रक्तदान के लिए 3 साल पहले बनाया वाट्स एप ग्रुप, साढ़े 5 हजार मरीजों को दे चुके हैं जीवनदान

Jalore News - जालोर. लाल बूंद द्वारा आयोजित शिविर में रक्तदान करते युवा। फाईल | फोटो। 42 रक्तदान शिविरों से 5 हजार 286 यूनिट...

Bhaskar News Network

Jun 14, 2019, 07:30 AM IST
Bhinmal News - rajasthan news wats aap group created three years ago for donating blood has given five thousand patients life
जालोर. लाल बूंद द्वारा आयोजित शिविर में रक्तदान करते युवा। फाईल | फोटो।

42 रक्तदान शिविरों से 5 हजार 286 यूनिट रक्तदान ब्लड बैंकों में करवाया जमा

भास्कर न्यूज. जालोर

राज्य के कई जिलों में जब कभी भी आपातकाल में खून की आवश्यकता होती है, तो केवल लाल बूंद जीवनदाता सेवा समिति की याद आती है। यह समिति पिछले तीन सालों से आवश्यकता होने पर मरीजों को खून उपलब्ध करवाकर मरीजों को नई जिंदगी दे रही है। समिति अब तक प्रदेशभर में पिछले तीन सालों में 5563 से अधिक जरूरतमंदों को खून उपलब्ध करवा चुकी है। ऐसे में अब किसी भी जरूरतमंद को आवश्यकता होने पर इस समिति की याद आती है, तब समिति के सदस्य एक फोन पर पहुंचकर जरूरतमंद को खून उपलब्ध करवा रहे हंै। तीन साल पहले भीनमाल के सेवड़ी निवासी संजय विश्नोई ने वाट्सएप पर ग्रुप बनाकर शुरूआत की थी, जिसके बाद धीरे- धीरे वाट्सएप पर लोग जुड़ते हुए उसके बाद अब समिति को पंजीकृत करवाकर यह कार्य किया जा रहा है।

35 वाट्सएप गु्रप, 8 हजार सदस्यों ने जुडक़र 5563 मरीजों की बचाई जान : लाल बूंद जीवनदाता सेवा समिति प्रदेशभर में संचालित हो रही है। प्रदेश के किसी भी जिले में रक्त की उपलब्ध होने पर इस समिति का सदस्य पहुंचकर रक्तदान करता है। खून की आवश्यकता होने की सूचना मिलते ही समिति के संचालक वाट्सएप ग्रुप में सूचना देते है, उस सूचना को पढ़ते ही ग्रुप सदस्य खून उपलब्ध करने अस्पताल में पहुंच जाते है। वाट्सएप पर इस समिति की ओर से 35 वाट्सएप ग्रुपों का संचालन किया जा रहा है, जिसमें 8 हजार से अधिक सदस्य जुड़ चुके है। इन सदस्यों की ओर से अब तक 5 हजार 563 मरीजों की जान बचाई जा चुकी है।

42 रक्तदान शिविरों का कर चुके हैं आयोजन : जरूरतमंद को खून की आवश्यकता होने पर फोन पर रक्त उपलब्ध करवाने वाली समिति ब्लड बैंकों में खून की कमी होने पर भी रक्तदान शिविर का भी आयोजन करवाती है। ऐसे में इस समिति तीन साल में 42 रक्तदान शिविरों को आयोजन करवाकर 5286 यूनिट ब्लड को बैंकों में संग्रहित किया जा चुका है।

दोस्त की बहन को खून की जरूरत पड़ने पर लाख कोशिश के बाद मिला, फिर ग्रुप बनाकर शुरू किया रक्तदान अभियान

भीनमाल के सेवड़ी निवासी संजय विश्नोई के दोस्त जगदीश विश्नोई की बहन को प्रसव के दौरान खून की आवश्यकता पड़ गई। काफी मेहनत की, तब जाकर बड़ी मुश्किल से खून उपलब्ध हो सका। उसी दिन 3 अप्रैल 2016 को संजय विश्नोई ने जरूरतमंदों को रक्त उपलब्ध करवाने को लेकर वाट्सएप पर लाल बूंद जीवन रक्षक के नाम से वाट्स एप ग्रुप बनाया। ग्रुप में युवाओं को जागरूक करते हुए लोगों को जोड़ते रहे। अब लाल बूंद जीवनदाता समिति को पंजीयन करवाकर रक्त उपलब्ध करवा रहे है। इस समिति से अब तक 8 हजार लोग जूड़ चुके है।

समिति संचालक संजय विश्नोई रक्तदान करते हुए।

यह टीम मिलकर अब कर रही है समिति का संचालन

वाट्सएप पर खून की आवश्यकता होते हुए समिति के संचालक सदस्यों रक्तदाता को अस्पताल में भेजते है। वाट्सएप पर बने ग्रुपों का संजय विश्नोई के साथ कुछ युवाओं मिलकर संचालन कर रहे है। इसका संचालन सांचौर के डावल निवासी लाडूराम पंवार, मीरपुरा निवासी सुरेश कांवा, अशोक कुमार, विष्णु संचालन कर रहे है।

रक्त की जरूरत पूरा करना हमारा मकसद

समिति के संचालक व प्रदेशाध्यक्ष संजय विश्नोई ने बताया कि किसी की जान को बचाने को लेकर जिले भर में जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं आपात स्थिति में रक्त की जरूरत को पूरा करना समिति का मकसद है। राज्य के कही जिलों में ब्लड बैंक नहीं होने पर आए दिन रक्त के जरूरतमंदों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। कई बार समय पर रक्त नहीं मिलने पर मरीज की जान चली जाती हैं ऐसे में मानव धर्म निभाने एवं अनमोल जिंदगी को बचाने के लिए समूह बनाकर जरूरतमंदों की सहायता करते हैं जिससे दिल को सुकून मिलता है।

समिति से जुड़े ऐसे कही रक्तदाता जो 50 बार से अधिक कर चुके है रक्तदान

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