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कलाल समाज के सामूहिक विवाह समारोह में पांच जोड़े बने जीवनसाथी

भास्कर संवाददाता| बांसवाड़ा/चिड़ियावासा वेगड़ा कलाल समाज का 26वां सामूहिक विवाह समारोह पांचलवासा गांव में समाज की...

Bhaskar News Network | Last Modified - Feb 10, 2018, 03:00 AM IST

कलाल समाज के सामूहिक विवाह समारोह में पांच जोड़े बने जीवनसाथी
भास्कर संवाददाता| बांसवाड़ा/चिड़ियावासा

वेगड़ा कलाल समाज का 26वां सामूहिक विवाह समारोह पांचलवासा गांव में समाज की जमीन पर संपन्न हुआ। इसके माध्यम से समाज की ओर से विवाह के आयोजन फिजूलखर्ची नहीं कर सामूहिक रूप से कम खर्च में विवाह समारोह आयोजित करने का संदेश दिया। जिसमें पांच जोड़ों ने जीवनसाथी बनना स्वीकार किया।

समाज के प्रवक्ता सोहनलाल कलाल ने बताया कि पांचलवासा में समाज की जमीन पर पहली बार सामूहिक विवाह कार्यक्रम आयोजित किया गया। विवाह समारोह के तहत पांचलवासा स्कूल मैदान से पांचों दूल्हों और दुल्हनों का बिनौला गाजे-बाजों के साथ निकाला गया। बिनौले का जगह-जगह स्वागत किया गया। समारोहस्थल पहुंचने पर मंडप सजाकर विवाह की रस्म पूरी की गई। बाद में दुल्हनों को परिवारजनों ने विदा किया। इस दौरान सामूहिक विवाह कमेटी के अध्यक्ष लालचंद कलाल, पार्षद सुरेश कलाल, संरक्षक बद्रीलाल कलाल, जिलाध्यक्ष हीरालाल कलाल, संरक्षक कमल कलाल, सेवालाल कलाल, हरिलाल, शंकरलाल, महामंत्री शंभुलाल कलाल, न्याय समिति के अध्यक्ष सुखलाल कलाल, संगठन मंत्री रतनलाल, सोहनलाल, उपाध्यक्ष गणेशलाल, कांतिलाल, ब्लॉक घाटोल अध्यक्ष हीरालाल, खेमराज, रमेशचंद्र, सूरजमल, प्रभुलाल, बंसीलाल, पन्नालाल, कांतिलाल, प्रभुलाल, किशनलाल, धनपाल, कन्हैयालाल, भगवती कलाल ने सहयोग दिया। समाज के महामंत्री शंभुलाल कलाल ने बताया कि वेगड़ा कलाल समाज में एकल विवाह समारोह आयोजित करना वर्जित है और समाज हर बार सामूहिक विवाह समारोह के माध्यम से ही जोड़ों के विवाह करवाता है।

शहर के करीब पांचलवासा गांव में शुक्रवार को आयोजित सामूहिक विवाह समारोह में वेगड़ा कलाल समाज के पांच जोड़ों का बिनौला निकाला गया, इसके बाद समारोहस्थल पर एक साथ खड़े वर वधु और समाजजन।

भास्कर संवाददाता| बांसवाड़ा/चिड़ियावासा

वेगड़ा कलाल समाज का 26वां सामूहिक विवाह समारोह पांचलवासा गांव में समाज की जमीन पर संपन्न हुआ। इसके माध्यम से समाज की ओर से विवाह के आयोजन फिजूलखर्ची नहीं कर सामूहिक रूप से कम खर्च में विवाह समारोह आयोजित करने का संदेश दिया। जिसमें पांच जोड़ों ने जीवनसाथी बनना स्वीकार किया।

समाज के प्रवक्ता सोहनलाल कलाल ने बताया कि पांचलवासा में समाज की जमीन पर पहली बार सामूहिक विवाह कार्यक्रम आयोजित किया गया। विवाह समारोह के तहत पांचलवासा स्कूल मैदान से पांचों दूल्हों और दुल्हनों का बिनौला गाजे-बाजों के साथ निकाला गया। बिनौले का जगह-जगह स्वागत किया गया। समारोहस्थल पहुंचने पर मंडप सजाकर विवाह की रस्म पूरी की गई। बाद में दुल्हनों को परिवारजनों ने विदा किया। इस दौरान सामूहिक विवाह कमेटी के अध्यक्ष लालचंद कलाल, पार्षद सुरेश कलाल, संरक्षक बद्रीलाल कलाल, जिलाध्यक्ष हीरालाल कलाल, संरक्षक कमल कलाल, सेवालाल कलाल, हरिलाल, शंकरलाल, महामंत्री शंभुलाल कलाल, न्याय समिति के अध्यक्ष सुखलाल कलाल, संगठन मंत्री रतनलाल, सोहनलाल, उपाध्यक्ष गणेशलाल, कांतिलाल, ब्लॉक घाटोल अध्यक्ष हीरालाल, खेमराज, रमेशचंद्र, सूरजमल, प्रभुलाल, बंसीलाल, पन्नालाल, कांतिलाल, प्रभुलाल, किशनलाल, धनपाल, कन्हैयालाल, भगवती कलाल ने सहयोग दिया। समाज के महामंत्री शंभुलाल कलाल ने बताया कि वेगड़ा कलाल समाज में एकल विवाह समारोह आयोजित करना वर्जित है और समाज हर बार सामूहिक विवाह समारोह के माध्यम से ही जोड़ों के विवाह करवाता है।

समारोह में सहयोग के लिए भामाशाह आगे आए

प्रवक्ता सोहनलाल कलाल ने बताया कि इस बार कम जोड़े होने पर भामाशाहाें ने ढाई लाख रुपए की राशन सामग्री दी। जिसके तहत जिलाध्यक्ष हीरालाल ने 51 हजार रुपए, कमल कलाल, सेवालाल कलाल, गणेश कलाल ने 11-11 हजार रुपए दिए। सेवानिवृत्त विकास अधिकारी हरिलाल कलाल द्वारा अब तक हुए सामूहिक विवाह कार्यक्रम के दौरान 456 जोड़ों को प्रति जोड़े 500 रुपए के हिसाब से कन्यादान के तहत राशि दे चुके हैं। साथ ही हरीश कलाल सेनावासा ने सभी जोड़ों को कंबल दिए और घाटोल के भगवतीलाल कलाल ने सभी वधुओं को साड़ी भेंट की।

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Web Title: कलाल समाज के सामूहिक विवाह समारोह में पांच जोड़े बने जीवनसाथी
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