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राजस्थान / कल आपका वोट तय करेगा अगले 5 साल, हमारा नेता कैसा हो; सोच-विचार कर लें फैसला



your vote will decide for next 5 years
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  • कांग्रेस-भाजपा के 17 दिग्गजों की 38 सभाएं, जनता को लुभाने के लिए 955 मिनट दिए भाषण
  • मेडिकल एक्सपर्ट्स के मुताबिक, 7% वोटर्स पर भाषणों का असर, लहर में बह जाते हैं

Dainik Bhaskar

Dec 05, 2018, 11:53 PM IST

जयपुर. 15वीं राजस्थान विधानसभा के लिए 7 दिसंबर को मतदान होगा। मतदान के 39 घंटे पहले बुधवार शाम पांच बजे प्रदेश में चुनावी शोर थम गया। अब मतदाताओं के पास सोच-विचार कर पांच साल के लिए अपनी सरकार चुनने का मौका है। पिछले 16 दिनों में दोनों ही दलों के दिग्गजों ने चुनावी फिज़ां अपने पक्ष में करने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ी। इस समयावधि में कांग्रेस व भाजपा के 17 दिग्गजों ने 38 जनसभाएं की। इन 380 घंटों में दोनों दलों के स्टार प्रचारकों ने करीब 955 मिनट भाषण दिए।

 

कांग्रेस-भाजपा के 17 दिग्गजों की 38 सभाएं

टिकट फाइनल होने के बाद भाजपा व कांग्रेस के 17 दिग्गज नेताओं ने 19 विधानसभा क्षेत्रों में आमसभाएं की। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विद्याधर नगर स्टेडियम में करीब 55 मिनट भाषण दिया। कांग्रेस व भाजपा के नेता अपनी पार्टी के पक्ष में माहौल बनाने के  लिए करीब 955 मिनट बोले।

 

भाजपा : 9 दिग्गज नेता (प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह, मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे, उत्तरप्रदेश मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, केंद्रीय मंत्री राजनाथ सिंह, स्मृति ईरानी, शहनवाज हुसैन, प्रदेशाध्यक्ष मदनलाल सैनी, यूपी उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य) : 18 सभाएं की : 425 मिनट भाषण 

 

कांग्रेस : 8 दिग्गज नेता (पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, प्रदेशाध्यक्ष सचिन पायलट, अभिनेता व कांग्रेस नेता राजबब्बर, पूर्व किक्रेटर व कांग्रेसी नेता नवजोत सिंह सिद्धू, उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत, कांग्रेस नेता अहमद पटेल व गुलाब नबी आजाद, कुमारी शैलजा) : 20 सभा : 530 मिनट 

 

7% वोटर्स पर भाषणों का असर, लहर में बह जाते हैं

मेडिकल एक्सपर्ट्स के मुताबिक, राजनीतिक पार्टियां अपने स्टार प्रचारकों को चुनावी मैदान में इसलिए झोंकती हैं, क्योंकि 7% मतदाता लच्छेदार भाषणों से प्रभावित हो जाते हैं। भाषण हमारे दिमाग के टेम्पोरल व फ्रंटल लोब पर असर डालता है। स्टार प्रचारकों का भाषण, रैली, रोड-शो, भावुकता से भरी बातें, शालीनता के बोल मतदाताओं के दिमाग में सकारात्मक और नकारात्मक भाव लाते हैं। डॉक्टरों की मानें तो कई लोग लच्छेदार भाषण सुनने के 24-36 घंटे बाद अपने विवेक से निर्णय लेने लगते हैं।

 

Assembly Election 2018

 

आचार संहिता उल्लंघन की 633 शिकायतें, 614 का निस्तारण 
जयपुर में विधानसभा चुनाव लड़ रहे प्रत्याशियों के खिलाफ जिला निर्वाचन विभाग को बुधवार तक कुल 633 शिकायतें मिली। इसमें सबसे अधिक शिकायतें सी-विजल एप के माध्यम से प्राप्त हुई हैं। जबकि सबसे कम शिकायतें फोन के माध्यम से जिला निर्वाचन के नियंत्रण कक्ष में दर्ज की गई हैं। हालांकि इनमें से 614 शिकायतों को निर्वाचन विभाग ने निस्तारण किया है और दोषी पाए जाने पर कार्रवाई भी की गई है। जबकि पिछले चुनाव में फोन व लिखित में करीब 230 शिकायतें प्राप्त हुई।  
 

सी विजल एप के माध्यम से 380 शिकायतें मिली
जिला निर्वाचन के नियंत्रण कक्ष के प्रभारी अधिकारी कनिष्क सैनी के मुताबिक निर्वाचन विभाग एवं आम जन से लिखित में कुल 156 शिकायतें प्राप्त हुई, जिसमें से 148 का त्वरित निस्तारण कर दिया गया। शेष 8 शिकायतें लंबित हैं, जिनकी जांच की जा रही है। इसी तरह पहली बार बनाए गए सी विजल एप के माध्यम से 380 शिकायतें मिली, जिनमें से 375 शिकायतों का जांच के बाद निस्तारण कर दिया गया।

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