• Hindi News
  • Rajasthan
  • Abu Road
  • नन्हे वैज्ञानिकों ने मॉडल से बताया सूर्य व चंद्र ग्रहण का कारण और क्यों फूटते हैं ज्वालामुखी
--Advertisement--

नन्हे वैज्ञानिकों ने मॉडल से बताया सूर्य व चंद्र ग्रहण का कारण और क्यों फूटते हैं ज्वालामुखी

Abu Road News - राजकीय बालिका उच्च प्राथमिक स्कूल वेलांगरी की छात्रा बुलबुल ने ज्वालामुखी फूटने का मॉडल बनाया। बाल वैज्ञानिक ने...

Dainik Bhaskar

Mar 01, 2018, 02:10 AM IST
नन्हे वैज्ञानिकों ने मॉडल से बताया सूर्य व चंद्र ग्रहण का कारण और क्यों फूटते हैं ज्वालामुखी
राजकीय बालिका उच्च प्राथमिक स्कूल वेलांगरी की छात्रा बुलबुल ने ज्वालामुखी फूटने का मॉडल बनाया। बाल वैज्ञानिक ने मॉडल में बताया कि भूगर्भीय उथल-पुथल के दौरान धरती अपना अपशिष्ट (लावा) कमजोर पहाड़ों के मुहाने से बाहर निकाल देती है, जिसे ज्वालामुखी फूटना कहते हैं। छात्रा बुलबुल ने रसायनिक प्रक्रिया के जरिए ज्वालामुखी फूटने का डेमो भी दिखाया।



भास्कर न्यूज | सिरोही

राष्ट्रीय आविष्कार अभियान के तहत बुधवार को आयोजित जिला स्तरीय विज्ञान मेले में नन्हें वैज्ञानिकों ने सूर्य व चंद्र ग्रहण का कारण और ज्वालामुखी क्यों फूटते जैसे जीवंत मॉडल बनाकर अपनी प्रतिभा का परिचय दिया। बाल वैज्ञानिकों ने खगोलीय व भूगर्भीय घटनाओं समेत आपदा के समय बचाव जैसे मॉडल भी बनाए। भारत सरकार ने स्कूल आधारित ज्ञान को स्कूल के बाहर जीवन में अनुसरण और विज्ञान व गणित की सार्थक गतिविधियों को आनंददायी बनाने के लिए राष्ट्रीय आविष्कार योजना लागू की है।

सर्व शिक्षा अभियान के तहत जिले के चयनित राजकीय उच्च प्राथमिक स्कूलों की उभरती वैज्ञानिक प्रतिभाओं ने शानदार मॉडल बनाए। जिले की चयनित 149 में से 132 स्कूलों के 530 छा-छात्राओं ने शिक्षकों के साथ भाग लिया। अभियान के तहत मॉडल, चार्ट, निबंध, प्रश्नोत्तरी व भाषण प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। पहले, दूसरे व तीसरे स्थान पर रहने वाले छात्र-छात्राओं को क्रमश: 1000, 750 और 500 रुपए का नकद पुरस्कार दिया गया। मंडवारिया सरपंच दलपत पुरोहित सभी प्रतिभागियों को ज्योमेट्री बॉक्स दिए। विज्ञान मेले में पहुंचे कलेक्टर संदेश नायक ने बाल प्रतिभाओं का प्रोत्साहन किया। एडीएम आशाराम डूडी, एडीएम नाथूसिंह और प्रधान प्रज्ञा कंवर ने भी बाल वैज्ञानिकों की तारीफ की।

खगोलीय व भूगर्भीय घटनाओं व प्राकृतिक आपदा से बचाव के मॉडल

कैसे फूटते है ज्वालामुखी

इसलिए होते हैं सूर्य व चंद्र ग्रहण

राजकीय उच्च प्राथमिक स्कूल असावा के बाल वैज्ञानिक कृष्णपाल ने सूर्य ग्रहण व चंद्र ग्रहण का मॉडल बनाया। बाल वैज्ञानिक ने मॉडल के जरिए बताया कि पृथ्वी अपनी धुरी पर घूमती हुई सूर्य के चारों तरफ चक्कर लगाती है। जबकि, चंद्रमा पृथ्वी के चारों तरफ चक्कर लगाता है। इस प्रक्रिया के दौरान जब पृथ्वी चंद्रमा और सूर्य के ओट में आती है तब ग्रहण की स्थिति बनती है।

बनाई हाईड्रोलिक क्रेन

राजकीय उच्च प्राथमिक स्कूल प्रथम पिंडवाड़ा के छात्र हीरसिंह ने हाईड्रोलिक क्रेन का मॉडल बनाया। बाल वैज्ञानिक ने मॉडल के जरिए बताया कि साधारण चुंबकीय क्रेन की बजाय इलेक्ट्रॉनिक हाईड्रोलिक क्रेन बेहद उपयोगी साबित होती है। क्योंकि, चुंबकीय क्रेन से चिपकने वाले सामान को हटाना मुश्किल होता है, जबकि हाईड्रोलिक क्रेन का इलेक्ट्रॉनिक कनेक्शन स्वीच बंद करते ही सामान छूट जाता है।

पहले चेतावनी बांध फूटने की

राजकीय बालिका उच्च प्राथमिक स्कूल गांधीनगर आबूरोड की छात्रा डोली राठौड़ ने अतिवृष्टि के दौरान बांध फूटने से पहले चेतावनी के हूटर का मॉडल बनाया। बाल वैज्ञानिक ने मॉडल के जरिए बताया कि बांध लबालब होने के बाद भी लगातार पानी आवक को जारी रहने की स्थिति में हूटर बजने लगता है, ताकि प्रशासन अलर्ट कर आसपास के गांवों को खाली करा सकें।


विजेताओं को दिया नकद पुरस्कार





तीन चरणों में चयनित होने पर पहुंचे जिला स्तर पर

जिला स्तरीय विज्ञान मेले में पहुंचने वाले प्रतिभागियों को तीन चरणों में चयनित होना पड़ता है। पहले स्कूल, फिर नोडल और फिर ब्लॉक स्तर पर चयनित होने पर जिला स्तर पर पहुंचना होता है। इस मौके पर विज्ञान मेले का प्रभारी सुनिल कुमार गुप्ता, एसएसए एडीपीसी आनंद राज आर्य, डीईओ आरके गर्ग, रमसा के एडीपीसी अशोक व्यास, एपीसी मनोहर सिंह चारण, एपी नरेन्द्र सिंह आढा, आरपी हिम्मत रावल, हिम्मत माली, प्रेम सिंह, लालसिंह, नथाराम आदि मौजूद रहे।

X
नन्हे वैज्ञानिकों ने मॉडल से बताया सूर्य व चंद्र ग्रहण का कारण और क्यों फूटते हैं ज्वालामुखी
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..