सभी विभाग मिलकर कार्य करेंगे तो बच्चों का होगा विकास: बेनीवाल
राजस्थान राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग व जिला बाल संरक्षण इकाई के तत्वावधान में बाल संरक्षण व हमारी भूमिका और बाल संवाद कार्यक्रम (चुप्पी तोड़ो हमसे कहो) विषय पर कार्यशाला शनिवार को पाल बाइपास स्थित एक निजी रेस्टोरेंट में हुई। इसका उद्घाटन राजस्थान राज्य बाल संरक्षण आयोग अध्यक्ष संगीता बेनीवाल, पुलिस आयुक्त प्रफुल्ल कुमार, एडीएम सिटी सीमा कविया, राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण सचिव देवकुमार खत्री, राज्य बाल संरक्षण आयोग सदस्य डॉ. शैलेंद्र पंड्या व डॉ. विजेंद्र सिंह ने किया। उद्घाटन सत्र में डॉ. अनुराग सिंह ने कोरोना वायरस के संक्रमण से बचाव के उपाय बताए। उन्होंने कार्यशाला में विभिन्न विभागों के कर्मचारियों, अधिकारियों व बालक-बालिकाओं को कोरोना के बारे में भयभीत नहीं होने की सलाह देते हुए सुरक्षा रखने सहित बचाव के बारे में बताया। एडीएम कविया ने कहा कि बच्चे के मन की बात सुनकर उनकी जिज्ञासाओं को पूरा करें। बेनीवाल ने कहा कि आयोग व सभी विभाग मिलकर बच्चों से संबंधित ऐसा कार्य करें, जिससे बच्चों के लिए कुछ बेहतरीन कार्य हो सकें। उन्होंने आयोग के गठन के बाद हुए कार्यों की जानकारी दी।
राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव खत्री ने प्राधिकरण की ओर से चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं के बारे में बताया। पुलिस आयुक्त प्रफुल्ल कुमार ने कहा कि वर्तमान में किशोर बालक-बालिकाएं मोबाइल व इंटरनेट का अत्यधिक उपयोग करते हैं। इंटरनेट के माध्यम से भी क्राइम बढ़ा है। उन्होंने बच्चों को कहा कि इंटरनेट का प्रयोग सदुपयोग के लिए करें। बाल संरक्षण आयोग सदस्य डॉ. पंड्या ने 1098, गुड टच बैड टच, पॉक्सो एक्ट के बारे में विस्तृत जानकारी दी। लवीना राठौड़ व डॉ. दीपल सोलंकी ने बाल संवाद सत्र में बच्चों की लघु फिल्मों के माध्यम से बच्चों की सुरक्षा, समस्या एवं बाल श्रम के बारे में जानकारी दी। कार्यक्रम में उपनिदेशक सामाजिक न्याय अधिकारिता विभाग के उपनिदेशक अनिल व्यास, राजकीय किशोर गृह अधीक्षक मनमीत कौर, बालिका गृह अधीक्षक रेखा शेखावत, बाल कल्याण समिति अध्यक्ष, डॉ. धनपत गुर्जर, विक्रम सरगरा, शशि वैष्णव, सुनीला छापर, लक्ष्मण परिहार, जय भाटी व बबिता शर्मा उपस्थित थे। बाल अधिकारिता विभाग के सहायक निदेशक डॉ. बीएल सारस्वत ने धन्यवाद ज्ञापित किया।
वक्ताओं ने कोरोना से भयभीत नहीं होने की सलाह देते हुए बचाव के बारे में बताया।