निशुल्क दवा वितरण केंद्र पर एकमात्र फाॅर्मासिस्ट, मरीजों की उमड़ रही हैं भीड़
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र शेरगढ़ में मौसम के बदलाव के साथ इन दिनों मरीजों की भीड़ उमड़ रही हैं। शेरगढ़ अस्पताल में नियमित रूप से 250 से 300 मरीज अस्पताल पहुंच रहे हैं, जिन्हें निशुल्क दवा वितरण केंद्र पर दवाइयां वितरण करने के लिए एकमात्र फॉर्मासिस्ट ही कार्यरत हैं। अस्पताल में 8 डॉक्टरों के पद सृजित हैं, इनमें से मात्र दो ही कार्यरत हैं। लेकिन भीड़ होने के बावजूद मरीजों के स्वास्थ्य की जांच मात्र एक ही डॉक्टर करते हैं। वही महिला डॉक्टर व एएनएम के अभाव में खासतौर से प्रसव आदि के मामलों में महिलाओं को परेशानी का सामना करना पड़ रहा हैं। शेरगढ़ अस्पताल में मेल नर्स की भी कमी है। शेरगढ़ मेगा हाइवे से जुड़ा होने से दुर्घटनाओं के मामले में अति संवेदनशील है। यहां आपातकालीन उपचार की कोई सुविधा नहीं है। इस स्थिति में आमतौर पर घायलों व गंभीर रोगियों को 100 किमी दूर जोधपुर रेफर कर दिया जाता है। इस स्थिति में कई बार वे बीच रास्ते ही दम तोड़ देते हैं।
अस्पताल में मेल नर्स की भी कमी है। शेरगढ़ मेगा हाइवे से जुड़ा होने से दुर्घटनाओं के मामले में अति संवेदनशील है। यहां आपातकालीन उपचार की कोई सुविधा नहीं है। इस स्थिति में आमतौर पर घायलों व गंभीर रोगियों को 100 किमी दूर जोधपुर रेफर कर दिया जाता है। इस स्थिति में कई बार वे बीच रास्ते ही दम तोड़ देते हैं।