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बैल जोड़ी में सुरेश व ऊंट प्रतियोगिता में ओमप्रकाश प्रथम

जिला मुख्यालय पर मेला गेट बाहर मेला ग्राउंड पर शिवरात्रि पशु मेले का उद्घाटन कलेक्टर अभिमन्यु कुमार ने बुधवार को...

Danik Bhaskar | Feb 01, 2018, 01:20 PM IST
जिला मुख्यालय पर मेला गेट बाहर मेला ग्राउंड पर शिवरात्रि पशु मेले का उद्घाटन कलेक्टर अभिमन्यु कुमार ने बुधवार को पूजा अर्चना के साथ ध्वजारोहण कर किया।

कलेक्टर अभिमन्यु कुमार ने बताया कि पशुधन आजीविका एक अच्छा माध्यम है, जिसको अपनाकर पशुपालक अपने आर्थिक स्तर का विकास कर सकते हैं। इस प्रकार के मेलों के आयोजन से एक ही स्थान पर उन्नत नस्ल के पशुधन मिलते हैं, वहीं पशुपालकों को एक दूसरे को जानने के साथ आपसी भाईचारा भी बढ़ता है। कलेक्टर ने कहा कि मेले के दौरान पशुपालक पशुओं का भामाशाह पशु बीमा योजना के तहत बीमा कराएं, जिससे पशुपालक आर्थिक रूप से सुदृढ़ हो सकें। उन्होंने कहा कि कृषि विभाग द्वारा संचालित योजनाओं का भी पशुपालक ज्यादा से ज्यादा लाभ उठाएं। उन्होंने पशुपालकों व व्यापारियों के स्वास्थ्य जांच के लिए मेडिकल दल नियुक्त करने, पेयजल, विद्युत एवं सफाई व्यवस्था करने को कहा। किसी भी पशुपालक को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो इसका ध्यान रखा जाए।

वहीं जिला परिषद सदस्य डॉ. सौम्या गुर्जर ने कहा कि पशुपालक उन्नत नस्ल के पशुओं को ही पालें, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत हो सके। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए अतिरिक्त निदेशक पशुपालन सुशील कुमार रस्तोगी ने कहा कि शिवरात्रि पशु मेला राजस्थान के 10 पशु मेलों में से एक है, इसमें प्रदेश के साथ -साथ उत्तरप्रदेश, मध्यप्रदेश व हरियाणा राज्यों के भी पशुपालक एवं व्यापारी भाग लेते हैं। उन्होंने कहा कि पशुपालन विभाग हमेशा पशुपालकों के हित को ध्यान में रखते हुए मेले में व्यवस्थाएं करता है, ताकि किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।

मेला प्रभारी संयुक्त निदेशक पशुपालन बी.एल.मीना ने मेला प्रतिवेदन प्रस्तुत करते हुए बताया कि यह मेला राज्य स्तर पर आयोजित होने वाले दस मेलों में महत्वपूर्ण स्थान रखता है। इस ऐतिहासिक मेले का आयोजन पशुपालन विभाग द्वारा 1964 से आयोजित किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि गत वर्ष मेले में 44 हजार 210 रुपए की आय हुई। उन्होंने बताया कि इस वर्ष मेले में 2 हजार 968 पशु आ चुके है इस अवसर पर एसडीएम रामअवतार कुमावत, तहसीलदार गोपाल लाल मीना, उप पुलिस अधीक्षक हनुमान सिंह कविया, थानाधिकारी देवेन्द्र जाखड़, रामेश्वर प्रजापत, सुमित भट्ट, प्रशांत सारस्वत, रमाकांत शर्मा सहित अधिकारी व बड़ी संख्या में पशुपालक उपस्थित रहे। पशु प्रतियोगिताओं की कड़ी में शिवरात्रि पशु मेले में गुरुवार को दोपहर 12:00 बजे भैंस प्रतियोगिता का आयोजन किया जाएगा।

लगाई प्रदर्शनी

राज्य स्तरीय शिवरात्रि पशु मेले में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी करौली की ओर से सात दिवसीय प्रदर्शनी का आयोजन शिवकुमार शर्मा जिला आईईसी कॉर्डिनेटर द्वारा किया गया। आरसीएचओ डाॅ.श्रीफूल मीना ने बताया कि मेले में आए हुए पशुपालकों को रोग उपचार के लिए लगाई गई चिकित्सा टीम ने डाॅ.सतीश मीना के निर्देशन में अपनी सेवाएं देना शुरू कर दिया है।

करौली. पूजा कर मेले का उद‌्घाटन करते कलेक्टर अभिमन्यु एवं जिला परिषद सदस्य डॉ. सौम्या गुर्जर। (दाएं) शिवरात्रि पशु मेले में बैल जोड़ी प्रतियोगिता में शामिल लोग।

करौली जिले के पशुओं ने मारी बाजी

मेला अधिकारी डॉक्टर बी एल मीणा ने बताया कि मेले में बुधवार को बैल जोड़ी प्रतियोगिता में 9 प्रतियोगियों ने भाग लिया। जिसमें प्रथम पुरस्कार करौली तहसील के बरखेड़ा ग्राम के सुरेश सैनी ने प्राप्त किया। इसी प्रकार ऊंट प्रतियोगिता में प्रथम विजेता करौली तहसील के गुनेसरी निवासी ओमप्रकाश चतुर्वेदी रहे निर्णायक कमेटी में पशुपालन विभाग सवाई माधोपुर के संयुक्त निदेशक डॉक्टर बी.एल. गुप्ता धौलपुर के उप निदेशक डॉ. पी.के.अग्रवाल एवं भरतपुर से आए वरिष्ठ पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. प्रेम कुमार कक्कड़ शामिल रहे। प्रगतिशील पशुपालक की श्रेणी में यादव वाटी गौशाला के अध्यक्ष श्री मुन्ना सिंह निर्णायक कमेटी में शामिल रहे। प्रतियोगिता का संचालन ललित शर्मा व राजेश शर्मा ने किया।