अबीर-गुलाल के बादलों से हुई स्नेह-सौहार्द्र की बरसात
खुशियों के संदेश और स्नेह की सरिता ने होली का उल्लास बढ़ा दिया। दो दिवसीय आयोजन में सारा शहर शरीक हुआ। पहले दिन हाेलिका दहन के जगह-जगह आयोजन हुए। धुलंडी पर आसमां में अबीर-गुलाल-रंगों के बादल छा गए और जमीन पर सौहार्द्र की बरसात हो गई।
यहां भी हुए आयोजन
{विश्व हिंदू परिषद सरदारपुरा प्रखंड और कुंभेश्वर युवा शक्ति संगठन की ओर से सरदारपुरा के खड़िया बास महादेव मंदिर में गोपाल फागोत्सव मनाया गया। दीपक पाराशर ने बताया कि भक्तों ने श्याम संग फूलों की होली खेली। इस दौरान जय जांगिड़, पवन, रवि, हितेश, विजय सहित क्षेत्रवासियों ने सहयोग किया।
{सिंधु सेना महानगर के सदस्यों ने एक दूसरे को तिरंगे के रंग में रंगा। सेना के प्रदेशाध्यक्ष संजय चंदिरमानी, राजकुमार परमानी, ललित पारवानी, राहुल चंदिरमानी, योगेश डी. चंगुलानी सहित सभी सदस्यों ने भारत माता की जय और वंदेमातरम के नारे लगाए।
{अनुबंध वृद्धजन कुटीर की संचालक अनुराधा आडवानी की उपस्थिति में वृद्वजनों ने होली मनाई। इस मौके पर कई खेल खेले गए। पुराने गीतों पर डांस किया। कार्यक्रम में मुकेश, मनोज, अमित, चिराग, कृष्णा आदि मौजूद थे।
{संपर्क बाल विकास केंद्र गंगाणी के बच्चों ने सोमित्र बैनर्जी के नेतृत्व में कोरोना वायरस के प्रति सजगता रैली निकाली। रैली में एक दूसरे पर गुलाल लगाकर होली की बधाई दी।
{राजस्थान मेडिकल कॉलेज टीचर्स एसोसिएशन की ओर से डॉक्टरों ने होली मनाई। गार्ड जुम्मे खां और नूर खां ने चंग बजाए और होलिका सजाई। कार्यक्रम में एसो. अध्यक्ष डॉ. अरुण वैश्य, डॉ. प्रदीप शर्मा, मेडिकल कॉलेज प्राचार्य डॉ. एसएस राठौड़, अतिरिक्त प्राचार्य प्रथम डॉ. यूडी शर्मा, अतिरिक्त प्राचार्य तृतीय डॉ. राकेश करणावत, ट्रोमा इंचार्ज डॉ. विकास राजपुरोहित, डॉ. दीपक वर्मा, डॉ. शरद थानवी आदि उत्सव में शरीक हुए।
{श्री चारभुजाजी मंदिर से श्री क्षत्रिय मेवाड़ा कुमावत समाज ने गेर निकाली। समाज के अध्यक्ष दौलतराम खटौड़ की अगुवाई में गेर निकली गई। गजेंद्र अनावड़िया ने बताया कि इस अवसर पर सूखी होली खेलकर स्वास्थ्य व स्वच्छता का भी ध्यान रखा गया। विनोद देवतवाल, रतनसिंह, राजेश, जितेंद्र निमिवाल, जयराज गमेरिया, सुनील गमेरिया, प्रवीण सहित समाजबंधु शामिल हुए।
{इस्कॉन मंदिर में राधा-गोविंद मंदिर में चैतन्य महाप्रभु का आविर्भाव दिवस, गौर पूर्णिमा का उत्सव मनाया। मंदिर अध्यक्ष सुंदरलाल प्रभु ने बताया कि भगवान का दूध, दही, घी, शहद, फलों के रस से अभिषेक किया। चैतन्य महाप्रभु की लीला पर नाटक भी पेश किया।
शेखावत ने कार्यकर्ताआें और मित्रों के साथ खेली गुलाल से होली
केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्रसिंह शेखावत ने युवाओं और ग्रामीणों के साथ ढोल व चंग की थाप पर होली खेली। मंगलवार रात वे दिल्ली लौट गए। शेखावत सोमवार सुबह लूणी विधानसभा क्षेत्र के सर-सरेचा गांव पहुंचे। उन्होंने सुभद्रा माताजी मंदिर में दर्शन किए। गांव के समीप सर तालाब पहुंचने पर शेखावत का स्वागत हुआ। महिलाओं ने गीत गाए और ढोल-थाली बजाकर शेखावत व उनके साथ पूर्व विधायक जोगाराम पटेल का पुष्पवर्षा