लुधियाना

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13 केस वापस लेने के लिए किया हाईवे जाम अब सुखबीर समेत 2287 अकालियों पर केस

कांग्रेसियों और अकालियों में हुई झड़प के दौरान 13 अकाली मेंबरों पर धारा 307 के तहत केस दर्ज किया गया था।

Danik Bhaskar

Dec 10, 2017, 07:24 AM IST
डेमोफोटो डेमोफोटो

बठिंडा/फिरोजपुर/लुधियाना. जीरा के मल्लांवाला में 13 अकालियों पर दर्ज किए गए केस को वापस लेने के लिए पंजाबभर में हाईवे पर चक्का जाम सुखबीर बादल के लिए उल्टा पड़ गया। शनिवार को खुद सुखबीर बादल, बिक्रम मजीठिया समेत 2287 अकालियों पर पंजाबभर में केस दर्ज किए गए हैं। मालवा के ही 5 जिलों में 1133 अकाली नेताओं वर्करों पर केस दर्ज हुए हंै। मक्खू पुलिस ने अकाली दल के प्रधान सुखबीर सिंह बादल, बिक्रम सिंह मजीठिया समेत अन्य नेताओं के खिलाफ केस दर्ज किया है।

इसके अलावा जगीर कौर, रणजीत सिंह ब्रह्मपुरा, पूर्व मंत्री सिकंदर सिंह मलूका, कैप्टन धर्म सिंह, तोता सिंह, सरूप चंद सिंगला, राज्य सभा मेंबर बलविंदर सिंह भूंदड़, पूर्व विधायक सुखविंदर सिंह औलख पर हाईवे जाम करने का केस दर्ज किया है। इसके अलावा थाना पट्टी में विरसा सिंह वल्टोहा समेत कई अकाली नेताओं पर केस दर्ज है। इसके अलावा तरनतारन, पट्‌टी, ब्यास, होशियारपुर, नवांशहर, पठानकोट, बटाला, कपूरथला में भी केस दर्ज किए गए। 6 दिसंबर को जीरा के मल्लांवाला में नगर पंचायत के नामांकन के दौरान कांग्रेसियों और अकालियों में हुई झड़प के दौरान 13 अकाली मेंबरों पर धारा 307 के तहत केस दर्ज किया गया था।

कानून तोड़ने की इजाजत किसी को नहीं है, चाहे वह किसी भी राजनीतिक पार्टी से क्यों हो। राजनीतिक रंजिश के तहत कार्रवाई नहीं हुई। -सुनीलजाखड़, कांग्रेस
झूठे केस कराने वाले पुलिसवालों के तबादलों से सरकार ने साबित किया कि अकाली दल का प्रदर्शन सही है। कांग्रेस धक्केशाही करती है। -दलजीतचीमा, शिअद

चंडीगढ़. हाईकोर्टकी दखल के बाद कांग्रेस ने मौका भांपते हुए शिअद का पासा पलट दिया। कांग्रेस ने हाईवे रोकने के आरोप में सुखबीर समेत कई अकाली नेताओं पर बड़े स्तर पर केस दर्ज करा दिया। इसकी प्लानिंग शुक्रवार शाम को सरकार ने पुलिस अफसरों से मीटिंग कर बनाई और केस दर्ज करने के आदेश चंडीगढ़ से जारी कर दिए। अकालियों का कहना है कि हाईकोर्ट ने धरने हटाने के आदेश दिए थे कि केस दर्ज करने के। कांग्रेस सरकार ने राजनीतिक रंजिश के चलते अकालियों पर केस दर्ज कराया।

सुखबीर बोले थे हिम्मत हो तो मुझ पर करें केस

फिरोजपुर एसएसपी दफ्तर के सामने 7 दिसंबर को धरने के दौरान सुखबीर बादल ने प्रशासन-पुलिस को धमकाते हुए कहा था कि पुलिस छोटे नेताओं पार्षदों पर केस कर रही है अगर हिम्मत है तो उनके खिलाफ मामला दर्ज करके दिखाओ।

जो व्यक्ति नेशनल हाईवे का रास्ता रोकता है और आम जनता के काम में बाधा डालता है उस पर 8बी, नेशनल हाईवे एक्ट के तहत मामला दर्ज होता है। 5 साल कैद जुर्माना हो सकता है।

188: मजिस्ट्रेट के आदेशों का उल्लंघन करना, 1 महीने कैद, 200 रुपए जुर्माना।

283 : पब्लिक प्रॉपर्टी का नुकसान करना और जनता को रोकना, 200 रुपए जुर्माना किया जा सकता है।
341 : सरकारी जगह पर बैठकर अावाजाही रोकना। 1 महीने की कैद या 500 रुपए जुर्माना हो सकता है।
431 : किसी कारोबार में बाधा डालना और नुकसान, 5 साल कैद और जुर्माना।
120 बी : साजिश। 2 साल से उम्रकैद तक
धारा 147, 148 : शांति भंग करना। 2-3 साल तक हो सकती है कैद।

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