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पहली शादी की नहीं थी कोई एलबम, 84 की उम्र में 83 की दुल्हन से दुबारा कर रहे शादी

84 की उम्र में 83 की दुल्हन से दुबारा शादी, बारात देखने शहर ठिठका।

Danik Bhaskar | May 18, 2018, 06:19 PM IST

बीकानेर. 84 की उम्र में 83 की दुल्हन से दुबारा शादी, बारात देखने शहर ठिठका। 84 वर्षीय चेतन गहलोत ने प्रेम संबंधों की नई कहानी लिखी! बीकानेर के चेतन गहलोत (84) और कमला देवी ने (83) राजस्थान के इतिहास में प्रेम संबंधों की नई कहानी लिख दी। अपनी शादी की 75वीं सालगिरह पर गुरुवार को फिर से शादी करने वाले चेतन गहलोत की आचार्य चौक से निकल बेसिक कॉलेज के सामने चित्रा भवन पहुंची बारात को देखने के लिए शहर के रास्तों पर यातायात रुक गया और लोगों ने जगह-जगह स्वागत कर उनको फूलमालाओं के स्वागत के साथ शुभकामनाएं दी।

9 साल की उम्र में हुई थी शादी


- यह शादी प्रदेश की पहली री-मैरिज है, इससे पहले 75वीं सालगिरह पर फिर से शादी करने का इतिहास और इंटरनेट रिकॉर्ड में कोई साक्ष्य उपलब्ध नहीं है।
- आम तौर पर 80 की उम्र के बाद दोनों पति-पत्नी या तो स्वस्थ नहीं रहते या साथ नहीं रहते। शादी की सालगिरह ऐसे जोड़े भले ही धूमधाम से मना लेते होंगे लेकिन शादी की सारी रस्मों को फिर से साकार करने का उत्साह बिरला ही कोई दिखा पाता है।
- चेतन गहलोत ने यह दुबारा शादी इसलिए रचाई क्योंकि करीब नौ साल की उम्र में हुई उनकी शादी उन्हें याद नहीं थी।
- बच्चों और पोतों के शादी के एलबम देखते देखते खुद की शादी का एलबम बनाने की उनकी इच्छा जागृत हुई। बस यहीं से दुबारा शादी की कहानी लिखी गई।

प्री-वेडिंग से लेकर सात फेरों तक हुई सारे रस्में


- प्री-वेडिंग शादी, मेहंदी, भाई-भात और सात फेरे लेने की सारी रस्में दुबारा हुई। गुरुवार को जैसे ही चेतन गहलोत ने कमला देवी को वरमाला पहनाई वैसे ही शादी का प्रसिद्ध गीत – केसरियो लाडो जीवंतो रह रे चित्रा भवन में गूंज गया।
- चेतन गहलोत की बारात में उनसे बड़ी उम्र का कोई परिजन नहीं था क्योंकि सभी उनके छोटी उम्र के ही थे। इसलिए शादी के बाद उन्हें आशीर्वाद देने वालों की बजाय पैर छूकर आशीर्वाद लेने वालों की भीड़ ही थी।