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शेर का पंजा डेढ़ लाख में महाराष्ट्र से खरीदा था, जयपुर में बेचने आया तस्कर गिरफ्तार

चांदी के गहने और विदेशी सिक्के जब्त , कर्जा चुकाने के लिए करता था तस्करी

Danik Bhaskar | Jul 02, 2018, 04:13 AM IST
चांदी के गहने और विदेशी सिक्के जब्त , कर्जा चुकाने के लिए करता था तस्करी चांदी के गहने और विदेशी सिक्के जब्त , कर्जा चुकाने के लिए करता था तस्करी

जयपुर. शेर के पंजे और नाखूनों को बेचने जयपुर आए तस्कर को माणक चौक पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। आरोपी अजीत गोखरु दुनी टोंक का है। अजीत के पास से शेर का पंजा, नाखून, 232 चांदी के नकली सिक्के, चांदी के एंटिक ताश के 54 पत्ते, दो-पांच-दस और बीस के विशेष नोटों की 77 गड्डियां, विदेशी करेंसी, 1499 नग तांबे के सिक्के, 2057 भारतीय और विदेशी सिक्के एवं 6 किलो चांदी जैसी धातु के गहने और बोलेरो जब्त की है। उसने पंजे और नाखून महाराष्ट्र से एक व्यक्ति से खरीदे थे।

डीसीपी सत्येन्द्र सिंह ने बताया वन्य जीवों के अंगों की तस्करी की शिकायतें थीं। एसएचओ चेनाराम के साथ एसआई नरेन्द्र सिंह, एएसआई हरिओम, अशोक सिंह के साथ पुलिसकर्मियों की टीम बनाई गई। सूचना पर टीम ने अजीत को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी से पूछताछ की तो पूरे मामले का खुलासा हो गया।

आरोपी का टोंक में है आढ़त का कारोबार

आरोपी अजीत ने बताया महाराष्ट्र के एक बदमाश से पंजा डेढ़ लाख में और 20 हजार रुपए में एक के हिसाब से 15 नाखून खरीदे थे। एएसआई हरिओम ने बताया 2004 में कर्नाटक के वन्य जीव तस्कर ईपी सिंह को जौहरी बाजार से पकड़ा था। अजीत का दूनी (टोंक) में आढ़त का कार्य है। कर्ज होने से वह तस्करी करने लगा था। चांदी के गहने भी ऊंचे भाव में यहां बेचता था। महाराष्ट्र वाले व्यक्ति तक पहुंचने की तैयारी जयपुर पुलिस कर रही है।

पॉलिश किए चांदी के गहनों को एंटीक बताकर बेचता था

आरोपी सिक्कों पर पॉलिश करके लाता था और चांदी के बताकर उंचे भावों में बेचता था, बाकी सिक्का गिलीट का है। इन सिक्कों को अमरीकी डॉलर की असली चांदी के सिक्के का होना बताता था। बरामद किए गए नोट भी विशेष सीरीज के हैं।

आरोपी का टोंक में है आढ़त का कारोबार आरोपी का टोंक में है आढ़त का कारोबार