• Hindi News
  • Rajasthan
  • Jodhpur
  • बीमा पॉलिसी में अपवर्जित बीमारी से बीमार होने पर दावा खारिज नहीं कर सकती कंपनी: हाईकोर्ट
विज्ञापन

बीमा पॉलिसी में अपवर्जित बीमारी से बीमार होने पर दावा खारिज नहीं कर सकती कंपनी: हाईकोर्ट

Dainik Bhaskar

Aug 12, 2018, 04:45 AM IST

News - ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी की याचिका खारिज लीगल रिपोर्टर. जोधपुर| राजस्थान हाईकोर्ट ने ओरिएंटल इंश्योरेंस...

बीमा पॉलिसी में अपवर्जित बीमारी से बीमार होने पर दावा खारिज नहीं कर सकती कंपनी: हाईकोर्ट
  • comment
ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी की याचिका खारिज

लीगल रिपोर्टर. जोधपुर| राजस्थान हाईकोर्ट ने ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी की याचिका को खारिज करते हुए यह व्यवस्था दी, कि सोच-समझकर बनाई हुई मेडिक्लेम बीमा पॉलिसी में हुए दावे को बीमा कंपनी इस आधार पर खारिज नहीं कर सकती कि यह बीमारी बीमा पॉलिसी में अपवर्जित बीमारी से हुई है।

बीमा कंपनी ने स्थाई लोक अदालत, जोधपुर के गत 4 जनवरी के बीमाधारक के पक्ष में हुए फैसले को चुनौती देते हुए कहा कि नरेंद्र मेहता को उच्च रक्तचाप की वजह से हृदय रोग होने से बीमा पॉलिसी प्रारंभ होने के 6 माह के भीतर ही बाइपास सर्जरी करवानी पड़ी। बीमा पॉलिसी में 2 साल की समय सीमा तक उच्च रक्तचाप बीमारी अपवर्जित होने के बावजूद स्थाई लोक अदालत ने बीमा कंपनी को दावा राशि 3 लाख 6 हजार 500 रुपए मय ब्याज व हर्जाना अदा करने का जो आदेश दिया है, उसे अपास्त घोषित कर याचिका मंजूर की जाए। बीमाधारक की ओर से अधिवक्ता अनिल भंडारी ने कहा कि बीमा पॉलिसी में सिर्फ उच्च रक्तचाप पर इलाज में हुए व्यय का दावा देय नहीं होगा, यही अंकित है, जबकि वर्तमान दावा व्यय बाइपास सर्जरी का ही है, सो याचिका खारिज की जाए।

हाईकोर्ट के न्यायाधीश संदीप मेहता ने याचिका खारिज करते हुए कहा कि बीमा कंपनी द्वारा सोच-विचारकर बनाई हुई मेडिक्लेम बीमा पॉलिसी में हृदय रोग पर की जाने वाली सर्जरी को अपवर्जित नहीं किया गया है, बल्कि उच्च रक्तचाप के इलाज पर हुए व्यय को ही 2 साल के वास्ते देय योग्य नहीं माना है।

X
बीमा पॉलिसी में अपवर्जित बीमारी से बीमार होने पर दावा खारिज नहीं कर सकती कंपनी: हाईकोर्ट
COMMENT
Astrology

Recommended

Click to listen..
विज्ञापन
विज्ञापन