कोरोनावायरस से निपटने को उठाए जरूरी कदम
भारतीय प्रोद्योगिकी संस्थान रोपड़ ने अपने समूह फेकल्टी सदस्यों एवं छात्रों को कोविड-19 (कोरोना वायरस) संक्रमण से सुरक्षा के लिए कुछ कदम उठाए हैं। इसके तहत संस्थान द्वारा उन संकाय सदस्यों एवं छात्र जो हाल ही में अपने घरों या विदेश यात्रा से लौट रहे हैं को उचित सेहत जांच करवाने के लिए कहा है और अन्य संकाय, कर्मचारियों, छात्रों की इस जोखिम से सुरक्षा हेतु तथा खतरे को कम करने के प्रयास में सक्रिय रूप से योजना बनाई गई है। यह इसलिए है क्योंकि छात्र मिड-सेमेस्टर ब्रेक के उपरांत कैंपस लौट रहे हैं और राष्ट्र के विभिन्न हिस्सों से आ रहे हैं इसलिए उन्हें आने पर अनिवार्य मेडिकल स्क्रीनिंग से गुजरना पड़ेगा। वहीं संस्थान में एक विशेष चिकित्सा शिविर का आयोजन भी किया जाएगा।
भारतीय प्रोद्योगिकी संस्थान रोपड़ के निदेशक प्रो. सरित कुमार दास ने कहा कि हालांकि संस्थान में यह आकलन किया गया है कि संस्थान का कार्य संचालन अब तक कम जोखिम में है। उन्होंने कहा कि मौजूदा स्थिति पर पूरी निगरानी रखी जा रही है तथा हम एहतियात के तौर इस संभावित घातक बीमारी से छात्रों, फेकल्टी सदस्यों और कर्मचारियों की सुरक्षा के प्रयासों को बढ़ा रहे हैं और किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तत्पर हैं। उन्होंने कहा कि संस्थान के अधिकारियों द्वारा अपने परिसर समुदाय सदस्यों को एक ईमेल अलर्ट भेजा गया है जिसमें उनको कोविड-19 के लक्षणों के संदर्भ में पूर्ण सूचना एवं किसी सदस्य के इन लक्ष्णों से ग्रस्त होने या इन लक्षणों के संपर्क में आने पर सावधानी के सन्दर्भ में पूर्ण जानकारी प्रदान की गई है। संस्थान का स्वास्थ्य केंद्र सतर्कता से सभी छात्रों की निगरानी कर रहा है और अगर कोई इसके लक्षणों से ग्रस्त पाया जाता है तो रोगियों के उपचार के लिए तैयार है। आईआईटी रोपड़ द्वारा संस्था की पूर्ण विदेश यात्राएं स्थगित कर दी गई हैं। कोरोनावायरस के संक्रमण की रोकथाम हेतु एहतियात के तौर पर सक्षम प्राधिकारी ने अगले आदेश तक किसी भी सम्मेलन/ कार्यशाला आदि में भाग लेने के लिए फेकल्टी सदस्यों के सभी विदेशी दौरों को तत्काल प्रभाव से रद्द करने का निर्णय लिया है और उनसे विदेश यात्रा न करने का अनुरोध किया गया है।