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7th क्लास के बच्चे ने 5th क्लास के बच्चे को पिलाया जहर, उसके बाद खुद भी पिया

घर से किसी को बिना बताए बैग में नदीन नाशक की शीशी ले आया था सातवीं का हर्ष

Danik Bhaskar | Jan 17, 2018, 04:01 AM IST
नदीन नाशक पीने से बीमार हुए दोनों बच्चों का इलाज सिविल अस्पताल में चल रहा है। नदीन नाशक पीने से बीमार हुए दोनों बच्चों का इलाज सिविल अस्पताल में चल रहा है।

होशियारपुर. मंगलवार को केएलएम शिवालिक पब्लिक स्कूल में सुबह 8.30 बजे अफरातफरी का माहौल बन गया। सातवीं और पांचवीं कक्षा में पढ़ने वाले दो बच्चे खेल-खेल में नदीन नाशक पी ली। उन्होंने इसके बारे में किसी को कुछ बताया भी नहीं। जब स्कूल की प्रार्थना हो रही थी तब एक बच्चा दिनेश (10) बेहोश होकर गिर पड़ा, जिससे स्कूल स्टाफ के हाथ पैर फूल गए। प्रिंसिपल और स्कूल स्टाफ ने बच्चे से पूछा तो उसने बताया कि सातवीं कक्षा में पढ़ने वाले हर्ष (13) ने उसे कोई दवा पिला दी है, जिससे उसको चक्कर और उल्टियां हो रही हैं।

स्टाफ ने जब दूसरे बच्चे की हालत खराब होती देखी तो वह दोनों को इलाज के लिए माहिलपुर के सिविल हॉस्पिटल ले गए, जहां से दोनों बच्चों को गंभीर हालत में होशियारपुर के सिविल हॉस्पिटल में रेफर कर दिया। दोनों की हालत अब स्थिर है। चब्बेवाल पुलिस केस की जांच कर रही है।

प्रार्थना सभा में बेहोश होकर गिर पड़े हर्ष और दिनेश

जैजों दोआबा के केएलएम शिवालिक पब्लिक स्कूल के प्रिंसिपल जगदीश कुमार ने बताया कि दिनेश (10) पुत्र जीत राम पांचवीं क्लास का छात्र है। स्कूले में ही सातवीं का छात्र हर्ष (13) पुत्र तिलक राज बैग में छुपाकर घर से नदीन नाशक की शीशी लाई थी, जिसे उसने खेल-खेल में दिनेश को पिला दी और बाद में खुद पी ली। प्रिंसिपल जगदीश कुमार ने बताया की रोजाना की प्रार्थना सभा शुरू हुई तो दिनेश बेहोश होकर नीचे गिर पड़ा। तब उनको पता चला कि उसने निदान नाशक पी है। इसी दौरान हर्ष भी बेहोश हो गया। जब हर्ष के बैग की तलाशी ली गई तो उसके बैग से तीक्ष्ण गंध वाली निदान नाशक की एक शीशी बरामद हुई, जो जांच के लिए डॉक्टर को सौंप दी गई है।

एक घंटे बाद आया होश

सिविल हॉस्पिटल में दाखिल हर्ष और दिनेश को एक घंटे बाद होश आया। डॉक्टरों ने उनको खतरे से बाहर बताया। इस बीच सूचना मिलते ही बच्चों के परिजन भी हॉस्पिटल पहुंच गए। प्रिंसिपल जगदीश कुमार ने बताया कि चूंकि निदान नाशक गलती से पी और पिलाई गई है इसलिए दोनों परिवारों कि सहमती के कारण कोई भी कानूनी कार्रवाई नहीं की गई।

नदीन नाशक पीने से बीमार हुए दोनों बच्चों का इलाज सिविल अस्पताल में चल रहा है। नदीन नाशक पीने से बीमार हुए दोनों बच्चों का इलाज सिविल अस्पताल में चल रहा है।