Hindi News »Rajasthan »Itawah» किसानों ने नहर के पानी की मांग को लेकर अयाना-इटावा सड़क पर किया चक्काजाम

किसानों ने नहर के पानी की मांग को लेकर अयाना-इटावा सड़क पर किया चक्काजाम

अयाना ब्रांच केनाल के टेल क्षेत्र में पर्याप्त जल प्रवाह की मांग को लेकर गुरुवार को किसानों ने इटावा सड़क मार्ग...

Bhaskar News Network | Last Modified - Feb 23, 2018, 02:45 AM IST

अयाना ब्रांच केनाल के टेल क्षेत्र में पर्याप्त जल प्रवाह की मांग को लेकर गुरुवार को किसानों ने इटावा सड़क मार्ग स्थित नहर पुलिया पर जाम लगाकर सीएडी प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया। मौके पर पहुंचे प्रशासनिक अधिकारियों की समझाइश के बाद करीब डेढ़ घंटे बाद किसानों ने जाम हटाया। इस मामले में 17 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया।

अयाना ब्रांच केनाल में पिछले एक पखवाड़े से अधिक समय से क्षमतानुरूप जलप्रवाह नहीं होने से टेल की अयाना डिस्ट्रीब्यूटरी में पानी नहीं पहुंच पा रहा। दर्जनभर गांवों के किसानों की गेंहूं की खड़ी फसलों में दूसरी सिंचाई भी नहीं हो पाई। सीएडी अधिकारियों को अवगत कराने बाद भी समस्या का समाधान नहीं होने से आक्रोशित किसानों ने साढ़े ग्यारह बजे सीएडी अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए बारां इटावा सड़क मार्ग पर बैठकर जाम लगा दिया। मार्ग के दोनों ओर वाहनों की कतारें लगना शुरू हो गई। मौके पर पहुंचे पीपल्दा तहसीलदार मोहन लाल परिहार, इटावा पुलिस उपाधीक्षक भोजराज सिंह व अयाना थानाप्रभारी बाबूलाल मीणा ने जाम हटाने की समझाइश की।

किसानों ने सीएडी अधिकारियों को मौके पर बुलाकर टेल पर त्वरित पानी पहुंचाने की बात कही। इस पर करीब घंटेभर इंतजार के बाद सीएडी खण्ड इटावा के अधिशाषी अभियन्ता देवराज शर्मा मांगरोल खण्ड के कार्यवाह अधिशाषी अभियन्ता डी पी सिंह, कनिष्ठ अभियन्ता गुलाब सैनी, भुवनेश वर्मा पहुंचे। यहां पर गणेश खेडा माइनर के अध्यक्ष प्रेम चन्द मीणा बाग माइनर के श्याम चौधरी तथा खेडली पीपल्दा माइनर के प्रहलाद सिंह के मध्य करीब आधे घंटे की चर्चा के बाद सिंचाई अधिकारियों द्वारा तीन दिनों के आश्वासन के बाद किसान सड़क मार्ग से हट गए। इस दौरान शांति व्यवस्था के लिए सुल्तानपुर थानाधिकारी देवेश भारद्वाज, इटावा थानाधिकारी संजय रायल, खातोली थानाधिकारी विष्णुसिंह बूढ़ादीत थानाधिकरी रामलक्ष्मण सिंह समेत पुलिस जाब्ता मौजूद रहा।

अयाना . कस्बे में मार्ग को जाम करते किसान।

इटावा क्षेत्र में नहरी पानी नहीं मिलने से सूखने लगी फसलें

इटावा । कोटा की दांयीं मुख्य नहर की इटावा ब्रांच केनाल में नहरी पानी की अव्यवस्था के चलते किसानों की पकी पकाई फसलें पानी के अभाव में खराब होने की स्थिति में पहुंच गई हैं। क्षेत्र में नहरों में पर्याप्त पानी नहीं चलने से हेड क्षेत्र के खेत सूखे पड़े हुए हैं। अभी तक टेल क्षेत्र में भी नहरी पानी नहीं पहुंचने से नहरें व माइनर सूखी पड़ी हुई हैं। बुवाई भी लेट हुई तथा गेहूं व अन्य फसलों को बचाने के लिए किसानों को महंगा डीजल जलाकर अपनी फसलों को बचाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। एक सप्ताह में मौसम में आए बदलाव के चलते तापमान बढ़ गया। हेड व टेल दोनों क्षेत्रों में फसलों में पानी की मांग बढ़ गई और पानी नहीं मिलने से फसलें सूखने लग गई। दिन का तापमान 30 डिग्री को पार कर गया। किसानों ने बताया कि सीएडी विभाग जहां किसानों को हेड व टेल के नाम पर बांटने में लगा है जबकि विभाग अभी तक नहरों में पर्याप्त प्रवाह से पानी नहीं चला पाया, जिससे हेड व टेल दोनों क्षेत्रों के किसान पानी के अभाव में अपनी फसलों को नहीं बचा पा रहे हैं। किसान केसरीलाल नागर ने बताया कि क्षेत्र में नहरी पानी इस बार शुरू से ही संचालन सुचारू नहीं हो पाने के कारण किसानों को काफी परेशानी हो रही है तथा खेतों में वाटर पंप में डीजल जलाकर पानी देने को मजबूर होना पड़ रहा है। ओमप्रकाश मीणा ने बताया कि नहर में पानी नहीं आने के कारण फसलें सूख रही हैं। धन्नालाल ने बताया कि गेंता डिस्ट्रीब्यूटरी में शेरगंज व नीमसरा माइनर में पानी नहीं होने के कारण फसलें सूख रही हैं। देवराज शर्मा, एक्सईएन, सीएडी इटावा ने बताया कि नहरों में रोटेशन प्रणाली से हेड व टेल में पानी का प्रवाह किया जा रहा है। 5 फरवरी से पानी का प्रवाह फतेहपुर से नीचे की नहरों में किया जा रहा है। टेल क्षेत्र में पानी पहुंचाया जा रहा है। जल्द ही टेल क्षेत्र की नहरों में भी पानी पहुंचने के बाद हेड क्षेत्र की नहरों में भी प्रवाह शुरू कर दिया जाएगा।

इटावा . टेल क्षेत्र में सूखी पड़ी नहर।

दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए News in Hindi, Breaking News सबसे पहले दैनिक भास्कर पर |

More From Itawah

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×