पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

ससुराल में आवभगत करा लौटे भगवान जगन्नाथ को घर का दरवाजा खुलवाने के लिए करनी पड़ी लक्ष्मी की मिन्नतें

2 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
शहर से निकलती रथयात्रा। - Dainik Bhaskar
शहर से निकलती रथयात्रा।
  • रसिक शिरोमणि मंदिर में महाआरती के बाद रवाना हुई रथयात्रा

बीकानेर। बिना सूचना ससुराल पहुंचे भगवान जगन्नाथ को आखिर शुक्रवार को घर लौटने पर पत्नी लक्ष्मी की नाराजगी का सामना करना ही पड़ा। नाराज पत्नी लक्ष्मी ने पति भगवान जगन्नाथ, बहन सुभद्रा और बलभद्र के घर का दरवाजा ही नहीं खोला। भगवान अपनी पत्नी की मिन्नतें करते हैं और प्रलोभन देकर मनाया।

 

इसके बाद ही वे अपने घर में प्रवेश कर सके। भगवान जगन्नाथ के अपने घर में कदम रखते ही उनके जयकारे गूंजने लगे। इससे पहले शाम सवा पांच बजे रसिक शिरोमणि मंदिर में महाआरती हुई और इसके बाद साढ़े पांच बजे रथयात्रा रवाना हुई जो केईएम रोड, कोटगेट होते हुए अणचा बाई हॉस्पिटल के सामने स्थित जगन्नाथ मंदिर पहुंची।

 

भगवान जगन्नाथ मंदिर विकास समिति के अध्यक्ष घनश्याम लखाणी ने बताया कि रथयात्रा में बीकानेर व्यापार उद्योग मंडल के अध्यक्ष रघुराज सिंह राठौड़, सरंक्षक नरपत सिंह सेठिया, सुरेंद्र पटवा, मक्खन लाल अग्रवाल, कैलाश भट्टड़, जीवनलाल अग्रवाल, हीरालाल हर्ष, पीयूष सिंघवी सहित सैकड़ों लोग शामिल हुए।

खबरें और भी हैं...