--Advertisement--

करीब 28 साल पहले आर्

28 साल पहले आर्थिक तंगी से परेशान रफीक ने लिया था प्रण, जरूरतमंदों को देंगे सहारा, बीते 6 साल से 70 जरूरतमंद परिवारों...

Danik Bhaskar | Apr 16, 2018, 02:45 AM IST
28 साल पहले आर्थिक तंगी से परेशान रफीक ने लिया था प्रण, जरूरतमंदों को देंगे सहारा, बीते 6 साल से 70 जरूरतमंद परिवारों को सोसायटी से देते हैं राशन सामग्री


करीब 28 साल पहले आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण विभिन्न समस्याओं से जूझने के दौरान किसी सामर्थवान व्यक्ति ने डीडवाना के रफीक रंगरेज का सहयोग किया था। शायद उसी समय रफीक ने प्रण कर लिया था कि एक दिन ना सिर्फ अपनी परिस्थितियों को बदल दूंगा बल्कि भामाशाह व सामर्थवान लोगों को साथ लेकर जरूरतमंद लोगों का सहयोग करेंगे।

इसी प्रण को याद रखते हुए उन्होंने करीब 6 साल पहले शहर के भामाशाह व सामर्थवान लोगों के सामने जरूरतमंदों का सहयोग किए जाने को लेकर प्रस्ताव रखा। साथ ही भामाशाहों से इसमें सहयोग किए जाने की बात कही। जिसके चलते 1 जनवरी 2012 को सफा एजुकेशन वेलफेयर सोसायटी का गठन किया गया। जिसमें रफीक रंगरेज को सोसायटी का महासचिव बनाया गया। इसके बाद रफीक ने डीडवाना शहर सहित आस-पास के गांवों में 240 ऐसे परिवारों का चयन किया जिनकी आर्थिक स्थिति ठीक नहीं थी। इन परिवार के लोगों को खान-पान के घरेलू सामान की किट देने का प्लान बनाया। भामाशाहों व दानदाताओं के सहयोग से 2012 में शुरुआत करते हुए प्रत्येक महीने 90 नए जरूरतमंद परिवारों को एक महीने के लिए राशन किट देना शुरू किया। इसके बाद से लगातार आज तक इस सोसायटी की ओर से जरूरतमंद परिवारों का चयन करके उनका सहयोग किया जा रहा है।


सोसायटी जरूरतमंदों को राशन के साथ इलाज की सुविधा भी कराती है मुहैया

सोसायटी के महासचिव ने बताया कि सोसायटी की ओर से करीब 63 माह में 5250 परिवारों को राशन सामग्री दी गई है। उन्होंने बताया कि प्रत्येक परिवार को दी जाने वाली राशन सामग्री व घरेलू सामान किट का 2 हजार रुपए खर्च आता है। अभी तक दानदाताओं के सहयोग से करीब 1 करोड़ 50 लाख रुपए की राशि से संगठन द्वारा जरूरतमंदों का सहयोग किया जा चुका है। इसके अलावा सोसायटी द्वारा गंभीर बीमारियों के रोगियों का नि:शुल्क उपचार भी करवाया जाता है। जिसमें मारवाड़ अस्पताल के डॉ. सोहन चौधरी के आर्थिक सहयोग से जयपुर, बीकानेर, सीकर, जोधपुर आदि स्थानों पर नि:शुल्क उपचार करवाया जाता है।

निगरानी कमेटी भी बनाई

एक निगरानी कमेटी बनाई है। जिसमें शहर काजी, शिवशंकर पारीक, कृष्ण मुरारी सर्राफ, कैलाश माली, अब्दुल मलिक खत्री, सिकंदर रंगरेज, मुंशी खां सहित संगठन के अध्यक्ष मुंशी गौरी, जाकीर रंगरेज, मकबूल, लुकमान रंगरेज व अन्य लोग शामिल हैं। हालांकि जरूरतमंदों के लिए आर्थिक सहयोग करने वाले दानदाताओं ने अपना नाम सार्वजनिक नहीं करने की शर्त रखी है। जरूरतमंदों का नाम जोड़ने के लिए सूचना मिलने पर टीम सदस्य उस परिवार की अार्थिक हालत देख उनका नाम सूची में शामिल करते हैं।