प्रदेश के टाॅप 25 हिस्ट्रीशीटर में शामिल मोखम सिंह गिरफ्तार

Bhaskar News Network

May 03, 2019, 07:11 AM IST

Beawar News - भास्कर न्यूज | ब्यावर/अजमेर जिला पुलिस ने प्रदेश के टाॅप 25 हिस्ट्रीशीटर में शामिल कुख्यात अपराधी मोखम सिंह को...

Beawer News - rajasthan news mukham singh arrested in state39s top 25 history sheet
भास्कर न्यूज | ब्यावर/अजमेर

जिला पुलिस ने प्रदेश के टाॅप 25 हिस्ट्रीशीटर में शामिल कुख्यात अपराधी मोखम सिंह को पकड़ने में सफलता हासिल की है। इससे पहले इस सूची में शामिल कुख्यात अपराधी धनसिंह उर्फ धनसा काे पुलिस ने गिरफ्तार किया था। एसपी कुंवर राष्ट्रदीप के अनुसार पुलिस मुख्यालय ने लाेकसभा चुनाव में गड़बड़ी फैलाने की अाशंका वाले 25 अपराधियाें की लिस्ट सभी जिला पुलिस अधीक्षकाें काे दी थी, इसमें अजमेर के धनसिंह अाैर माेखमसिंह शामिल थे। जिला पुलिस ने दाेनाें अपराधियाें काे पकड़ने में कामयाबी हासिल कर ली है। इसके अलावा चुनाव के दाैरान जिले भर में एक हजार से ज्यादा अपराधिक लाेगाें काे गिरफ्तार किया था।

दाे बार जेल ताेड़ कर भाग चुका, पुलिस पर कर चुका है फायरिंग

गौरतलब है कि लसानी प्रथम निवासी कुख्यात बदमाश मोखम सिंह के खिलाफ विभिन्न थानों में चोरी, लूट, डकैती, हत्या और आर्म्स एक्ट के 59 मामले दर्ज है। मोखम सिंह ब्यावर सब जेल के साथ ही भीम सब जेल से भी फरार हो चुका है। पुलिस विभाग द्वारा मोखम सिंह के खिलाफ 5 हजार रुपए का इनाम रखा गया।

फरारी के दौरान दे रहा था चुनौती

अपनी फरारी के दौरान कुख्यात बदमाश मोखम सिंह सोशल मीडिया पर लगातार एक्टिव रहा। मोखम सिंह सोशल नेटवर्किंग साइट फेसबुक पर अपनी फोटो अपलोड करता रहता और पुलिस को चुनौती देता। 14 मार्च को डाले गए अपडेट में आरोपी ने लिखा कि “पुलिस का काम पुलिस करेगी, मेरा काम मैं खुद कर लूंगा।”

युवक को चार महीने पहले दी थी जान से मारने की धमकी, पुलिस ने बंदूक व पिस्टल सहित धरा

कुख्यात माेखमसिंह ने चार माह पूर्व जनवरी में ब्यावर इलाके में बलाड निवासी असलम से 20 हजार रुपए की रंगदारी वसूलने के लिए फोन किया और रुपए नहीं देने पर जान से मारने की धमकी दी थी। जिस पर पीड़ित असलम ने ब्यावर सदर थाने में आरोपी मोखम सिंह के खिलाफ शिकायत दर्ज कराया था। मामला दर्ज होने के बाद से आरोपी मोखम सिंह फरार चल रहा है। पुलिस उपाधीक्षक हीरालाल सैनी के दिशा-निर्देश पर प्रोबेशनर आरपीएस गिरधर सिंह चौहान के नेतृत्व में टीम गठित की गई। टीम में मोखम सिंह को फरारी के दौरान चार बार पकड़ने वाले कांस्टेबल जितेंद्र सिंह, भगवान सिंह के साथ कांस्टेबल भवानी सिंह, विजेंद्र सिंह, पवन जांगिड़ और साइक्लॉन सेल के रणवीर सिंह को शामिल किया गया। पुलिस टीम ने सूचना के अाधार पर निगरानी शुरू की। गुरुवार काे बलाड़ क्षेत्र में मोखम सिंह एक बाइक नंबर RJ-22 GS9364 पर बैठकर आता दिखा। मोखम सिंह पूर्व में भी पुलिस पर फायरिंग कर चुका है, इस कारण पुलिस टीम पहले से ही पूरी तरह तैयार थी। मोखम को पुलिस ने घेर लिया। मोखम की बाइक पर एक टोपीदार बंदूक बंधी थी। पुलिस दल को सामने देखते ही मोखम बाइक छोड़कर पैदल भागने लगा। जिस पर कांस्टेबल जितेंद्र, भगवान, विजेंद्र और भवानी सिंह ने पीछा कर उसे गिरा दिया और काबू में कर लिया। पुलिस टीम ने उसे काबू में कर तलाशी ली तो आरोपी मोखम सिंह के कब्जे से एक देशी पिस्टल और दो कारतूस भी मिले। पुलिस ने बाइक पर बंधी टोपीदार बंदूक, देशी पिस्टल और कारतूस समेत आरोपी के कब्जे से तीन मोबाइल जब्त कर लिए। आरोपी मोखम सिंह को शुक्रवार को न्यायालय में पेश किया जाएगा।

