Hindi News »Punjab »Patiala» 12 सफाई सेवकों ने भादसों चमकाया, 3 महीने से सेलरी नहीं मिली फिर भी सफाई नहीं छोड़ी, लोगों ने कूड़ा डस्टबिन में ही डाला, खाद से कमाई

12 सफाई सेवकों ने भादसों चमकाया, 3 महीने से सेलरी नहीं मिली फिर भी सफाई नहीं छोड़ी, लोगों ने कूड़ा डस्टबिन में ही डाला, खाद से कमाई

मैं भादसों हूं। पटियाला से करीबन 30 किलोमीटर दूर लगभग 10 हजार की अाबादी वाला कस्बा। पिछले साल सितंबर 2017 में जब देश भर...

Bhaskar News Network | Last Modified - May 18, 2018, 03:45 AM IST

  • 12 सफाई सेवकों ने भादसों चमकाया, 3 महीने से सेलरी नहीं मिली फिर भी सफाई नहीं छोड़ी, लोगों ने कूड़ा डस्टबिन में ही डाला, खाद से कमाई
    +7और स्लाइड देखें
    मैं भादसों हूं। पटियाला से करीबन 30 किलोमीटर दूर लगभग 10 हजार की अाबादी वाला कस्बा। पिछले साल सितंबर 2017 में जब देश भर के लगभग 4 हजार शहरों में सबसे साफ शहर बनने का कंपीटिशन शुरू हुअा तो 1 लाख से कम अाबादी वाली श्रेणी में मैं भी कंपीटिशन का हिस्सेदार बना। मेरे अागे चैलेंज बहुत थे- जैसे सिर्फ 12 सफाई सेवक अौर चारों तरफ फैली गंदगी? लेकिन इन चैलेंजेस को स्वीकार करके मैंने हिम्मत जुटाई अौर अागे बढ़ा। नतीजा सामने है। एेसा टीम वर्क हुअा कि नॉर्थ जोन में मैं सबसे साफ शहर के रूप में चुना गया। अाइए अापको बताता हूं सिर्फ 4 फेजों में अपने नंबर वन बनने की कहानी...

    भादसों कोनंबर-1 बनाने वाले हीरो

    भिंदर

    गुरदेव सिंह

    पटियाला से 30 किलोमीटर दूर भादसों के नॉर्थ जोन मेंसबसे साफ शहर बनने की कहानी...

    फेज-1

    11 वार्डों के 1470 घरों अौर दुकानों को गीला-सूखा कूड़ा अलग करने के लिए 2-2 डस्टबिन सरबत दा भला, लुधियाना की नाहर ग्रुप अॉफ कंपनीज अौर एटीएस ग्रुप ने 4400 डस्टबिन दिए। नीला डस्टबिन सूखे अौर हरा गीले कूड़े के लिए। पीएमअाईडीसी की टीमों ने चंडीगढ़ से अाकर हर घर में जाकर लोगों को कूड़ा अलग-अलग करने की सिखलाई दी।

    जीवनजीत कौर- डिप्टी डायरेक्टर लोकल बॉडी मोहित शर्मा- ईअो गुरदेव सिंह- सफाई इंचार्ज

    12 सफाई सेवक- भिंदर (प्रधानइंचार्ज वार्ड 7), चरणजीत वार्ड-1, जसविंदर वार्ड-2, निर्मल वार्ड-3, राहुल वार्ड-4, सुखदेव वार्ड-5, जगत वार्ड-6, नवीन वार्ड-8, मेवा राम वार्ड-9, अमनदीप वार्ड-10, गुरदीप वार्ड-11, दीपक वार्ड-12

    गीला-सूखा कूड़ा अलग करने की िसखलाई दी

    भादसों में1470 घर, हरेक में2 डस्टबिन, रोज11 क्विंटल कूड़ा इकट्‌ठा कर नगर पंचायत बना रही आर्गेनिक खाद

    फेज-2

    भादसों नगर पंचायत के पास सफाई सेवक 12 थे आैर ट्रालियां 4। यह लोग इस मिशन को बोझ न समझें, इसलिए रोजाना सुबह सफाई से पहले योग करवाया गया। पहले पहल थोड़ी मुश्किल हुई, फिर सब लोग एकजुट हो गए। सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूल के स्टूडेंट्स को साथ लिया। बच्चों ने अपने ही पेरेंट्स को समझाया तो रोजाना 11 क्विंटल कूड़ा एकत्र होने लगा।

    सफाई जागरूकता के लिए गाने बनाए...