कर स्वागत किया। शेखावत रामधाम खेड़ापा में चल रही कथा में शामिल हुए और संतों से आशीर्वाद लिया। लोग धुलंडी पर रामा-शामा करने शेखावत के अजीत काॅलोनी स्थित निवास पर पहुंचे। शेखावत ने अपने परिवार व मित्रों के संग होली खेली। उन्होंने लोगों से गले मिलकर मुलाकात की और मिठाई खिलाकर होली की बधाई दी। शेखावत रावजी की गेर में पहुंचे। उन्होंने मंडोर उद्यान के मुख्यद्वार के पास पहुंचकर रावजी की गेर का स्वागत किया।
रंग-रंगीलो फाग}
फाग के लीड सिंगर नरेश बोहरा ने ऊंचो सगीजी थोरो मालियो रे...., चम-चम चमके चांदनी, तारों छाई रात...,नाथूराम सा वाली कैड करी रै, भ्योयण म्हारी जबरी करी रे.. सहित कई श्लील गायन प्रस्तुत किया।
मोहन बेली फाग } नवचौकिया, भीमजी की हथाई और जालप मोहल्ला में लीड सिंगर मोहन बेली और ललित मत्तड़ ने गायन किया। झूठा ही नाज करै भ्योयण नखराली अब तो बता दे... थे जद तिपड़ै चढनैं आया, किनकै-किनकै पेच लडाया...चार खूणों री बावड़ी, भरी झबोला खाय... सौ-सौ हाथी डूबजा, पिणिहारी खाली जाय...,बंद दरवाजा आसन गोल बिछावे.., थे एडा ब्यूटीफुुल, थे हो डिलाइटफुल, थे म्हारा हार्टफुल. सगीजी थोरो गणको कमाल है, सगीजी थोरो मुखड़ों कमाल है... म्हनै सीएए चईजे...और कोरोना वायरस के गीतों का शहरवासियों ने जमकर आनंद उठाया।
घोड़ों का चौक में होलिका एवं प्रहलाद की प्रतीकात्मक होली बनाकर दहन किया गया। इस दौरान प्रहलाद को आग से बाहर निकाला। ढोल थाली पर महिलाओं ने जमकर डांस किया।
परंपरा श्लील गायन की }थे एडा ब्यूटीफुुल, थे हो डिलाइटफुल, थे म्हारा हार्टफुल सगीजी
नरसिंह कच्छवाह उद्यान नरसिंह विहार में 500 सूखे नारियल, 60 किलो गोटे और 21 किलो हवन सामग्री और 2 किलो कर्पूर और गुग्गल से होलिका दहन किया गया। हवा में फैले वायरस का असर कम हो और पर्यावरण शुद्ध रहे इसके लिए आयोजन किया गया।
मंडोर में पिछले 625 साल से परंपरागत रूप से रावजी की गेर निकाली जा रही है। इस बार भी खोखरिया और मंडावता बेरा से गेर की शुरुआत पूजा अर्चना से हुई। गेर भियाली बेरा, गोपी का बेरा, बड़ा बेरा, आमली बेरा होते हुए फतेहबाग बेरा मंदिर पहुंची। युवा राजेंद्र गहलोत उर्फ राजू पुत्र रामेश्वर गहलोत का चयन उसे राव राजा बनाया गया। राव राजा को रंग में रंग कर, रंगीन पोशाकों में हाथ में मूसल, पांव में घुंघुरू, गले में माला, सिर पर रंगीन साफा पहनाकर तैयार किया गया। भोग लगाकर रावजी की गेर निकाली गई। इस दौरान फूलबाग, नागौरी बेरा, मंडोर बेरा, पदाला बेरा आदि की गेरें भी जुड़ती गई। 8 बेरों की करीब 30 हजार से ज्यादा की गेरियों की टोली खुला फाग गाते हुए मंडोर उद्यान स्थित नाग गंगा राव कुंड पर पहुंचीं। केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्रसिंह शेखावत भी शामिल हुए।
पुलिस लाइन में उड़ी गुलाल }पुलिस अधिकारियों ने खेली होली
चैनपुरा से भव्य गेर निकली। यह लालसागर होते हुए बालाजी मंदिर पहुंची। यहां संत रामप्रसाद महाराज ने आशीर्वाद दिया। यहां रंग और तिलक लगाकर स्वागत किया गया। गेर चैनपुरा के अध्यक्ष ब्रह्मसिंह चौहान ने सभी का आभार जताया।
पुलिस लाइन में अधिकारियों और कर्मचारियों ने भी खूब होली खेली।