कुख्यात धनसिंह के बाद जिला पुलिस काे दूसरी बड़ी कामयाबी, माेखम के खिलाफ दर्ज हैं 59 मुकदमे, चार माह से पुलिस को दे रहा था चकमा

रंगदारी वसूलने के लिए दबंगता दिखाने आया, धरा गया

पुलिस के अनुसार गुरुवार को पुलिस टीम को इत्तला मिली कि आरोपी मोखम सिंह असलम को धमकाने के मकसद से आ रहा है। आरोपी मोखम सिंह का मकसद गुरुवार को असलम पर फायरिंग कर अपना दबदबा दिखाने का था। लेकिन पुलिस को पहले से ही भनक लगने के कारण आरोपी अपने मंसूबों में कामयाब नहीं हो सका। पुलिस अब उससे अन्य वारदातों के बारे में पूछताछ करने का प्रयास कर रही है।

ब्यावर. पुलिस गिरफ्त में कुख्यात हिस्ट्रीशीटर मोखम सिंह।

पुलिस की दांव पेच से वाकिफ...

गौरतलब है कि मोखम सिंह कुख्यात अपराधी होने के साथ ही शातिर भी है। मोखम सिंह पुलिस को दांव पेच भी पूरी तरह वाकिफ हैॅ। इस कारण इस बार उसने फरारी के दौरान ना तो मोबाइल का ज्यादा इस्तेमाल किया और ना ही एक जगह टिका। पुलिस को गुमराह करने के लिए वह मोबाइल ऑन करता और फिर कुछ देर उस दिशा में चलने के बाद मोबाइल स्विच ऑफ करके बिल्कुल अलग दिशा में फरार हो जाता। फरारी के दौरान मोखम सिंह बाइक पर 24 घंटे में 300 से 400 किलोमीटर का सफर तय करता। लेकिन पुलिस टीम के अधिकारियों को भी मोखम सिंह के माइंड का पता था। इस कारण जैसे जैसे मोखम फरार होता पुलिस उसके पीछे लगी रही। इतना ही नहीं फरारी के दौरान इस बार मोखम ने कोई नई वारदात नहीं की और जंगलों में सिर्फ 1 या 2 घंटे की नींद निकालता। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि फरारी के दौरान मोखम सिंह की मदद किस किस ने की। पुलिस अब उन पर भी शिकंजा कस सकती है।

पिछली बार मई 2012 में पकड़ा था

पिछली बार कुख्यात बदमाश मोखम सिंह पुलिस को चकमा देकर फरार होता रहा। अपना प्रोबेशन काल के दौरान आरपीएस प्रीति चौधरी के निर्देशन में ब्यावर पुलिस की स्पेशल टीम ने मई 2012 में मोखम सिंह को उसके घर से पकड़ा था। आरोप है कि उस दौरान मोखम सिंह ने पुलिस पर फायर भी किए।

X
Beawer News - rajasthan news mukham singh arrested in state39s top 25 history sheet
COMMENT

किस पार्टी को मिलेंगी कितनी सीटें? अंदाज़ा लगाएँ और इनाम जीतें

  • पार्टी
  • 2019
  • 2014
336
60
147
  • Total
  • 0/543
  • 543
कॉन्टेस्ट में पार्टिसिपेट करने के लिए अपनी डिटेल्स भरें

पार्टिसिपेट करने के लिए धन्यवाद

Total count should be

543