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ये है अंग्रेजों के जमाने का रेलवे स्टेशन, टिकट काउंटर बंद लेकिन फिर भी चल रहा है

पैसे खर्च करने पर अंग्रेज सरकार ने नवांशहर तक रेलवे लाइन बिछाने की मंजूरी दी थी।

Danik Bhaskar | Dec 28, 2017, 05:56 AM IST
रेलवे स्टेशन रेलवे स्टेशन

नवांशहर/राहों. 103 साल पुराना राहों का रेलवे स्टेशन अपने विकास का इंतजार में है। बिना स्टेशन सुपरिटेंडेंट, बंद टिकट काउंटर के यह स्टेशन लंबे समय से चल रहा है। 1913 में इस स्टेशन की मंजूरी के लिए राहों के तत्कालीन विधायक अब्दुल रहमान ने काफी जद्दोजहद की थी। जेब से पैसे खर्च करने पर अंग्रेज सरकार ने नवांशहर तक रेलवे लाइन बिछाने की मंजूरी दी थी।

बुधवार को भास्कर टीम ने राहों के रेलवे स्टेशन का दौरा किया तो चकित करने वाला नजारा दिखा। स्टेशन पर चारों तरफ घास बुटी उगी हुई है। स्टेशन अधीक्षक के दफ्तर पर ताला लगा था। टिकट खिड़की बंद थी। बैठने को फटे थे मगर टूटे हुए। जगह-जगह गंदगी थी, जिसे साफ करने वाला कोई नहीं था। शौचालय एक नकार आया उसकी हालत पूरी तरह खस्ता हो चुकी थी। रेल यात्री बलजीत सिंह, मंदीप कौर, पिक्की और हरनेक सिंह ने बताया कि रेलवे स्टेशन पर कई समस्याएं है पर किसको बताएं। उन्होंने बताया ट्रेन दिन में दो-तीन बार आती है, वह भी अधिकतर लेट होती है। प्लेटफॉर्म होने की वजह से ट्रेन पर चढ़ने में दिक्कतें आती है। स्टेशन में एक ही हैंडपंप है जोकि अर्से से खराब है।

रेलवे स्टेशन के नाम हर राजनीतिक पार्टी ने वोटें बटोरीं
रेलयात्री मंजीत कौर ने बताया कि इस स्टेशन के नाम पर हर पार्टी के नेता ने वोटें बटोरी लेकिन इसे बनाने में किसी ने पहल नहीं दिखाई। पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल, फिर सांसद रवनीत सिंह बिट्टू और सांसद प्रेम सिंह चंदूमाजरा ने राहों रेलवे स्टेशन के विकास के सपने दिखा दिए पर किसी ने उन्हें पूरा करके नहीं दिखाया। 11वीं कक्षा की छात्रा हरमन कौर ने बताया कि यह स्टेशन नहीं बल्कि जंगल लगता है। कोई जहां पर सफाई करने वाला नहीं है। नवांशहर भद्री दास ने कहा कि रेलवे प्रशासन फगवाड़ा के लिए जितनी जल्दी हो सकता है ट्रेन चालू करें। फगवाड़ा में जाने के लिए राहों के कितने सारे यात्री है पर मजबूरन उन्हें बस में जाना पड़ता है। उधर, इस संबंध में स्टेशन सुपरिटेंडेंट राम लाल कटारिया को फोन किया तो उन्होंने फोन नहीं उठाया।

स्टेशन का जल्द विकास कराया जाएगा: चंदूमाजरा
सांसद प्रेम सिंह चंदूमाजरा ने कहा कि जल्द ही राहों रेलवे स्टेशन का दौरा किया जाएगा। विकास के मामले में पिछड़े इस रेलवे स्टेशन में जल्द विकास करवाया जाएगा। यह मामला संसद में भी उठाया जाएगा।

स्टेशन मास्टर का रूम। स्टेशन मास्टर का रूम।