• Hindi News
  • Rajasthan News
  • Ghatol News
  • हैंडपंप लगाने के प्रस्ताव में फर्जीवाड़ा, 40 ही जांचे तो 7 स्थानों पर पहले ही लगे हुए मिले हैंडपंप
--Advertisement--

हैंडपंप लगाने के प्रस्ताव में फर्जीवाड़ा, 40 ही जांचे तो 7 स्थानों पर पहले ही लगे हुए मिले हैंडपंप

बांसवाड़ा के जनप्रतिनिधियों की ओर से चुनावी सीजन में मतदाताओं को रिझाने के लिए धड़ल्ले से जारी की जा रही हैंडपंप...

Dainik Bhaskar

Mar 27, 2018, 04:40 AM IST
हैंडपंप लगाने के प्रस्ताव में फर्जीवाड़ा, 40 ही जांचे तो 7 स्थानों पर पहले ही लगे हुए मिले हैंडपंप
बांसवाड़ा के जनप्रतिनिधियों की ओर से चुनावी सीजन में मतदाताओं को रिझाने के लिए धड़ल्ले से जारी की जा रही हैंडपंप की स्वीकृतियां सवालों के घेरे में आ गई है।

जिला प्रशासन के पास ऐसे प्रस्ताव भी पहुंच रहे है जहां पर पहले से ही हैंडपंप लगे हुए और अब नए सिरे से उसी स्थान पर हैंडपंप लगाने के लिए प्रस्ताव भिजवा दिए गए हैं। इसका खुलासा घाटोल उपखंड क्षेत्र में हुआ है। यहां पर 246 हैंडपंप के लिए प्रस्ताव भेजे गए। प्रशासन ने रैंडमली 40 की जांच कराई तो सामने अाया है कि इनमें 7 स्थानों पर तो पहले से ही हैंडपंप लगे हुए हैं। इसे देखते हुए अब प्रशासन ने सभी प्रस्तावों की बड़े स्तर पर जांच करवाने का निर्णय लिया है। उल्लेखनीय है कि हैंडपंप स्वीकृति को लेकर पहले भी कई बार जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के बीच गरमागरमी हुई है। जिला परिषद की पिछली साधारण सभा में यह विवाद इतना गहराया था कि पंचायत राज्य मंत्री धनसिंह रावत को दखल देना पड़ा।

इस बार भी मार्च के पहले पखवाड़े में हैंडपंप के लिए 2808 प्रस्ताव आ चुके हैं। प्रशासन का आकलन है कि इसमें से बड़ी संख्या में ऐसे प्रस्ताव भी शामिल है जहां पर हैंडपंप लगे हुए हैं। हैंडपंप की स्वीकृति के प्रस्ताव में उस क्षेत्र के जनप्रतिनिधि की ही चलती है।

एक हैंडपंप पर 80 हजार रुपए का खर्चा

विभागीय जानकारी के अनुसार एक हैंडपंप लगाने पर करीब 80 हजार रुपए खर्च होता है। ऐसे में कई बार कमीशन के चक्कर में भी आनन-फानन में प्रस्ताव भिजवा दिए जाते हैं। ऐसे में सरकारी राशि का दुरुपयोग भी होता है। अगर पहले से ही हैंडपंप लगा हुआ और दूसरे की भी स्वीकृति मिल जाती है तो यह किसी खास के घर के पास ही लगता है।

पंचायत समितियां सवालों के घेरे में: इस जांच के बाद जिन सात स्थानों पर हैंडपंप लगे हुए, उसकी सूची फिर से भेजने पर संबंधित पंचायत समितियां जांच के दायरे में हैं। यह प्रस्ताव इस और भी स्पष्ट इशारा करते है कि इन पंचायत समितियों में कार्यरत सरकारी अधिकारी मौके पर जाने की बजाय मनमर्जी से काम कर रहे हैं।

सबसे अधिक प्रस्ताव संसदीय सचिव के क्षेत्र से

बांसवाड़ा उपखंड क्षेत्र में 125, घाटोल में 689, कुशलगढ़ 706, आनंदपुरी 653, बागीदौरा 630 और गढ़ी उपखंड क्षेत्र में 49 प्रस्ताव प्रशासन को भिजवाए गए हैं। इस पर प्रशासन ने सभी उपखंड अधिकारियों को उनके क्षेत्र के प्रस्तावों की सूची भेजकर हकीकत जांचने के लिए कहा है। इसमें वर्तमान स्थिति, जहां के लिए प्रस्ताव दिया गया है, उसके पास पूर्व में स्थापित हैंडपंप की दूरी की जानकारी मांगी गई है।

उपखंडों से आए प्रस्तावों की जांच करवा रहे हैं


X
हैंडपंप लगाने के प्रस्ताव में फर्जीवाड़ा, 40 ही जांचे तो 7 स्थानों पर पहले ही लगे हुए मिले हैंडपंप
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..