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प्रेमी-प्रेमिका नहर में कूदे, सुसाइड नोट में लिखा मौत के लिए हम जिम्मेदार

प्रेमी-प्रेमिका नहर में कूदे, सुसाइड नोट में लिखा मौत के लिए हम जिम्मेदार

Danik Bhaskar | Jan 29, 2018, 11:18 AM IST
नहर पर पहुंची पुलिस। नहर पर पहुंची पुलिस।


संगरिया (हनुमानगढ़)। हनुमानगढ़ के संगरिया में सोमवार को एक प्रेमी युगल ने खुद को एक साथ रस्सी से बांध कर नहर में छलांग लगा दी। करीब 10 घंटे बाद दोनों के शव गोताखोरों ने नहर से निकाले। प्रेमी-प्रेमिका दोनों शादीशुदा थे। महिला दो छोटी बच्चियों की मां तो प्रेमी भी एक अबोध बच्ची का पिता था। दोनों की मौत से उनके घरों में मातम छाया गया है। दोनों की तलाश में तीन गोताखोर जुटे थे। जानिए और इस बारे में ....


- संगरिया के बोलावाड़ी गांव के रहने वाली सुलोचना (30) पत्नी सुभाष व भीमसेन उर्फ विजेंद्र जाट पुत्र बीरबल (25) जान देने के लिए नहर में कूद गए। दोनों एक बाइक से नहर तक पहुंचे। बाइक से एक कागज मिला है जिसमें दोनों ने लिखा है कि हमारी मौत के लिए कोई और जिम्मेदार नहीं है। हम खुद अपनी जान दे रहे हैँ। हम प्यार करते हैं।

ऐसे लगा पता
- सुलोचना का पति खेतों में सुबह पानी देने गया था। वह घर लौटा तो सुलोचना वहां नहीं थी। इस पर उसने घरवालों से पूछताछ की तो किसी को भी उसके बारे में कोई जानकारी नहीं थी। घरवालों ने तलाश शुरू की। खेतों से होते हुए सुलाचेना का जेठ सादुलपुर ब्रांच (नहर) किनारे तक पहुंच गया। वहां एक बाइक खड़ी थी। बाइक पर एक चुन्नी रखी थी। शक होने पर बाइक देखी तो उसमें दो मोबाइल थे। इसके अलावा एक रुमाल व कुछ खुल्ले पैसे भी थे। बाइक के बैग में भीमसेन का लिखा एक लैटर भी मिला। लैटर में लिखा है, मैं और सुलाेचना एक दूसरे से प्यार करते हैं। हम जान दे रहे हैं इसके लिए किसी को दोषी नहीं माना जाए। जेठ ने फोन कर घरवालों को वहां बुला लिया। थोड़ी देर में वहां ग्रामीण आ जुटे।

- सूचना पर सीआई मोहर सिंह व डीएसपी देवानंद वहां पहुंचे।

दुधमुंही बच्ची को छोड़ गई मां
- सुलोचना और सुभाष के दो बच्चियां हैँ। एक बच्ची छह माह की तो दूसरी पांच साल की है। सुलोचना के जाने के बाद दोनों बच्चियां अपनी मां को तलाश रही हैं। वे मां की याद आने पर रोने लगती हैं।

भीमसेन भी है नन्हीं बेटी का पिता
- भीमसेन भी लक्ष्मी नाम की एक बेटी का पिता था। लक्ष्मी डेढ़ साल की है।। भीमसेन खेती करता था।

बाइक किसी और की है

- जिस बाइक से दोनों नहर पर पहुंचे वह भीमसेन के खेत के मालिक पूरण सिंह की है। पूरण ने पुलिस को बताया कि भीमसेन ने रविवार को उससे दो हजार रुपए उधार मांगे थे। उसने बाइक भी मांगी थी। पूरण ने बाइक देने से इनकार कर दिया तो वह सोमवार सुबह चार बजे बिना बताए बाइक ले गया।

एक मोबाइकल सुलोचना का

- बाइक में जो दो मोबाइल मिले हैं उनमें से एक सुलोचना का है। हालांकि घर में इसकी किसी को भी जानकारी नहीं थी। सुलोचना को यह मोबाइल भीमसेन ने दिया था और दोनों गुप-चुप बात करते थे।

20 फीट गहरी है नहर

- नहर 20 फीट गहरी है। पुलिस ने दोनों की तलाश के लिए तीन गोताखोर बुलाए जिन्होंने दोनों की तलाश की तथा शव नहर से निकाले।

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फोटो : सतीश गर्ग