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विद्यार्थियों को अब स्कूल में मिलेगी स्टार्टअप शिक्षा

जिले के एक स्कूल के विद्यार्थियों को स्कूली शिक्षा के साथ ही अब स्टार्टअप की शिक्षा भी मुहैया करवाई जाएगी। जिले के...

Bhaskar News Network | Last Modified - Feb 02, 2018, 03:25 AM IST

जिले के एक स्कूल के विद्यार्थियों को स्कूली शिक्षा के साथ ही अब स्टार्टअप की शिक्षा भी मुहैया करवाई जाएगी। जिले के इस स्कूल में केन्द्र सरकार के नीति आयोग के तहत नवाचार की नींव डालने की तैयारी कर ली गई है। नीति आयोग ने एक मिशन के जरिए स्कूलों में स्टार्टअप निकालने की यह शुरूआत कर दी है। जिसमें देशभर के चयनित स्कूलों के बच्चों का चयन किया जाएगा। जिनमें बच्चों को विशेष लैब के माध्यम से ऐसा प्लेटफार्म दिया जाएगा, जहां से नए आइडिया सामने लाएं व नवाचार हो सके।

नवाचार

जिले की एक स्कूल का हुआ चयन, अजमेर शहर की सावित्री गर्ल्स सीनियर सैकण्डरी स्कूल में खोली जाएगी अटल इनोवेशन मिशन लैब

प्रदेश में 69 स्कूलों का हुआ चयन

पूरे देश में 15 सौ स्कूलों का चयन किया गया है। जिसमें प्रदेश के 69 स्कूलों को शामिल किया गया है। इसमें अजमेर जिले के सावित्री गर्ल्स सीनियर सैकण्डरी स्कूल का चयन किया गया है। इसमें नीति आयोग द्वारा 10 लाख रुपए की राशि जारी की गई है। इससे स्कूली छात्राओं को ज्यादा से ज्यादा नवाचार की ओर ले जाने के लिए स्कूलों में अटल टिंकरिंग लैब व अटल ऊष्मायान केन्द्र स्थापित किए जाएंगें। स्कूल में स्टार्टअप निकाल की आगामी समय में बेरोजगारी की समस्या की रोकथाम की शुरूआत की ओर नीति आयोग का यह अनूठा कदम होगा।

अलग-अलग फेज में लैब होगी तैयार

जिले में सावित्री गर्ल्स सीनियर सैकण्डरी स्कूल का नीति आयोग की स्टार्टअप योजना के लिए चयन हुआ है। इन स्कूलों में लैब की स्थापना पर अलग अलग फेज में स्थापना के लिए 10 लाख व 10 लाख रुपए संचालन पर खर्च होंगे। इनमें 1500 सौ स्क्वायर फीट एरिया में यह लैब स्थापित की जाएगी। स्कूल को यह ग्रांट पांच साल के लिए दी जाएगी। योजना से स्कूल की एक हजार से अधिक छात्राओं को लाभ प्राप्त होगा। इसके लिए जिला शिक्षा अधिकारी माध्यमिक कार्यालय के कर्मचारियों को जयपुर में प्रशिक्षण भी दिया जा चुका है।

टिकाऊ उद्यमी होंगे तैयार

जिले में नीति आयोग द्वारा एक स्कूल में नवाचार की स्थापना की जा रही है। इनमें अटल इन्कयूबेशन सेंटर्स(एआईएम)यानी ऊष्मायन केन्द्रों की स्थापना स्केलेबल व टिकाऊ उद्यमी तैयार करने के लिए की जा रही है। यह अभिनव स्टार्टअप व्यवसायों का पोषण करेगा। इसमें पूंजीगत उपकरणों व परिचालन की सुविधाएं मिलेंगी साथ ही भौतिक आधारभूत संरचना, व्यवसाय योजना समर्थन, क्षेत्रीय विशेषज्ञों की उपलब्धता के साथ उद्योग सहयोगियों के प्रशिक्षण व अभिनव प्रयोगों को प्रोत्साहित किया जाएगा।

योजना का उद्देश्य...

प्रदेश में लागू की जा रही इस योजना का उद्देश्य है कि छात्रों में स्कूली शिक्षा के साथ नवाचार व उद्यमशीलता की संस्कृति को बढ़ावा मिले तथा प्रौद्योगिकी आधारित क्षेत्रों में नवाचारों की संख्या बढ़ाना इसका प्रमुख उद्देश्य है। इसके लिए सेल्फ एम्प्लॉयमेंट एंड टैलेंट यूटिलाइजेशन(सीटू)इसका मुख्य आधार रहेगा।

इनका कहना है

जिले में एक स्कूल में नीति आयोग की योजना के तहत लैब बनाई जाएगी। इससे बच्चों में शुरूआत में ही वैज्ञानिक व उद्यमी प्रवृति का विकास होगा। स्कूल के लिए कार्ययोजना बनाई जा रही है। इसके लिए बजट नीति आयोग से दिया जा रहा है। तेजपाल उपाध्याय, जिला शिक्षा अधिकारी, माध्यमिक प्रथम, अजमेर

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