Hindi News »Punjab »Patiala» कोई भी जीते, भाईचारा नहीं टूटना चाहिए

कोई भी जीते, भाईचारा नहीं टूटना चाहिए

बार एसोसिएशन के इतिहास में बेशक अब तक कभी भी सर्वसम्मति से कार्यकारिणी न बनी हो, इसके बावजूद वकील अापसी भाईचारे को...

Bhaskar News Network | Last Modified - Apr 02, 2018, 03:20 AM IST

कोई भी जीते, भाईचारा नहीं टूटना चाहिए
बार एसोसिएशन के इतिहास में बेशक अब तक कभी भी सर्वसम्मति से कार्यकारिणी न बनी हो, इसके बावजूद वकील अापसी भाईचारे को ही बार एसोसिएशन इलेक्शन 2018 में सबसे बड़ा मुद्दा बताते हैं। चुनाव से पहले दोनों ग्रुपों ने इलेक्शन मेनिफेस्टो जारी किया है। पर वकीलों के लिए सबसे ज्यादा प्रीरियोरिटी अापसी भाईचारा ही है। दैनिक भास्कर ने वकीलों से बात करके जाना कि अाखिर वोटर वकील इन दोनों ग्रुपों से क्या चाहता है? उसकी क्या प्राथमिकताएं क्या हैं? वो चुनाव को किस तरह से देखता है?

अाम वकीलों की राय

महिला उम्मीदवारों के खड़े होने से खुश हैं महिलाएं

1300 वकील करेंगे 6 अप्रैल को वोटिंग

1300 वकीलों का परिवार| एडवोकेट कुलदीप कौशल ने कहा कि यह लोकसभा या विधानसभा का चुनाव नहीं है। यह तो अापसी परिवार का मसला है। कोई जीते, कोई हारे, सब इक्ट्ठा बैठेंगे। यह 1300 वकीलों का परिवार है।

अब समस्या तो खुलकर बता पाएंगे| एडवोकेट प्रितपाल कौर ने कहा कि पहली बार महिला उम्मीदवार चुनाव में है। वॉशरूम की समस्या हो या कोई दूसरी। महिला नेताअों को बेहतर तरीके से अपनी बात रख पाएंगे।

जो जीते वो सबका प्रधान हो | एडवोकेट अमित जिंदल ने कहा कि जो भी जीते वो सब 1300 वकीलों का प्रधान या सेक्रेटरी हो। न कि किसी एक ग्रुप का। जैसे पीएम पूरे देश का होता है, वैसे ही प्रधान ग्रुुपबाजी से उठकर बार के लिए काम करें।

सोच समझ कर करें वकील फैसला|एडवोकेट मनप्रीत ढींगरा ने कहा कि दोनों ग्रुपों का इलेक्शन मेनिफेस्टो देखकर पता चल जाता है कि उन्होंने समस्याएं समझने के लिए ग्राउंड लेवल पर जाकर काम किया है। एेसे में सोचकर फैसला करना होगा।



कोई बड़े मुद्दे तो हैं ही नहीं|एडवोकेट करमिंदर सिंह बार की नई बिल्डिंग से लेकर अन्य बड़े काम तो पहले ही हो चुके है। छोटे मोटे मुद्दे जरूर हैं, लेकिन अब दोनों ग्रुपों के सामने सबसे बड़ा मुद्दा है कि अापसी भाईचारा कैसे बरकरार रखा जाए।



1300 वकीलों का परिवार| एडवोकेट कुलदीप कौशल ने कहा कि यह लोकसभा या विधानसभा का चुनाव नहीं है। यह तो अापसी परिवार का मसला है। कोई जीते, कोई हारे, सब इक्ट्ठा बैठेंगे। यह 1300 वकीलों का परिवार है।

अब समस्या तो खुलकर बता पाएंगे| एडवोकेट प्रितपाल कौर ने कहा कि पहली बार महिला उम्मीदवार चुनाव में है। वॉशरूम की समस्या हो या कोई दूसरी। महिला नेताअों को बेहतर तरीके से अपनी बात रख पाएंगे।

जो जीते वो सबका प्रधान हो | एडवोकेट अमित जिंदल ने कहा कि जो भी जीते वो सब 1300 वकीलों का प्रधान या सेक्रेटरी हो। न कि किसी एक ग्रुप का। जैसे पीएम पूरे देश का होता है, वैसे ही प्रधान ग्रुुपबाजी से उठकर बार के लिए काम करें।

सोच समझ कर करें वकील फैसला|एडवोकेट मनप्रीत ढींगरा ने कहा कि दोनों ग्रुपों का इलेक्शन मेनिफेस्टो देखकर पता चल जाता है कि उन्होंने समस्याएं समझने के लिए ग्राउंड लेवल पर जाकर काम किया है। एेसे में सोचकर फैसला करना होगा।

Get the latest IPL 2018 News, check IPL 2018 Schedule, IPL Live Score & IPL Points Table. Like us on Facebook or follow us on Twitter for more IPL updates.
दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए Patiala News in Hindi सबसे पहले दैनिक भास्कर पर | Hindi Samachar अपने मोबाइल पर पढ़ने के लिए डाउनलोड करें Hindi News App, या फिर 2G नेटवर्क के लिए हमारा Dainik Bhaskar Lite App.
Web Title: कोई भी जीते, भाईचारा नहीं टूटना चाहिए
(News in Hindi from Dainik Bhaskar)

More From Patiala

    Trending

    Live Hindi News

    0
    ×