ-सुथरा रखने पर पूरा फोकस रहेगा। लेकिन इसी बीच अस्पताल के सीनियर डॉक्टरों का कहना है कि अक्टूबर में कायाकल्प की इंस्पेक्शन हुई थी, जिसमें अस्पताल के दर्जा-4 कर्मचारियों ने खासी मशक्कत की थी। अस्पताल में रोजाना साफ-सफाई का काम किया जा रहा है लेकिन अस्पताल में इलाज करवाने आ रहे मरीजों के परिजनों को भी अस्पताल में साफ-सफाई का ध्यान रखना होगा।

खाली बोतलें, रैपर हमने फेंके हैं...ऐसा नहीं करना है

इनाम की रकम से संवरेगा अस्पताल

कायाकल्प प्रोग्राम के अधीन केंद्र और स्टेट टीम अस्पताल में लोगों को मिल रही सुविधाओं और स्वच्छता के अंक मिलते हैं यानी टीम की तरफ से देखा जाता है कि अस्पताल में आने वाले मरीजों को अस्पताल में मिलने वाला माहौल और अस्पताल के सदस्यों का मरीजों के प्रति व्यवहार कैसा रहता है। इसकी सारी रिपोर्ट ली जाती है। बता दें कि जनवरी में होने वाली इंस्पेक्शन में अगर सिविल अस्पताल पास हो जाता है तो अस्पताल को पहले इनाम के तौर पर 25 लाख रुपए मिलेंगे। इससे सिविल का इंफ्रास्ट्रक्चर और बढ़िया हो सकेगा। अस्पताल के दर्जा-4 कर्मचारियों का कहना है कि वे लोगों को अस्पताल के वार्डों और परिसर में गंदगी फैलाने से मना करते हैं तो वे गालियां निकालते हैं। अस्पताल में जगह-जगह डस्टबिन लगाए गए हैं लेकिन फिर भी लोग कचरा बाहर फेंक रहे हैं।

इन बातों का रखें ध्यान...







अॉक्सीजन सिलेंडर ले जाने के लिए कोई साधन नहीं, टूट रहीं अस्पताल की टाइलें

सिविल अस्पताल के परिसर में बने जच्चा-बच्चा वार्ड की हालात अस्पताल प्रशासन की लापरवाही के कारण खस्ता हो रही है। इसका कारण अस्पताल के पास अॉक्सीजन सिलेंडर ले जाने और लाने के लिए कर्मचारियों के पास साधन या ट्राली मुहैया न होना है। एमसीएच की लिफ्ट भी एक साल से बंद पड़ी है, जिस कारण कर्मचारी टाइलों पर 120 किलो के अॉक्सीजन सिलेंडर घुमाते हुए ले जाते और लाते हैं। इससे फर्श की टाइलें टूट रही हैं। कर्मचारियों का कहना है कि कई बार कहने के बावजूद सुनवाई नहीं हो रही। वहीं पंजाब हेल्थ सिस्टम कार्पोरेशन के चेयरमेन मनवेश सिंह सिद्धू ने अस्पताल का दौरा करने के दौरान कहा था कि अस्पताल की नई बिल्डिंग को अस्पताल की तरफ से मेनटेन नहीं किया जा रहा, जिसका वे संज्ञान लेंगे लेकिन किसी ने कोई कार्रवाई नहीं की गई।

X

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना