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बारिश से किसानों की फसलें हुई चौपट

एक वर्ष पहले
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यूथ कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्ष भगवानाराम माली ने क्षेत्र के विभिन्न गांवों में किसानों से मुलाकात कर उन्हें सरकार के द्वारा हर सम्भव मदद दिलाने की बात कही। गौरतलब है कि गुरुवार को हुई बेमौसम बारिश के बाद खेतों में रबी की फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। बारिश के चलते रबी फसल बर्बाद हो गई है। चना, गेहूं, जीरा,ईसबगोल सहित अन्य फसलें खराब हो चुकी है। जीरे की फसल को काटने का समय है ऐसे में बारिश से जीरा खराब होकर काला पड़ चुका है। इसी प्रकार गेहूं की फसल में बालियां लग चुकी हैं। दूर से देखने पर ऐसा महसूस होता है कि गेहूं की फसल काफी अच्छी है, लेकिन पास आकर देखने से पता चलता है कि बालियां पीले होकर सफेद हो रही हैं। उसमें दाने नहीं है। बालियों को छूकर देखने से पता चलता है कि उसमें दाने नहीं हैं। अगर किसी किसी बाली में दाने भी हैं वह भी कमजोर हैं। गेहूं की बालियां बदरे में तब्दील हो गई है। कहीं-कहीं पर धनिया भी बोई गई है, उनका भी फूल काला पड़ रहा है। जिसमें फलियां आने की संभावना नहीं के बराबर है। अब तक बीमा कंपनी भी आकलन के लिए सामने नहीं आई है। जिसे देखते हुए किसानों ने सरकार से फसलों को हुई क्षति का आंकलन करने व समय पर क्षतिपूर्ति की राशि दिलाने की मांग की है।

में दाने भी हैं वह भी कमजोर हैं। गेहूं की बालियां बदरे में तब्दील हो गई है। कहीं-कहीं पर धनिया भी बोई गई है, उनका भी फूल काला पड़ रहा है। जिसमें फलियां आने की संभावना नहीं के बराबर है। अब तक बीमा कंपनी भी आकलन के लिए सामने नहीं आई है। जिसे देखते हुए किसानों ने सरकार से फसलों को हुई क्षति का आंकलन करने व समय पर क्षतिपूर्ति की राशि दिलाने की मांग की है।
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