Hindi News »Rajasthan »Ajmer» ‘जीवन में धर्म बिना सुख-शांति संभव नहीं’

‘जीवन में धर्म बिना सुख-शांति संभव नहीं’

अजमेर | ज्ञानोदय तीर्थ क्षेत्र नारेली में स्थित प्रवचन पांडाल में मुनि सुधा सागर महाराज ने धर्म सभा को संबोधित...

Bhaskar News Network | Last Modified - Mar 01, 2018, 03:15 AM IST

अजमेर | ज्ञानोदय तीर्थ क्षेत्र नारेली में स्थित प्रवचन पांडाल में मुनि सुधा सागर महाराज ने धर्म सभा को संबोधित करते हुए कहा कि धर्म के बिना जीवन में सुख-शांति की प्राप्ति नही होती। धर्म की प्राप्ति दिमाग से नहीं हृदय से होती है। धर्म का प्रारंभ हृदय से होता है जो अपने दिमाग में हजारों लाखों ग्रंथों को रखा है उसकी अपेक्षा वह धर्म के क्षेत्र में आगे है जिसक हृदय में निष्ठा व श्रद्धा का सागर हिलोरे ले रहा है। प्रभु परमात्मा के प्रति श्रद्धा का सूर्य जब हृदय में उदित होता है तभी सुख शांति की कलियां खिलती है। जिस प्रकार हीरे मोती पन्ने इत्यादि र|ों की संख्या ज्यादा नहीं होती, उसी प्रकार धर्म मर्म को जानकर उसे धारण करने वालों की संख्या ज्यादा नहीं होती। छोटे-छोटे संकल्प एक दिन बहुत बड़ा रूप धारण कर लेते है। गुरू की छत्र छाया में रहकर संकल्प के बीज मिष्ठ फल युक्त महान वृक्ष का रूप धारण कर लेते है। वह संसार में सबसे बड़ा पुण्यात्मा है। जिसके सिर पर गुरू का मंगलकारी बरदहस्त होता है जो गुरू के चरणों में सर्वस्व समर्पण कर देता है वह तीनों लोको के प्राणियों के द्वारा सम्माननीय व पूजनीय होता है।

दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए Ajmer News in Hindi सबसे पहले दैनिक भास्कर पर | Hindi Samachar अपने मोबाइल पर पढ़ने के लिए डाउनलोड करें Hindi News App, या फिर 2G नेटवर्क के लिए हमारा Dainik Bhaskar Lite App.
Web Title: ‘जीवन में धर्म बिना सुख-शांति संभव नहीं’
(News in Hindi from Dainik Bhaskar)

More From Ajmer

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×