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होटल के बेसमेंट में जाम सीवरेज साफ करने को बिना सेफ्टी किट उतारे वर्कर, 2 की मौत

कर्मचािरयों को बिना किसी सेफ्टी किट के ही सीवरेज सफाई के काम में लगा दिया गया था

Danik Bhaskar | Dec 10, 2017, 07:21 AM IST

लुधियाना. दुगरी रोड पर स्थित होटल ग्रैंड मेरियन की बेसमेंट में जाम सीवर की सफाई करते समय गैस चढ़ने से दो वर्करों अरमान (18) और दीपक (32) की मौत हो गई। इसकी मदद को पहुंचे तीन अन्य वर्करों की हालत बिगड़ गई। कर्मचािरयों को बिना किसी सेफ्टी किट के ही सीवरेज सफाई के काम में लगा दिया गया था। सोनू, कृष और समीर को इलाज के लिए दीप हॉस्पिटल में भर्ती करवाया गया है, जहां उनकी हालत ठीक बताई जा रही है जबकि घुमार मंडी के दीपक कुमार और डॉ. अंबेडकर नगर के कोहिनूर उर्फ अरमान को कोई मौका ही नहीं मिला।

आत्मनगर चौकी इंचार्ज धरमिंदर सिंह ने बताया कि समीर की शिकायत पर होटल मालिक चेतन वर्मा, मैनेजर सूरज प्रकाश और एक नामालूम मैनेजर पर प्रिवेंशन ऑफ इंप्लॉयमेंट एंड मैन्युअल सर्विसिंग रिहेबलिटेशन एक्ट-2013 और लापरवाही से मौत (304 ए) होने का मामला दर्ज कर लिया है। वहीं, कांग्रेसी नेता कमलजीत कड़वल, भावाधस नेता चौधरी यशपाल ने हॉस्पिटल में भर्ती तीनों कर्मचारियों का हालचाल जाना। कड़वल ने एेलान किया की तीनों के इलाज का खर्च उनकी ओर से किया जाएगा। उधर, दीपक के रिश्तेदार दर्शन कुमार और अरमान व समीर की रिश्तेदार नैना ने आरोप लगाया कि सीवरेज खुलवाने के लिए प्रोफेशनल लोगों या निगम मुलाजिमों को बुलाया जाना चाहिए था, लेकिन होटल मैनेजमेंट ने चंद रुपए बचाने की खातिर इन कर्मचारियों की जिंदगी दांव पर लगा दी। सीवरेज की गैस चढ़ने से कई हादसों हो चुके हैं, फिर भी बिना किसी सुरक्षा किट के इन्हें को सीवरेज खोलने के लिए भेज दिया गया।

इकलौते दीपक का 2 दिन बाद था बर्थडे, 4 वर्षीय बेटे संग घूमने का था प्लान

गैस चढ़ने से जान गंवाने वाला दीपक इकलौता बेटा था। उसका करीब साढ़े चार साल का एक बेटा है। दो दिन बाद ही दीपक का बर्थडे था। उसने बेटे से वादा किया था कि वह उस दिन परिवार को घुमाने ले जाएगा। वह करीब तीन साल से होटल में नौकरी कर रहा था। बेसमेंट में वर्करों के बैठने व खाने-पीने की जगह बनी हुई है। वहीं सीवरेज का रास्ता भी है। हॉस्पिटल में भर्ती समीर, कृष और सोनू ने बताया कि सीवरेज जाम होने से बेसमेंट में गंदा पानी भर गया था। इस पर शनिवार दोपहर सफाई कर्मी दीपक और अरमान को सीवरेज साफ करने के लिए कहा गया। बेसमेंट में पहुंच कर दीपक ने जैसे ही सीवरेज का ढक्कन खोला तो उसे जहरीली गैस चढ़ गई और वह पानी में गिर गया। अरमान उसे उठाने लगा तो उसे भी गैस चढ़ गई, शोर सुनकर वे तीनों भी मदद के लिए बेसमेंट में पहुंचे। इसी बीच उन्हें भी गैस चढ़ गई और तीनों बेहोश हो गए।

दो दिन पहले बेसमेंट में फोटो खींच फेसबुक पर डाली थी

अरमान की तीन बहनें और एक भाई हैं। वह कुछ समय पहले ही होटल में काम करने लगा था। समीर और अरमान दोनों रिश्तेदार हैं, करीब डेढ़ महीना पहले अरमान ने ही समीर को अपने साथ होटल में काम पर रखवाया था। जिस बेसमेंट में हादसा हुआ है, वहीं पर अरमान ने दो दिन पहले अपनी फोटो खिंचवाई और फेसबुक पर वॉलपेपर पर लगाई थी।

बिना सेफ्टी किट सीवर सफाई पर सुप्रीम कोर्ट भी लगा चुका है रोक

सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन के बाद द प्रोहिबिशन ऑफ इंप्लाइंग मैन्युअल स्कैवंजर्स एंड रिहैबिलिटेशन एक्ट-2013 में ये स्पष्ट कर किया गया है कि किसी भी सीवरमैन को बिना सेफ्टी किट जैसे गम बूट, ऑक्सीजन मास्क, जैकेट के बगैर सीवर में नहीं उतारा जा सकता। ऐसी कोताही बरतने वाले अफसर या संबंधित लोगों पर एफआईआर का प्रावधान किया गया है। दिल्ली में हुए एक हादसे के बाद सुप्रीम कोर्ट ने जुलाई 2011 में दिए अपने एक फैसले में सफाई कर्मियाें की सुरक्षा संबंधी यह गाइडलाइन तय की थी।

घबराए अफसरों ने पुलिस को लिखा-निगम का लेना-देना नहीं

अफसरों को डर था कि सीवरेज में कहीं निगम के सफाईकर्मी तो नहीं उतरे थे? शनिवार को छुट्‌टी होने के बावजूद एसडीओ मौके पर पहुंच अफसरों को स्पष्ट किया कि लोग होटल के ही वर्कर हैं। फिर एसएचओ को लेटर लिखा कि हादसे से निगम का कोई लेना-देना नहीं है।

सफाई कर्मचारी संघ ने कहा- होटल मालिक को जेल भेजाे

राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी संघ के प्रधान सुरिंदर कल्याण और चेयरमैन आेमपाल चौनलिया ने कहा कि जिम्मेदार होटल मालिक को जेल भेजा जाए और सरकार पीड़ित परिवारों को सहायता राशि जारी करे। हादसे को लेकर विधायक डॉ. राजकुमार वेरका रविवार दोपहर सर्किट हाउस पहुंचेंगे।