जयपुर

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मिथक तोड़ती फोटो- 4 बेटियां मिलकर करती हैं इस बाल ब्रह्मचारी हनुमान के मंदिर की पूजा

आज यही मंदिर अब यहीं की 4 बेटियों के नाम से जाना जाता है।

Danik Bhaskar

Apr 01, 2018, 05:37 AM IST
4 बेटियां मंदिर में पूजा करती हुई। 4 बेटियां मंदिर में पूजा करती हुई।

जयपुर. बरसों का मिथक तोड़ती यह तस्वीर छोटी काशी के पूर्व मुखी हनुमान मंदिर की है। माना जाता था कि महिलाएं बाल ब्रह्मचारी हनुमान की पूजा नहीं कर सकतीं और उनकी मूर्ति को छू भी नहीं सकतीं। वहीं, आज यही मंदिर अब यहीं की 4 बेटियों के नाम से जाना जाता है।

- जयपुर के सांगानेरी गेट पर राज परिवार की ओर से स्थापित किया गया यह मंदिर महिलाआें की बराबरी और भागीदारी की मिसाल बन चुका है।

- चार बेटियों प्रमिला, प्रतिभा, अनुसूइया और मनीषा को तमाम विरोध के बाद भी यह मुकाम दिलाने में उनके दादा गप्पू लाल शर्मा की अहम भूमिका रही।

‘महिलाओं के लाए प्रसाद ले सकते हैं तो महिलाओं को एंट्री से रोक क्यों?’

- इस बार हनुमान जयंती पर पूर्व मुखी हनुमान मंदिर में सेवा-पूजा का कार्य मनीषा के जिम्मे आया है।

- मनीषा का सवाल है कि हनुमान मंदिर में महिलाओं के लाए प्रसाद को जब पंडित उनसे लेकर प्रभु को अर्पित करते हैं तो महिलाओं को मंदिर में प्रवेश से कैसे रोका जा सकता है?

- उनका कहना है कि महिलाएं सृष्टि की रचयिता हैं, संस्कृति में भी उन्हें शक्ति का प्रतीक माना जाता है।

- सभी ग्रंथों में महिलाओं को विशेष दर्जा दिया गया है।

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