Hindi News »Rajasthan »Bari» देखरेख के अभाव में बदहाल हो रहा सिकंदरा का मिनी सचिवालय

देखरेख के अभाव में बदहाल हो रहा सिकंदरा का मिनी सचिवालय

बयाना. मिनी सचिवालय में गंदगी के बीच खेलते आंगनबाड़ी केंद्र के बच्चे। भास्कर संवाददाता|बयाना नहरौली ग्राम...

Bhaskar News Network | Last Modified - Feb 15, 2018, 02:40 AM IST

बयाना. मिनी सचिवालय में गंदगी के बीच खेलते आंगनबाड़ी केंद्र के बच्चे।

भास्कर संवाददाता|बयाना

नहरौली ग्राम पंचायत के गांव सिकंदरा में करीब दस साल पूर्व बना मिनी सचिवालय भवन ग्राम पंचायत प्रशासन की उदासीनता व देखरेख के अभाव में बदहाली के दौर से गुजर रहा है। मिनी सचिवालय परिसर में चहुंओर पसरी गंदगी स्वच्छता अभियान का मजाक बनाती दिख रही है। परिसर आवारा जानवरों की शरणस्थली के रूप में तब्दील होता जा रहा है। आवारा जानवर परिसर में गंदगी कर जाते हैं।

गौरतलब है कि ग्रामीणों को एक ही छत के नीचे सभी सरकारी कार्यालयों की सुविधा उपलब्ध कराने की दृष्टि से तत्कालीन सरपंच की ओर से रोल मॉडल के तौर पर मिनी सचिवालय का निर्माण कराया गया। सचिवालय में पंचायत घर, आंगनबाड़ी केंद्र, एएसएम कार्यालय, पशु चिकित्सालय आदि कार्यालय संचालित हैं। केंद्रों में करीब 50 बच्चे आते हैं। लेकिन परिसर में जानवरों के गोबर से गंदगी होने से बच्चों सहित स्टाफ को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। कार्यालयों में महिला कर्मचारी होने के बावजूद परिसर में शौचालय नहीं है। वहीं हैंडपंप भी काफी समय से खराब पड़ा हुआ है। स्थानीय निवासी एवं युवा मोर्चा अध्यक्ष सत्यप्रकाश गुर्जर ने बताया कि मिनी सचिवालय की वर्षों से रंगाई-पुताई भी नहीं हुई है। वहीं आवारा जानवर भी परिसर में घुस जाते हैं। इससे आंगनबाड़ी के छोटे बच्चों को भी खतरा बना रहता है।

परिसर में कई बार आवारा जानवर जबरन घुस जाते हैं। भवन की रंगाई-पुताई व नियमित साफ-सफाई करवाई जाकर हालत सुधारी जाएगी।

तेजसिंह जाटव, सरपंच, ग्राम पंचायत नहरौली

ग्रामीणों ने परिसर की बदहाली को लेकर शिकायत तो की है। इस बारे में सरपंच साहब से बात की है। जल्द ही परिसर की समस्या का समाधान कराया जाएगा।

दाताराम, सचिव, ग्रापं नहरौली

दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए News in Hindi, Breaking News सबसे पहले दैनिक भास्कर पर |

More From Bari

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×