    सफाई सेवकों ने लोगों तक अपनी अावाज पहुंचाने के लिए पंजाबी बोलियां बनाई। बाकायदा विडियो शूट करके 10 मिनट की क्लिप तैयार की। बोली बनाई- खाद बनावांगे, पैसा कमावांगे, तैनू चन्न कौरे सग्गी सोने दी करवावांगे।

    सफाई बोझ न लगे इसलिए योग करवाया

    भादसों नगर पंचायत में ईअो, अकाउंटेंट अौर क्लर्क को छोड़ कर सभी अाउटसोर्सिंग मुलाजिम हैं। अब भी 3 महीनों से सैलेरी नहीं अाई है। इन्होंने सैलेरी देने, पक्का करने को लेकर अन्य मुलाजिमों की तरह धरने-प्रदर्शन नहीं दिए, बल्कि काम करके अपनी उपयोगिता बताई।

    10,000आबादी वाले भादसों से 4.5लाख आबादी वाले शहर पटियाला को सीखना चाहिए। यहां 8 साल में सॉलिड वेस्ट ट्रीटमेंट प्लांट शुरू नहीं हो पाया आैर वो खाद बेच पैसे कमा रहे

    फेज-3

    भादसों में 24 पिट्स तैयार हुईं। यहां गीला-सूखा कूड़ा रखकर खाद बनानी शुरू की गई। खाद 1500 रुपए क्विंटल के हिसाब से बेचकर अामदन का जरिया बनाया।

    कूड़े से खाद बना कमाई का साधन बनाया

    लोग बोले-हम प्रण लेते हैं सफाई बनाए रखेंगे

    संजीव शर्मा

    वेद प्रकाश

    फेज-4

    शहर से कूड़ा संभालने, सफाई करने से लेकर स्कूल, मोहल्लों में स्वच्छता क्लब बनाए। 50-50 मैंबर्स के क्लबों ने खाली प्लॉटों को साफ कर पार्क बनाए।

    सफाई के लिए 50-50 मेंबर्स के क्लब बनाए

    अशोक कुमार

    लोगों ने सफाई सेवकों के इस मिशन को कामयाब बनाने का प्रण लिया आैर कहा कि इस सफाई व्यवस्था को वह कायम रखेंगे। अब भादसों को नं-2 नहीं होने दिया जाएगा।

  • 12 सफाई सेवकों ने भादसों चमकाया, 3 महीने से सेलरी नहीं मिली फिर भी सफाई नहीं छोड़ी, लोगों ने कूड़ा डस्टबिन में ही डाला, खाद से कमाई
    +7और स्लाइड देखें
  • 12 सफाई सेवकों ने भादसों चमकाया, 3 महीने से सेलरी नहीं मिली फिर भी सफाई नहीं छोड़ी, लोगों ने कूड़ा डस्टबिन में ही डाला, खाद से कमाई
    +7और स्लाइड देखें
  • 12 सफाई सेवकों ने भादसों चमकाया, 3 महीने से सेलरी नहीं मिली फिर भी सफाई नहीं छोड़ी, लोगों ने कूड़ा डस्टबिन में ही डाला, खाद से कमाई
    +7और स्लाइड देखें
  • 12 सफाई सेवकों ने भादसों चमकाया, 3 महीने से सेलरी नहीं मिली फिर भी सफाई नहीं छोड़ी, लोगों ने कूड़ा डस्टबिन में ही डाला, खाद से कमाई
    +7और स्लाइड देखें
  • 12 सफाई सेवकों ने भादसों चमकाया, 3 महीने से सेलरी नहीं मिली फिर भी सफाई नहीं छोड़ी, लोगों ने कूड़ा डस्टबिन में ही डाला, खाद से कमाई
    +7और स्लाइड देखें
  • 12 सफाई सेवकों ने भादसों चमकाया, 3 महीने से सेलरी नहीं मिली फिर भी सफाई नहीं छोड़ी, लोगों ने कूड़ा डस्टबिन में ही डाला, खाद से कमाई
    +7और स्लाइड देखें
  • 12 सफाई सेवकों ने भादसों चमकाया, 3 महीने से सेलरी नहीं मिली फिर भी सफाई नहीं छोड़ी, लोगों ने कूड़ा डस्टबिन में ही डाला, खाद से कमाई
    +7और स्लाइड देखें
आगे की स्लाइड्स देखने के लिए क्लिक करें
दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए News in Hindi, Breaking News सबसे पहले दैनिक भास्कर पर |

More From Patiala

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×