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चुनावी मंत्र / शाह ने कहा- राजस्थान, एमपी और छत्तीसगढ़ के चुनाव तय करेंगे लोकसभा चुनावों का ट्रेंड



बोले- मोदी ने माहौल बनाया, पर बूथ सक्रिय नहीं तो सब व्यर्थ

Danik Bhaskar | Sep 12, 2018, 07:23 AM IST

जयपुर.  भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह मंगलवार को जयपुर पहुंचे। यहां वे आने वाले विधानसभा चुनावों की तैयारियों का जायजा लेने आए। इस दौरान भी लोकसभा चुनावों को लेकर उनकी चिंता साफ नजर आई।
शाह ने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा, 2019 का चुनाव आने वाला है। इससे पहले राजस्थान, छत्तीसगढ़, एमपी में चुनाव होंगे और लोकसभा चुनावों का ट्रेंड इन 3 राज्यों के विधानसभा चुनावों से ही तय होगा।

 

ये भी संकेत दिए...हार्ड हिंदुत्व के एजेंडे पर लड़ेंगे चुनाव : शाह ने भाषण में बांग्लादेशी घुसपैठियों का मुद्दा उठाते हुए कहा, कांग्रेस कितना भी हल्ला मचा ले हम बांग्लादेशियों को खदेड़ेंगे। जब भी चुनाव होते हैं तो कभी अखलाक की बात आती है, कभी अवार्ड वापसी गैंग आ जाता है... प्रदेश में चुनाव आने वाले हैं फिर से कांग्रेस इन मुद्दों पर भ्रमित करेगी लेकिन ….अखलाक हुआ तब भी जीते थे, अवार्ड वापसी हुई तब भी...और कुछ करेंगे तब भी जीतेंगे।

 

शाह ने मोतीडूंगरी गणेशजी के दर्शन किए : शाह सुबह साढ़े 10 बजे एयरपोर्ट पहुंचे। यहां से मोतीडूंगरी गणेशजी के दर्शन के बाद सूरज मैदान पहुंचे। शक्ति सम्मेलन में जयपुर संभाग की 35 विधानसभाओं के कार्यकर्ता थे।

 

कार्यकर्ताओं को चुनावी मंत्र : प्रदेश में चुनावी चक्रव्यूह रचने मंगलवार को जयपुर आए भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने कार्यकर्ताओं में जोश भरा। सूरज मैदान में आयोजित जयपुर संभाग शक्ति सम्मेलन में बोले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जो वातावरण बनाया हैं उससे हमें बढ़त मिली है। लेकिन अगर बूथ का कार्यकर्ता सक्रिय नहीं होगा तो सब व्यर्थ है।

 

शाह ने मोदी को ही अगले चुनावों का चेहरा बताया। शाह ने कार्यकर्ताओं से कहा कि वे लोगों को बताएं कि हम मोदी के नेतृत्व में ही चुनाव लड़ेंगे। कांग्रेस पर सवाल दागा.. कहा मैं कांग्रेस से पूछना चाहता हूं, क्यों नहीं कहते हम किसके नेतृत्व में चुनाव लड़ रहे हैं। हमारा नेता तय है हम पूरे देश में हर चुनाव नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में ही लड़ते हैं। 

 

मनमोहन से कम विदेश गए मोदी :  शाह बोले... कांग्रेस आरोप लगाती है कि मनमोहनजी से मोदी जी कम विदेश गए। मुझे भी लगा कि मोदी ज्यादा विदेश गए होंगे। मुझे लगा आंकड़ा देखना चाहिए। पता चला कि मनमोहन विदेश जाते थे तो अंग्रेजी में टाइप किए हुए दो पन्ने लेकर पहुंच जाते थे। ना वहां किसी को मालूम होता था और ना यहां। जाते  थे तो कभी  मलेशिया का पन्ना सिंगापुर में पढ़कर चले आते थे। मोदी जहां जाते हैं तो हजारों लोग वहां मोदी-मोदी के नारे लगते हैं। 

 

चार सम्मेलनों में हुए शामिल : शक्ति सम्मेलन के बाद शाह बिड़ला सभागार में शहरी निकाय सम्मेलन में शामिल हुए। इसके बाद वे फिर से सूरज मैदान में सहकारी सम्मेलन में पहुंचे। यहां से बिड़ला सभागार में आयोजित प्रबुद्ध नागरिक सम्मेलन में शामिल हुए।

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