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डोडों में चीरा लगाना शुरू, किसानों का कुनबे सहित खेतों में पड़ाव, 1200 हैक्टेयर में 12 हजार कर रहे अफीम की खेती

चित्तौड़गढ़ | मेवाड़, मालवा और हाड़ौती के हजारों किसान अपनी महत्वपूर्ण फसल अफीम के डोडों पर चीरा लगाने में जुट गए...

Bhaskar News Network | Last Modified - Mar 01, 2018, 02:35 AM IST

डोडों में चीरा लगाना शुरू, किसानों का कुनबे सहित खेतों में पड़ाव, 1200 हैक्टेयर में 12 हजार कर रहे अफीम की खेती
चित्तौड़गढ़ | मेवाड़, मालवा और हाड़ौती के हजारों किसान अपनी महत्वपूर्ण फसल अफीम के डोडों पर चीरा लगाने में जुट गए हैं। केंद्रीय नारकोटिक्स विभाग के अकेले चित्तौड़गढ़ के तीनों खंडों के अधीन लगभग 12 हजार किसानों ने 1200 हैक्टेयर क्षेत्र में अफीम बोई थी। जो अब पूरी तरह यौवन पर आकर खेतों से बाहन आने की तैयारी में है। कई किसान लुराई-चिराई का काम शुरू कर चुके हैं।

इस कार्य के लिए पट्टाधारी किसान इन दिनों पूरे परिवार व रिश्तेदारों सहित खेतों पर डेरा डाले हैं। सर्दी के विदा लेते ही अफीम डोडों पर चीरा लगाने का वक्त आ जाता है। नारकोटिक्स विभाग की टीमों ने जनवरी में खेतों पर जांच नपती की। इसके लिए तीनों खंडों में 11 टीमें लगाई गई थी। नारकोटिक्स ब्यूरो मुख्यालय ग्वालियर से भी विशेष चेकिंग टीमें पहुंची थी। विभाग अब लिवाई-चिराई पर भी निगरानी रखते हुए अप्रैल में अफीम तौल कार्यक्रम की तैयारी में जुटा है। विभाग संभावित तस्करी को रोकने के लिए मुखियाओं सहित अपने गुप्तचर भी सक्रिय कर रहा है।

5 मार्च तक मांगे हंकाई के आवेदन, अब तक 60 अर्जियां ... जो किसान किसी भी कारण से न्यूनतम निर्धारित उपज प्राप्त करने के प्रति आशंकित है, वे अपनी फसल की हंकाई का आवेदन कर सकते हैं। इसकी आखिरी तारीख 5 मार्च है। हालांकि इस बार कहीं भी फसल को ज्यादा नुकसान होने की बात सामने नहीं आई। अभी तक तीनों खंडों में 60 आवेदन पहुंचे हैं। जिसमें भी ज्यादातर आंशिक हंकाई के है।

सुरक्षा की चुनौती और बढ़ी, किसान कर रहे जतन...अफीम को काला सोना कहा जाता है। इसलिए रखवाली और सार संभाल में किसान पूरी ताकत लगा देता है। अब चूंकि डोडों पर चीरे लग रहे हैं। ऐसे में अब सीधे अफीम की हिफाजत करने की चुनौती हैं। चीरा लगाने के बाद निकलने वाला दूध ही अफीम बनता है। डोडों को तोतों सहित अन्य पक्षियों, रोजड़ों और चोरों से बचाने के लिए भी दिन रात चौकसी कर रहे हैं।

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Web Title: डोडों में चीरा लगाना शुरू, किसानों का कुनबे सहित खेतों में पड़ाव, 1200 हैक्टेयर में 12 हजार कर रहे अफीम की खेती
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