• Hindi News
  • Rajasthan News
  • Eklera News
  • डीआईजी स्टांप को जांच में मिली गड़बड़ी, 4 साल के दस्तावेज जब्त
--Advertisement--

डीआईजी स्टांप को जांच में मिली गड़बड़ी, 4 साल के दस्तावेज जब्त

प्राथमिक जांच में डीआईजी ने माना धांधली हुई, स्टांप वेंडर का लाइसेंस निलंबित भास्कर न्यूज|अकलेरा ...

Dainik Bhaskar

Feb 09, 2018, 03:00 AM IST
डीआईजी स्टांप को जांच में मिली गड़बड़ी, 4 साल के दस्तावेज जब्त
प्राथमिक जांच में डीआईजी ने माना धांधली हुई, स्टांप वेंडर का लाइसेंस निलंबित

भास्कर न्यूज|अकलेरा

महाराष्ट्र के लोगों के नाम से जमीनों के सौदों के मामले में डीआईजी स्टांप की चार सदस्यीय टीम गुरुवार को अकलेरा तहसील पहुंची। इस दौरान वहां टीम को प्रारंभिक जांच में ही कई गड़बड़ियां मिलीं।

स्टांप वेंडर का लाइसेंस अग्रिम आदेशों तक निलंबित कर दिया गया है। जांच में स्टांप के सीरियल नंबरों में गलती मिली, कई स्टांपों में तो स्टांप वेंडर के साइन तक नहीं मिले और न ही सीरियल नंबर लिखे हुए हैं। इन गड़बड़ियों के चलते अकलेरा की स्टांप वेंडर शकुंतला शर्मा का स्टाम्प वेंडर लाइसेंस अग्रिम आदेशों तक निलंबित किया गया है। स्टांप राज एवं वितरण रजिस्टर जब्त किया गया है। प्रत्येक पावर ऑफ अटार्नी दलाल सुरेंद्र सिंह के ही नाम से दर्ज है। इसमें सुरेंद्र सिंह के हर स्टांप पर अलग-अलग साइन मिले। टीम ने पंजीयन से संबंधित वर्ष 2014 से 2018 तक के सभी दस्तावेज एकत्रित किए। यह वहीं दस्तावेज हैं जिनमें यहां के किसानों की रजिस्ट्रियां महाराष्ट्र के लोगों के नाम पर हो रही है। इन दस्तावेज की अब कोटा में विस्तृत जांच होगी। इस जांच में देखा जाएगा कि स्टांप ड्यूटी पूरी लगी है या नहीं, कहां-कहां सरकार को राजस्व का नुकसान हुआ है। पंजीयन डीआई अशोक कुमार ने बताया कि महाराष्ट्र के लोगों के नाम रजिस्ट्रियां हुई हैं। उसमें मुख्तार आम के नाम से जो स्टाम्प खरीदा गया है। जांच में ही कई गड़बड़ियां सामने आ चुकी हैं।

भास्कर मुद्दा

भास्कर मुद्दा

भास्कर मुद्दा

5 फरवरी को प्रकाशित खबर


जांच में हर स्टांप पर एक ही दलाल के अलग-अलग हस्ताक्षर





अब बिंदुवार होगी विस्तृत जांच

महाराष्ट्र के लोगों के नाम रजिस्ट्रियां करवाने के मामले में अब बिंदुवार विस्तृत जांच होगी। डीआईजी के अनुसार इन तमाम पंजीयनों में कई प्रकार की अनियमितताएं सामने आ रही हैं। एक ही आदमी के पावर आॅफ अटार्नी के जरिए चलने वाला जमीन का यह गोरखधंधा जोधपुर का व्यक्ति किस प्रकार कर रहा था, इसकी भी जांच होगी। जांच में दस्तावेजों में कमी, मुद्रांक में हुए पंजीयन की भी जांच की जा रही है। साथ ही रजिस्ट्री के जरिये मुख्तार आम स्टाम्प वेंडर तथा नोटेरी को चेक कर रहे हैं। पावर आॅफ अटार्नी मुद्रांक पंजीयन है उनके मुताबिक कार्यवाही की जाएगी। डीएलसी दरों की भी जांच शामिल है।

भास्कर ने प्रमुखता से उठाया इस मुद्दे को

महाराष्ट्र के लोगों के नाम पर ग्रामीणों की रजिस्ट्रियां करवाने के मामले में भास्कर ने ही प्रमुखता से इसके समाचार प्रकाशित किए। इसी का नतीजा है कि प्रशासन ने भी इसको गंभीरता से लिया है। अब जाकर प्रशासनिक, डीआईजी स्टांप और पुलिस के स्तर पर कार्रवाई होना शुरू हो पाई है।

कलेक्टर ने बुलाया था जांच के लिए

रजिस्ट्री को लेकर भास्कर में प्रकाशित हुए समाचारों के बाद कलेक्टर ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए डीआईजी स्टांप को पत्र लिखकर जांच के निर्देश दिए थे। इसी को लेकर अब जाकर जांच शुरू हो पाई है।


X
डीआईजी स्टांप को जांच में मिली गड़बड़ी, 4 साल के दस्तावेज जब्त
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..