पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

संविधान व आरक्षण के समर्थन में अंबेडकर सर्किल पर दिया धरना

एक वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक

संविधान व आरक्षण के समर्थन में अम्बेडकर सर्किल पर कार्मिक धरना अंतिम दिन रविवार को भी जारी रहा।

आरक्षण पर सुप्रीम कोर्ट के हालिया फैसले को संसद द्वारा पलटने तथा आरक्षण से संबंधित सभी कानूनों को संविधान की नवीं अनुसूची में डालने की मांग को लेकर संविधान व आरक्षण बचाओ संयुक्त संघर्ष समिति के तत्वावधान में अंबेडकर सर्किल पर रविवार को धरने का संचालन मीणा विकास एवं शोध संस्थान द्वारा किया गया।

इस माैके पर रामनाथ मीणा व टीकमचन्द मीणा भी माैजूद रहे। जाकिर हुसैन, महिपाल रैया, मनीष आड़तिया, खेताराम नवल, अरविंद धोलखेडिया, रामधन डाडोरिया, लता सिवासिया, सुशील कुमार बागडी आदि ने संबोधित किया।

वक्ताओं ने सरकार से मांग की कि अध्यादेश लाकर आरक्षण की पुरानी व्यवस्था की पुनः बहाली करें व आरक्षण को संविधान की नवीं अनुसूची में स्थायी रूप से डाला जाए। संयुक्त संघर्ष समिति के संयोजक गजानंद सरावता ने आह्वान किया है कि अगर सरकार आरक्षण की पुरानी व्यवस्था की शीघ्रता से पुनः बहाली नहीं करती है तो संयुक्त संघर्ष समिति अनिश्चित कालीन धरने देने के लिए मजबूर होगी।

ये भी रहे मौजूद

इस दौरान इस दौरान सुरेशचंद बांयला, राजेश लुहाड़िया, रामप्रसाद सुनारीवाल, ओमप्रकाश बहुरे, लक्ष्मीकांत आर्य, परमेश्वरलाल रेगर, बीएस ज्योतियाना, दिनेश उदय, लक्ष्मीनारायण तंवर, कपिल देव, चंचल सिवांसिया, राहुल सिवांसिया, चंद्रेश सुणिया, इंदरलाल बैरवा, जसराज मेघवाल, लादूराम गिरवा, नीरज मेहरा अादि माैजूद थे।

खबरें और भी हैं...